इंदौर की रंगपंचमी

Anjali Dwivedi

Mar 9, 2026

77 साल पुरानी परंपरा

इंदौर की पहचान बन चुकी यह पारंपरिक गेर करीब सात दशकों से लगातार निकाली जा रही है। इस बार भी विभिन्न प्रतिष्ठित संस्थाओं ने अपने-अपने बैनर तले भव्य गेर निकालकर इस ऐतिहासिक विरासत को जीवंत किया।

Credit: The Sootr

नगर निगम की टैंक गेर

इस साल (2026) इंदौर नगर निगम की टैंक गेर विशेष आकर्षण का केंद्र रही। इसपर ऑपरेशन सिंदूर लिखा गया था। यह गेर राजवाड़ा से शुरू होकर सीतलामाता बाजार होते हुए अपने निर्धारित मार्ग से गुजरी।

Credit: The Sootr

देशभक्ति की झलक

इंदौर की गेर में आस्था के रंग भी देखने को मिले। यहां हिंद रक्षक संगठन की यात्रा में महाकाल मंदिर की प्रतिकृति दिखाई दी। वहीं संगम कॉर्नर की गेर में भगवान शिव की जटाओं से गंगा अवतरण का मनमोहक दृश्य प्रस्तुत किया गया।

Credit: The Sootr

रंगों की मूसलाधार बारिश

दोपहर तक शहर की सड़कों पर टैंकरों और विशेष मशीनों से लाल, गुलाबी और नीले रंगों की बौछार की गई। रंगों की इस बारिश ने न केवल सड़कों को बल्कि पूरे आसमान को भी सतरंगी बना दिया।

Credit: The Sootr

छतों से गेर देखने के खास इंतजाम

स्मार्ट सिटी कंपनी ने दर्शकों के लिए गौराकुंड के पास ऊंची इमारतों की छतों पर बैठने की विशेष व्यवस्था की। यहां तिरपाल, पानी और अन्य सुविधाओं के साथ सुरक्षित तरीके से गेर देखने का आनंद दिया गया।

Credit: The Sootr

एनआरआई का उत्साह

इंदौर की रंगपंचमी गेर देखने के लिए सीटों की बुकिंग बुक माय शो के जरिए की गई थी। इसकी 150 में से अधिकांश सीटें बुक हो चुकी थीं। पिछले साल की तरह इस बार भी कई एनआरआई खास तौर पर इस नजारे को देखने इंदौर पहुंचे।

Credit: The Sootr

Thanks For Reading!

Next: भगोरिया महोत्सव में उमड़ा आस्था और उल्लास का सैलाब, जानें क्यों खास है ये पर्व