DA Hike 2026: दिवाली से पहले मिल सकती है खुशखबरी, केंद्रीय कैबिनेट से 3% महंगाई भत्ते को मिल सकती है मंजूरी
21 अक्टूबर की बैठक में हो सकता है फैसला
केंद्रीय कैबिनेट की साप्ताहिक बैठक बुधवार, 21 अक्टूबर को होनी है। इसी बैठक में डीए बढ़ोतरी पर फैसला होने की उम्मीद जताई जा रही है। कर्मचारियों को इस बार जुलाई से लागू होने वाले डीए का इंतजार है। इस घोषणा में देरी होने से कर्मचारी संगठनों की चिंता बढ़ी है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ऑल इंडिया एनपीएस एम्प्लॉइज फेडरेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. मंजीत सिंह पटेल ने भी इस मुद्दे पर अपनी बात रखी है। उनके मुताबिक, डीए की घोषणा में पहले ही काफी देरी हो चुकी है। इसलिए आगामी कैबिनेट बैठक में फैसला होने की उम्मीद है।
ऑल इंडिया डिफेंस एम्प्लॉइज फेडरेशन के सचिव सी. श्रीकुमार ने भी ऐसी ही उम्मीद जताई है। हालांकि, अंतिम फैसला सरकार की ओर से ही लिया जाएगा। इसलिए कर्मचारियों को आधिकारिक घोषणा का इंतजार करना होगा।
कर्मचारी संगठनों ने उठाई डीए घोषित करने की मांग
डीए की घोषणा में देरी को लेकर कर्मचारी संगठनों ने भी आवाज उठाई है। कंफेडरेशन ऑफ सेंट्रल गवर्नमेंट इम्प्लॉइज एंड वर्कर्स ने 16 अक्टूबर को प्रदर्शन किया था। यह प्रदर्शन अलग-अलग कार्यस्थलों पर लंच के समय आयोजित किया गया था।
संगठन ने कैबिनेट सचिव को पत्र लिखकर अपनी मांग रखी थी। इसमें 1 जुलाई से लागू होने वाले डीए और डीआर की घोषणा मांगी गई थी। साथ ही, कर्मचारियों के बोनस का फैसला जल्द करने की मांग भी उठाई गई थी।
सरकार ने हाल ही में रेलवे कर्मचारियों के बोनस की घोषणा की थी। इसमें पीएलबी यानी परफॉर्मेंस-लिंक्ड बोनस और नॉन-पीएलबी बोनस शामिल हैं। हालांकि, महंगाई भत्ते को लेकर फैसला सामने नहीं आया है। ऐसे में अब कर्मचारियों की नजर कैबिनेट बैठक पर टिकी है।
कितना बढ़ सकता है महंगाई भत्ता?
फिलहाल केंद्रीय कर्मचारियों को मूल वेतन पर 60% डीए मिल रहा है। इस बार इसमें 3% बढ़ोतरी का अनुमान लगाया जा रहा है। अगर सरकार इस प्रस्ताव को मंजूरी देती है, तो डीए 63% हो जाएगा।
महंगाई भत्ते का मकसद बढ़ती कीमतों के असर को कम करना है। इसकी गणना महंगाई से जुड़े आंकड़ों के आधार पर की जाती है। हालांकि, संभावित बढ़ोतरी का अनुमान अंतिम फैसला नहीं है। सरकार की आधिकारिक घोषणा के बाद ही नई दर तय होगी।
महंगाई राहत यानी डीआर भी पेंशनर्स के लिए अहम है। डीआर में बढ़ोतरी से पेंशन पाने वालों को आर्थिक राहत मिल सकती है। इसलिए कर्मचारी और पेंशनर्स, दोनों ही घोषणा का इंतजार कर रहे हैं।
3% डीए बढ़ने पर कितनी बढ़ेगी सैलरी?
डीए बढ़ने का सीधा असर कर्मचारियों की सैलरी पर पड़ता है। इसे एक उदाहरण से समझ सकते हैं। मान लीजिए, किसी कर्मचारी का मूल वेतन 44 हजार 900 रुपए है। यह वेतन सातवें वेतन आयोग के लेवल-7 के बराबर है।
60% डीए के हिसाब से इस वेतन पर महंगाई भत्ता 26 हजार 940 रुपए बनता है। अगर डीए 63% हो जाता है, तो यह रकम 28 हजार 287 रुपए होगी। यानी हर महीने एक हजार 347 रुपए का अंतर आएगा।
इस हिसाब से मूल वेतन और डीए का कुल जोड़ 71 हजार 840 रुपए से बढ़कर 73 हजार 187 रुपए हो जाएगा। यह केवल मूल वेतन और डीए पर आधारित है। इसमें मकान किराया भत्ता और दूसरी कटौतियां शामिल नहीं हैं।
इसलिए वास्तविक टेक-होम सैलरी में बदलाव कर्मचारी की दूसरी वेतन मदों पर निर्भर करेगा। फिलहाल 3% बढ़ोतरी की संभावना जताई जा रही है। सरकार की मंजूरी के बाद ही कर्मचारियों को नई दर का लाभ मिलेगा। अब सभी की नजरें 21 अक्टूबर की कैबिनेट बैठक पर हैं।
FAQs
- केंद्रीय कैबिनेट की बैठक कब होगी और इसमें क्या निर्णय होने की उम्मीद है?
केंद्रीय कैबिनेट की बैठक 21 अक्टूबर को होगी, जिसमें महंगाई भत्ते (डीए) की बढ़ोतरी पर निर्णय होने की उम्मीद है। - डीए की बढ़ोतरी से कर्मचारियों की सैलरी पर क्या असर पड़ेगा?
यदि महंगाई भत्ता 3% बढ़ता है, तो कर्मचारियों की सैलरी में हर महीने लगभग 1,347 रुपए का अंतर आएगा। - कर्मचारी संगठनों ने डीए की घोषणा में देरी को लेकर क्या प्रतिक्रिया दी है?
कर्मचारी संगठनों ने डीए की घोषणा में देरी को लेकर चिंता जताई है और कैबिनेट सचिव को पत्र लिखकर इसकी जल्दी घोषणा करने की मांग की है।