गांधी जयंती पर तमिलनाडु के सीएम विजय ने महिलाओं को फ्री बस सेवा का दिया तोहफा, खुद कंडक्टर बन काटे टिकट
गांधी जयंती के खास मौके पर तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी जोसेफ विजय ने महिलाओं को एक बड़ा तोहफा दिया है। सरकार ने राज्य में महिलाओं और ट्रांसजेंडरों के लिए फ्री बस सेवा का दायरा बढ़ा दिया है। इस नई योजना का नाम वेत्री पयनम तोट्टम रखा गया है।
अब साधारण बसों के साथ-साथ एक्सप्रेस, डीलक्स और पहाड़ी इलाकों में चलने वाली सरकारी बसों में भी सफर बिल्कुल मुफ्त रहेगा। फ्री यात्रा के लिए कोई भी इनकम लिमिट तय नहीं की गई है।
साथ ही एक दिन में कोई राइड लिमिट भी नहीं रखी गई है, यानी महिलाएं कितनी भी बार फ्री सफर कर सकती हैं। सबसे खास बात यह रही कि योजना का शुभारंभ करते वक्त सीएम विजय खुद बस कंडक्टर के रोल में दिखे।
उन्होंने महिलाओं के खुद जीरो टिकट काटे, जिसके बदले छात्राओं ने उन्हें प्यार से चॉकलेट दी। यह कदम महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और सुरक्षा की दिशा में एक बड़ी पहल माना जा रहा है।
वेत्री पयनम योजना की नई शुरुआत
तमिलनाडु में महिलाओं के लिए फ्री बस यात्रा योजना का दायरा बढ़ा दिया गया है। अब इस योजना का नाम वेत्री पयनम तोट्टम रखा गया है। इस नाम का मतलब जीत का सफर होता है।
पहले यह सुविधा केवल साधारण सरकारी बसों तक सीमित थी। लेकिन अब इसका विस्तार एक्सप्रेस और डीलक्स बसों तक कर दिया गया है। पहाड़ी इलाकों में चलने वाली चुनिंदा बसों में भी यह सुविधा मिलेगी।
राज्य परिवहन निगम की कुल 12 हजार 695 बसों में यह सेवा लागू कर दी गई है। सरकार के इस फैसले से पूरे राज्य में खुशी का माहौल है।
84 लाख महिलाओं को मिलेगा फायदा
सरकार के इस कदम से रोजाना लगभग 84.32 लाख महिलाओं को सीधा फायदा होगा। अब महिलाओं को पढ़ाई या नौकरी पर जाने के लिए टिकट के पैसे नहीं देने होंगे। ट्रांसजेंडर समुदाय के लोगों को भी इस योजना में शामिल किया गया है।
इस योजना का लाभ लेने के लिए कोई भी आय सीमा तय नहीं की गई है। यानी अमीर हो या गरीब, हर महिला फ्री सफर का फायदा ले सकती है। इसके अलावा एक दिन में यात्रा करने की भी कोई सीमा नहीं रखी गई है। महिलाएं दिन में कितनी भी बार फ्री बस यात्रा कर सकती हैं।
सफर के खर्च से मिलेगी बड़ी राहत
राज्य के परिवहन मंत्री ने इस योजना के उद्देश्यों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि किराए का खर्च महिलाओं की प्रगति में रुकावट नहीं बनना चाहिए। पढ़ाई और नौकरी के लिए आने-जाने का खर्च अब शून्य हो जाएगा।
इससे महिलाओं का आर्थिक सशक्तिकरण तेजी से होगा। वे आत्मनिर्भर बनकर समाज में आगे बढ़ सकेंगी। ट्रांसजेंडर समुदाय के अधिकार और बराबरी के लिए भी यह कदम बहुत जरूरी था। सार्वजनिक परिवहन पर हर नागरिक का समान अधिकार होना चाहिए।
जीरो टिकट से होगा सुरक्षित सफरबस में सफर करने वाली महिलाओं को एक विशेष जीरो टिकट दिया जाता है। इस टिकट की कीमत शून्य रुपये होती है। यह टिकट यात्रा के रिकॉर्ड और सुरक्षा के लिहाज से बहुत जरूरी होता है।
छात्राओं ने बताया कि इस फैसले से उनके जेब खर्च की बचत होगी। कामकाजी महिलाओं का मासिक बजट भी अब काफी सुधर जाएगा। चेन्नई की सड़कों पर आज हर कोई सीएम विजय के इस अंदाज की तारीफ कर रहा है। सोशल मीडिया पर भी सीएम के टिकट काटने का वीडियो खूब वायरल हो रहा है।
- तमिलनाडु में महिलाओं के लिए मुफ्त बस सेवा का नाम क्या है?
तमिलनाडु में महिलाओं और ट्रांसजेंडरों के लिए मुफ्त बस सेवा का नाम 'वेत्रि पयनम तोट्टम' रखा गया है, जिसका मतलब 'जीत का सफर' है। - क्या इस मुफ्त बस सेवा का लाभ लेने के लिए आय सीमा तय की गई है?
नहीं, इस मुफ्त बस सेवा के लाभ के लिए कोई आय सीमा तय नहीं की गई है, यानी हर महिला, चाहे वह अमीर हो या गरीब, इसका लाभ उठा सकती है। - महिलाओं को मुफ्त सफर करने के लिए क्या करना होगा?
महिलाओं को बस में सफर करने के लिए एक विशेष जीरो टिकट लेना होगा, जिसकी कीमत शून्य रुपये होती है। यह टिकट यात्रा के रिकॉर्ड और सुरक्षा के लिए आवश्यक है।