CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन: दिल्ली पुलिस की तैयारी के आगे पस्त हुए कॉकरोच, किले में तब्दील राजधानी!
जमा नहीं हो सकते लोग
दिल्ली पुलिस तीन चार लोगों को भी साथ खड़े होने नहीं दे रही। द सूत्र जब दिल्ली की सड़कों पर निकला तब तस्वीरें और साफ हुईं। लोकल लोग जो अपनी दुकान खोलने जा रहे थे, उन्हें तक लौटा दिया गया। कोई बिहार से कोई उत्तरप्रदेश से तो कोई मध्य प्रदेश से CJP के आंदोलन में शामिल होने आया था। लेकिन पुलिस सीआरपीएफ और बीएसएफ के जवान किसी को जाने नहीं दे रहे। द सूत्र को ऐसे भी युवा मिले जो पेपर देने दिल्ली आए थे, लेकिन पेपर छोड़कर आंदोलन में शामिल होने आ गए।
मीडिया के लोगों को भी बैरीकेडिंग से आगे जाने की परमिशन नहीं है। द सूत्र ने जब पुलिस से कहा कि मीडिया को क्यों रोका जा रहा है। तब पुलिस ने कहा कि हमें ऊपर से ऑर्डर है, किसी को आगे नहीं जाने देना है।
रात से इंटरनेट बंद
दिल्ली में CJP के प्रोटेस्ट को देखते हुए 9 अक्टूबर से ही इंटरनेट बंद है। दावा है कि 10 अक्टूबर की रात दस बजे तक इंटरनेट पर पाबंदी है। नई दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन भी बंद हैं। नई दिल्ली आने वाली सारी ट्रेन खाली हैं। सभी को ओखला और दिल्ली से पहले ही खाली करवाया जा रहा है। मेट्रो स्टेशन भी बंद रखे गए हैं।
स्टेशन पर काम करने वाले कुली, ऑटो ड्राइवर, टैक्सी वाले भी परेशान दिखाई दिए। इनका कहना है कि पहले एक दिन में 800-1000 कमाते थे, आज एक रुपए की कमाई नहीं हुई है।
CJP वाले हिरासत में
जंतर मंतर पर प्रदर्शन को रोकने के लिए अभिजीत दीपके को फ्लाइट से ही हिरासत में ले लिया गया है। ध्रुव राठी को भी पुलिस ने उनके घर से हिरासत में लिया है। जंतर मंतर पहुंच रहे कॉकरोच जनता पार्टी के समर्थकों को तुरंत हटाया जा रहा है। दावा है अब तक एक हजार से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया गया है।
CJP समर्थक इसे तानाशाही और अघोषित आपातकाल बता रहे हैं। उनका कहना है कि क्या देश में शांतिपूर्ण प्रदर्शन भी अब नहीं किया जा सकता ?
क्यों हो रहा है ये प्रदर्शन
दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और विपक्षी दलों के विरोध प्रदर्शन का मुख्य कारण मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और SIR प्रक्रिया की जांच की मांग है। प्रदर्शनकारी चुनाव प्रक्रिया में कथित गड़बड़ियों की जांच चाहते हैं। कांग्रेस सहित अन्य विपक्षी दल भी इस मुद्दे पर विरोध जता रहे हैं।
वहीं, दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन के लिए अनुमति नहीं दी और सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए। इस दौरान सड़कों पर बैरिकेडिंग की गई और कई नेताओं व प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया।
FAQ
- दिल्ली में सीजेपी के प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने लोगों को क्यों रोका?
दिल्ली पुलिस ने सीजेपी के प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा कारणों से तीन चार लोगों को भी एक साथ खड़े होने की अनुमति नहीं दी, और स्थानीय लोगों को दुकान खोलने से लौटाया गया। - सीजेपी के प्रदर्शन का मुख्य कारण क्या है?
सीजेपी के प्रदर्शन का मुख्य कारण मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और चुनाव प्रक्रिया में कथित गड़बड़ियों की जांच की मांग है। - दिल्ली में इंटरनेट बंद होने का कारण और प्रभाव क्या है?
दिल्ली में इंटरनेट 9 अक्टूबर से बंद है, जो सीजेपी के विरोध को देखते हुए सुरक्षा के तहत किया गया है। इससे स्थानीय लोगों को मोबाइल डेटा सेवाओं का उपयोग करने में परेशानी हो रही है और व्यवसायों पर भी नकारात्मक प्रभाव पड़ा है।