ICAR का बड़ा खुलासा: देश के 310 जिलों की खेती पर मंडरा रहा खतरा, जानें क्यों

Manya Jain | Aug 03, 2026, 18:34 IST
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ICAR के अध्ययन में देश के 310 जिले कृषि पर जलवायु परिवर्तन के हाई रिस्क जोन में हैं। यूपी और राजस्थान सबसे ज्यादा प्रभावित होंगे। यह स्थिति देश की खाद्य सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा है।

भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद यानी आइसीएआर ने देश के 651 जिलों में कृषि पर जलवायु परिवर्तन के असर का आकलन किया है। इसमें 310 जिलों को हाई रिस्क जोन में रखा गया है। सबसे ज्यादा असर उत्तर प्रदेश और राजस्थान में देखने को मिलेगा। जलवायु परिवर्तन अब सिर्फ पर्यावरण का मुद्दा नहीं रह गया है। यह देश की खाद्य सुरक्षा के लिए भी बड़ा खतरा बनता जा रहा है।



ICAR की रिपोर्ट में क्या सामने आया

भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के आकलन के मुताबिक देश के 651 जिलों में कृषि पर जलवायु परिवर्तन के असर का मूल्यांकन किया गया है। इनमें से 310 जिले हाई रिस्क जोन में शामिल पाए गए हैं। यानी देश के करीब आधे जिलों में खेती पर जलवायु परिवर्तन का गंभीर खतरा है।



रिपोर्ट के मुताबिक बढ़ते तापमान, अनियमित बारिश और सूखे जैसी समस्याएं खेती को सीधे प्रभावित कर रही हैं। इससे फसल उत्पादन घटने और किसानों की आय पर असर पड़ने की आशंका है।



किन राज्यों में सबसे ज्यादा जिले खतरे में

रिपोर्ट में वेरी हाई रिस्क वाले जिलों की राज्यवार सूची भी दी गई है। उत्तर प्रदेश में सबसे ज्यादा 22 जिले वेरी हाई रिस्क जोन में हैं। इसके बाद राजस्थान में 17 जिले इस श्रेणी में शामिल हैं।



ICAR REPORT ON CLIMATE CHANGE


बिहार में 10, केरल में 8, उत्तराखंड में 7, ओडिशा में 6 और पंजाब में 5 जिले वेरी हाई रिस्क जोन में हैं। इसके अलावा पश्चिम बंगाल, कर्नाटक, हरियाणा, गुजरात, मिजोरम, असम और हिमाचल प्रदेश को मिलाकर कुल 34 जिले इस सूची में शामिल हैं।



यूपी और राजस्थान पर सबसे ज्यादा असर

रिपोर्ट के अनुसार उत्तर प्रदेश और राजस्थान में जलवायु परिवर्तन का असर सबसे ज्यादा देखने को मिलेगा। दोनों राज्यों में बड़ी आबादी खेती पर निर्भर है। ऐसे में तापमान बढ़ने और बारिश के पैटर्न बदलने से इन राज्यों की खेती पर सीधा असर पड़ सकता है। इससे किसानों की आजीविका और राज्य की खाद्य आपूर्ति दोनों प्रभावित हो सकते हैं।



खाद्य सुरक्षा के लिए क्यों है चिंता का विषय

विशेषज्ञों का मानना है कि जलवायु परिवर्तन अब सिर्फ पर्यावरण से जुड़ा मसला नहीं रहा। यह सीधे तौर पर देश की खाद्य सुरक्षा को प्रभावित कर सकता है। अगर आधे से ज्यादा जिलों में खेती पर खतरा बना रहा तो इससे अनाज उत्पादन घट सकता है। इसका असर आम लोगों की थाली और महंगाई दोनों पर पड़ सकता है।





FAQ

  1. आइसीएआर की रिपोर्ट में क्या बताया गया है?
    आइसीएआर ने देश के 651 जिलों में कृषि पर जलवायु परिवर्तन के असर का आकलन किया है। इनमें से 310 जिलों को हाई रिस्क जोन में रखा गया है। यह देश के करीब आधे जिलों के बराबर है।
  2. किस राज्य में सबसे ज्यादा जिले खतरे में हैं?
    उत्तर प्रदेश में सबसे ज्यादा 22 जिले वेरी हाई रिस्क जोन में हैं। इसके बाद राजस्थान में 17 जिले इस सूची में शामिल हैं। बिहार में 10 जिले तीसरे स्थान पर हैं।
  3. जलवायु परिवर्तन का खेती पर क्या असर होगा?
    बढ़ता तापमान और अनियमित बारिश फसल उत्पादन को घटा सकते हैं। इससे किसानों की आय पर असर पड़ सकता है। साथ ही देश की खाद्य सुरक्षा भी प्रभावित हो सकती है।

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