PM मोदी ने तोड़ा नेहरू का रिकॉर्ड, बने सबसे ज्यादा समय तक रहने वाले प्रधानमंत्री
समझें क्या है पूरा मामला
- पीएम मोदी 10 जून 2026 को 4 हजार 399 दिन पीएम पद पर पूरे करेंगे।
- पीएम मोदी नेहरू के 4 हजार 398 दिन के रिकॉर्ड को तोड़ेंगे।
- यह उपलब्धि हासिल करने वाले वे पहले गैर-कांग्रेसी पीएम होंगे।
- लगातार कार्यकाल के मामले में मोदी अब देश के सबसे लंबे पीएम बनेंगे।
- यह मील का पत्थर भारतीय राजनीति में ऐतिहासिक रिकॉर्ड माना जाएगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पंडित जवाहरलाल नेहरू का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। अब वो देश के सबसे लंबे समय तक पीएम रहने वाले नेता बन गए हैं। उन्होंने 26 मई 2014 को पहली बार पीएम पद की शपथ ली थी। आज 9 जून 2026 तक उनके 4 हजार 398 दिन पूरे हो गए हैं। रविवार 9 जून 2024 को तीसरे कार्यकाल की शपथ लेने के बाद अब उनके सत्ता में 12 साल भी पूरे हो गए हैं।
मोदी का पूरा राजनीतिक सफर
पीएम मोदी पहली बार 26 मई 2014 को प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी। इसके बाद 2019 में दूसरी बार और 9 जून 2024 को तीसरे कार्यकाल के लिए शपथ ली। इस प्रकार से वे नेहरू के बाद लगातार तीन बार पीएम बनने वाले पहले नेता बने।
मोदी ने अक्टूबर 2001 से मई 2014 तक गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में करीब 13 साल कार्य किया है। इस तरह, वे 8,900 से अधिक दिन किसी न किसी चुनी हुई सरकार के नेता रहे। इससे वे भारत के इतिहास में सबसे लंबे समय तक किसी सरकार के मुखिया रहने का रिकॉर्ड भी रखते हैं।
इंदिरा गांधी का रिकॉर्ड पहले ही टूटा
जुलाई 2025 में मोदी ने पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी को पीछे छोड़ते हुए देश में दूसरे सबसे लंबे समय तक लगातार पीएम रहने का रिकॉर्ड बनाया था। इंदिरा गांधी ने 24 जनवरी 1966 से 24 मार्च 1977 तक लगातार 4,077 दिन प्रधानमंत्री पद संभाला था। मोदी ने उस रिकॉर्ड को तोड़ा और अब नेहरू का रिकॉर्ड भी उनकी पहुंच में है।
गरीब कल्याण रहा मूल मंत्र
सोमवार को 12 साल पूरे होने पर मोदी ने अपने कार्यकाल की उपलब्धियां गिनाईं है। उन्होंने कहा कि गरीब और वंचित तबके का कल्याण हमेशा उनकी सरकार की प्राथमिकता रहा है।
उन्होंने जन धन योजना, डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर, स्वच्छ भारत मिशन, पीएम आवास योजना, जल जीवन मिशन और आयुष्मान भारत जैसी योजनाओं का जिक्र किया है। उन्होंने कहा कि ये सभी योजनाएं करोड़ों नागरिकों को सम्मान और बेहतर जीवन देने के लिए बनाई गई थीं।
पीएम मोदी ने खासतौर से तकनीक की भूमिका को इंगित किया। उन्होंने कहा कि डीबीटी और डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए मदद सीधे लोगों तक पहुंच रही है। इससे बिचौलियों की भूमिका खत्म हुई, दक्षता बढ़ी और शासन पर लोगों का भरोसा मजबूत हुआ। उन्होंने कहा कि अंत्योदय यानी सबसे पीछे खड़े इंसान को आगे लाना उनकी सरकार की सोच का आधार रहा है।
बदला हुआ भारत, बदला संदर्भ
जब नेहरू देश पर शासन कर रहे थे, तब भारत की जनसंख्या करीब 34 करोड़ थी। साल 2014 में जब मोदी पीएम बने तब यह 131 करोड़ हो चुकी थी और अब 146 करोड़ से अधिक है।
लोकतंत्र का दायरा भी काफी बड़ा हो चुका है। साल 1951-52 के पहले आम चुनाव में 53 दल मैदान में उतरे थे, 2014 में यह संख्या 464 और 2024 में 744 तक पहुंच गई। इस बदलते लोकतांत्रिक परिदृश्य में तीन बार बहुमत से जीतना और रिकॉर्ड कार्यकाल तक पहुंचना इसे ऐतिहासिक बनाता है।
गृहमंत्री अमित शाह ने दी बधाई
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि पिछले 12 सालों में सरकारी योजनाओं ने करोड़ों नागरिकों को बैंकिंग सुविधाओं, आर्थिक सुरक्षा और स्वरोजगार के अवसरों से जोड़ा है।
राज्यमंत्री नित्यानंद राय ने पटना में मीडिया से बात करते हुए मोदी के 12 साल के कार्यकाल को देश के लिए गर्व का दौर बताया। उन्होंने कहा कि इन वर्षों में 25 करोड़ से अधिक लोगों को गरीबी से बाहर निकाला गया।
FAQ
- नरेंद्र मोदी किस तारीख को नेहरू का रिकॉर्ड तोड़ेंगे?
पीएम मोदी 10 जून 2026 को जवाहरलाल नेहरू का रिकॉर्ड तोड़ेंगे। उस दिन वे लगातार 4,399 दिन प्रधानमंत्री पद पर रहेंगे, जो नेहरू के 4,398 दिन से एक दिन अधिक है। इससे वे भारत के सबसे लंबे समय तक सेवारत लोकतांत्रिक प्रधानमंत्री बन जाएंगे। - क्या नेहरू का कुल कार्यकाल मोदी से अधिक था?
हां, नेहरू 1947 से 1964 तक कुल 16 साल और 286 दिन प्रधानमंत्री रहे। लेकिन पहला आम चुनाव 1952 में हुआ था, इसलिए चुने हुए पीएम के रूप में उनके दिन 1952 से गिने जाते हैं। मोदी का पूरा कार्यकाल चुनावी जनादेश पर आधारित रहा है, इसीलिए यह तुलना इस आधार पर की जाती है। - मोदी से पहले किस नेता का लगातार पीएम रहने का रिकॉर्ड था?
मोदी से पहले इंदिरा गांधी ने 1966 से 1977 तक लगातार 4,077 दिन पीएम पद संभाला था। मोदी ने जुलाई 2025 में उनका यह रिकॉर्ड तोड़ा था। अब वे नेहरू के रिकॉर्ड को भी पार कर रहे हैं।
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