पैरासिटामोल खाते हैं तो हो जाएं सावधान, इनके लिए है खतरनाक!
बुखार या हल्के दर्द में राहत के लिए आमतौर पर इस्तेमाल की जाने वाली पैरासिटामोल बुजुर्गों के लिए खतरनाक साबित हो सकती है। हाल ही में हुए एक अध्ययन में पाया गया है कि 65 वर्ष और उससे अधिक उम्र के लोगों में पैरासिटामोल के लंबे समय तक इस्तेमाल से पाचन तंत्र, हृदय और गुर्दे की गंभीर समस्याओं का जोखिम बढ़ सकता है।
पैरासिटामोल का बढ़ता उपयोग
पैरासिटामोल को आमतौर पर ऑस्टियोआर्थराइटिस (गठिया) जैसी स्थितियों के लिए पहली पंक्ति की दवा माना जाता है। हालांकि, हाल के वर्षों में इसकी सुरक्षा और प्रभावशीलता पर सवाल उठने लगे हैं। कुछ रिसर्च में इसे लंबे समय तक इस्तेमाल करने पर अल्सर और पाचन तंत्र में रक्तस्राव जैसी समस्याओं के जोखिम के साथ जोड़ा गया है।
अध्ययन के मुख्य निष्कर्ष
विशेषज्ञों का मत
अध्ययन के प्रमुख शोधकर्ता डॉ. विया झांग का कहना है, पैरासिटामोल को बुजुर्गों के लिए सुरक्षित माना जाता है, लेकिन इसके सीमित दर्द निवारक प्रभाव और संभावित जोखिमों को ध्यान में रखते हुए इसके उपयोग पर पुनर्विचार करना चाहिए।
पिछले अध्ययन भी करते हैं समर्थन
2016 में लांसेट पत्रिका में प्रकाशित एक अध्ययन के मुताबिक, पैरासिटामोल ऑस्टियोआर्थराइटिस वाले मरीजों में दर्द निवारण और शारीरिक कार्यक्षमता में बहुत ही कम प्रभावी है। ऐसे में लंबे समय तक इस दवा का उपयोग बुजुर्गों के लिए घातक हो सकता है।
NOTE
यह लेख सामान्य जानकारी के उद्देश्य से लिखा गया है। किसी भी दवा को लेने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें।
FAQ
- क्या पैरासिटामोल बुजुर्गों के लिए सुरक्षित है?
नए अध्ययन के अनुसार, बुजुर्गों में पैरासिटामोल का लंबे समय तक उपयोग सुरक्षित नहीं है और इससे स्वास्थ्य जोखिम बढ़ सकते हैं। - पैरासिटामोल से कौन-कौन से खतरे बढ़ सकते हैं?
इससे पेप्टिक अल्सर, पाचन तंत्र रक्तस्राव, हृदय रोग और क्रोनिक किडनी डिजीज का जोखिम बढ़ता है। - यह अध्ययन कहां किया गया था?
यह अध्ययन यूनिवर्सिटी ऑफ नॉटिंघम, यूके द्वारा किया गया है। - किस आयु वर्ग के लोगों पर यह शोध हुआ है?
इस शोध में 65 वर्ष और उससे अधिक आयु के लोगों को शामिल किया गया था। - क्या ऑस्टियोआर्थराइटिस के लिए पैरासिटामोल उपयोगी है?
कई शोधों में पाया गया है कि पैरासिटामोल का दर्द निवारण में सीमित प्रभाव है, खासतौर पर ऑस्टियोआर्थराइटिस के मरीजों के लिए।
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