Synopsis: नई सरकार के गठन के बाद आज राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने राज्यसभा और लोकसभा के संयुक्त सत्र को संबोधित किया। इस दौरान महामहिम ने इमरजेंसी को संविधान पर सबसे बड़ा हमला बताया...
उन्होंने सरकार के 10 सालों की सफलताओं और आने वाले 5 सालों के रोडमैप का जिक्र किया। इसके अलावा उन्होंने 1975 में लगे राष्ट्रीय आपातकाल को संविधान पर सबसे बड़ा हमला बताया।
विपक्ष ने किया हंगामा
अपने अभिभाषण के दौरान राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा- "भारत के संविधान पर आपातकाल सबसे बड़ा हमला था। इसके चलते 1975 में पूरे देश में हाहाकार मच गया था और दो साल तक इमरजेंसी लागू थी। इस दौरान लोगों के सभी अधिकारियों को छीन लिया गया था। हम सभी संकल्प लेते हैं कि संविधान की रक्षा करेंगे।"राष्ट्रपति के अपने भाषण में आपातकाल का जिक्र करते ही विपक्ष हमलावर हो गया। सदन में वपक्षी सांसदो की ओर से नारे जगाए लाने लगे। इससे पहले कल स्पीकर ओम बिरला ने भी चेयर पर विराजमान होने के बाद इमरजेंसी का जिक्र किया था। इस दौरान भी विपक्ष ने विरोध जताया था।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने कहा, "एक सशक्त भारत के लिए हमारी सेनाओं में आधुनिकता जरूरी है। युद्ध की स्थिति में हम सर्वश्रेष्ठ बनें-इसके लिए सेनाओं में सुधार की प्रक्रिया निरंतर चलती रहनी चाहिए। इसी सोच के साथ मेरी सरकार ने पिछले 10 वर्षों में कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं...पिछले एक दशक में हमारा रक्षा निर्यात 18 गुना बढ़कर 21,000 करोड़ रुपए तक पहुंच चुका है..."
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने कहा, "मेरी सरकार ने CAA कानून के तहत शरणार्थियों को नागरिकता देना शुरू कर दिया है। इससे बंटवारे से पीड़ित अनेक परिवारों के लिए सम्मान का जीवन जीना तय हुआ है। जिन परिवारों को CAA के तहत नागरिकता मिली है मैं उनके बेहतर भविष्य की कामना करती हूं।"
राष्ट्रपति ने नॉर्थ ईस्ट में हुए विकास कार्यों का जिक्र भी अपने अभिभाषण में किया। इस समय सदन में विपक्ष ने हंगामा और नारेबाजी की। राष्ट्रपति ने नॉर्थ ईस्ट के विषय में कहा- मेरी सरकार ने नॉर्थ ईस्ट के विकास के लिए 10 वर्षों में आवंटन में 4 गुना से अधिक की वृद्धि की है। नॉर्थ ईस्ट में हर तरह की कनेक्टिविटी बढ़ाई जा रही है। शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, पर्यटन हर क्षेत्रों में विकास कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है।
नॉर्थ ईस्ट में हिंसा के विषय में राष्ट्रपति ने कहा- मेरी सरकार नॉर्थ ईस्ट में स्थायी शांती के लिए निरंतर काम कर रही है। पिछले 10 वर्षों में अनेक पुराने विवादों को हल किया गया। अनेक समझौते हुए। नॉर्थ ईस्ट में अशांत क्षेत्रों में चरणबद्ध तरीके से विकास कराने का कार्य भी जारी है।
राष्ट्रपति ने कहा- विश्व बंधु के तौर पर भारत ने अनेक वैश्विक समस्याओं के समाधान को लेकर पहल की है। जलवायु परिवर्तन से लेकर खाद्य सुरक्षा तक, पौषण से लेकर सस्टेनेबल एग्रिकल्चर तक, हम अनेक समाधान दे रहे हैं। हमारे मोटने अनाज की पहुंच सुपर फूड के तौर पर विश्व के कोने-कोने में हो इसके लिए भी अभियान चल रहा है। हाल ही में पूरी दुनिया ने अंतरराष्ट्रीय योग दिवस भी मनाया है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने कहा, "आने वाला समय ग्रीन एरा यानि हरित युग का है। सरकार इसके लिए भी हर ज़रूरी कदम उठा रही है। हम हरित उद्योगों पर निवेश बढ़ा रहे हैं, जिससे ग्रीन जॉब भी बढ़े हैं..."
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने कहा, "मेरी सरकार अर्थव्यवस्था के तीनों स्तंभों -विनिर्माण, सेवाएं और कृषि को बराबर महत्व दे रही है। PLI योजनाओं और व्यापार करने में आसानी से बड़े पैमाने पर निवेश और रोजगार के अवसर बढ़ रहे हैं। पारंपरिक सेक्टर्स के साथ-साथ सनराइज सेक्टर्स को भी मिशन मोड पर बढ़ावा दिया जा रहा है।"
राष्ट्रपति ने अपने अभिभाषण में कहा- मेरी सरकार ने 10 वर्षों मे सेवा और सुसाशन का जो मिशन चलाया है जनादेश उसपर मुहर है।
उन्होंने आने वाले बजट के बारे में कहा- सरकार का आने वाला बजट दुर्गामी नीतियों और futuristic विजन का एक प्रभावी दस्तावेज होगा। इस बजट में बड़े आर्थिक और सामाजिक निर्णयों के साथ ही अनेक ऐतिहासिक कमद भी देखने मिलेंगे। भारत के तेज विकास की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए रिफॉर्म्स की गति तेज की जाएगी। मेरी सरकार का मत है कि दुनिया भर में निवेशकों को आकर्षित करने के लिए राज्य में स्वस्थ्य स्पर्धा हो। राज्यों के विकास से देश का विकास इसी भावना के साथ हम आगे बढ़ते रहेंगे।
राष्ट्रपति महोदय ने अपने अभिभाषण में कहा- 2024 के लोकसभा चुनाव की चर्चा पूरे विश्व में हो रही ही। दुनिया देख रही है कि भारत के लोगों ने लगातार तीसरी बार स्पष्ट और पूर्ण बहुमत की सरकार बनाई है। 6 दशक बाद ऐसा हुआ है। ऐसे समय में जो भारत के लोगों की आकांक्षाएं सर्वोच्च स्तर पर है, लोगों ने मेरी सरकार पर तीसरी बार भरोसा जताया है। भारत के लोगों को यह पूर्ण विश्वास है कि उनकी आकांक्षाएं सिर्फ मेरी सरकार ही पूरी कर सकती है। 2024 का यह चुनाव नीति, निर्णय, निष्ठा और निर्णयों का चुनाव रहा है।
राष्ट्रपति ने नए निर्वाचित सांसदों की बधाई दी। उन्होंने कहा- आप 140 करोड़ देशवासियों की आकांक्षाओं की पूर्ती का माध्यम बनेंगे। स्पीकर ओम बिरला को भी बधाइयां दी।
राष्ट्रपति ने देश के सबसे बड़े चुनाव करवाने के लिए चुनाव आयोग का धन्यवाद दिया। उन्होंने जम्मु कश्मीर में चुनाव के रिकॉर्ड टूटने का भी जिक्र किया।
संसद की संयुक्त बैठक के लिए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू संसद भवन पहुंच चुकी हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को साथ उप राष्ट्रपति जगदीप धनखड़, लोकसभा स्पीकर ओम बिरला और संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने उनका स्वागत किया।आज राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू संसद भवन में लोकसभा और राज्यसभा के संयुक्त सत्र को संबोधित करेंगी।
ग्रह मंत्री अमित शाह आज संसद भवन में राष्ट्रपति के अभिभाषण के लिए पहुंच चुके हैं।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे भी संसद भवन पहुंच चुके हैं। संसद भवन के बाहर उन्होंने कहा- "राष्ट्रपति का भाषण ऐसा होता है जो एक विज़न दस्तावेज़ होता है। लेकिन हमें अबतक ऐसा कोई विज़न दस्तावेज़ नहीं दिखा। अब सिर्फ जो सरकार कहती है वही बात राष्ट्रपति के भाषण में आती है। इस बार देखेंगे कि कोई नई चीज आएगी या नहीं।"
थोड़ी देर में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू संसद भवन में अभिभाषण देने वाली हैं। इसके लिए वे राष्ट्रपति भवन से निकल चुकी हैं।
सुबह 11 बजे राष्ट्रपति लोकसभा और राज्यसभा के संयुक्त सत्र को संबोधित करेंगी।
18वीं लोकसभा के पहले सत्र में आज सुबह 11 बजे राष्ट्रपति का अभिभाषण होगा। इसके लिए सभी सांसदों को 10:30 बजे तक संसद भवन पहुंचना है। 10:55 तक सांसदों को अपनी सीट पर बैठने के आदेश हैं।
आज राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू लोकसभा और राज्यसभा के संयुक्त सत्र को संबोधित करेगी। यह कार्यक्रम नई संसद में हो होने वाला है।