ममता कालिया की जीते जी इलाहाबाद को साहित्य अकादमी 2025 पुरस्कार
5 प्वाइंट में समझें क्या है पूरा मामला
- साहित्य अकादमी ने साल 2025 के पुरस्कारों की घोषणा 16 मार्च 2026 को की।
- हिंदी में ममता कालिया को उनके संस्मरण 'जीते जी इलाहाबाद' के लिए चुना गया।
- 24 मान्यता प्राप्त भारतीय भाषाओं में 24 लेखकों को पुरस्कार दिए जाएंगे।
- पुरस्कार में एक लाख रुपए, शॉल और ताम्रफलक दिया जाएगा।
- पुरस्कार समारोह 31 मार्च 2026 को नई दिल्ली में होगा।
साहित्य अकादमी 2025 घोषित
साहित्य अकादमी ने आखिरकार साल 2025 के पुरस्कार घोषित कर दिए। इसका लंबे समय से इंतजार था। कुछ दिन पहले इन पुरस्कारों की घोषणा रुक गई थी। इससे साहित्य जगत में काफी बेचैनी थी।
16 मार्च 2026 को अकादमी सचिव पल्लवी प्रशांत होळकर ने आधिकारिक जानकारी जारी की। इसमें 24 भारतीय भाषाओं के विजेताओं के नाम हैं।
ममता कालिया को हिंदी सम्मान
हिंदी की जानी-मानी लेखिका ममता कालिया को इस बार साहित्य अकादेमी पुरस्कार मिला है। उन्हें यह सम्मान उनके संस्मरण 'जीते जी इलाहाबाद' के लिए दिया जाएगा।
ममता कालिया हिंदी साहित्य का एक बड़ा नाम हैं। उनके इस संस्मरण में इलाहाबाद शहर की यादें और जीवन के अनुभव हैं। यह किताब पाठकों के बीच बेहद पसंद की गई।
24 भाषाओं में साहित्य अकादमी पुरस्कार
साहित्य अकादेमी हर साल 24 मान्यता प्राप्त भाषाओं में पुरस्कार देती है। इस बार की सूची में आठ कविता संग्रह हैं। इसके अलावा चार उपन्यास और छह कहानी संग्रह भी हैं।
दो निबंध, एक साहित्यिक आलोचना, एक आत्मकथा और दो संस्मरण भी पुरस्कृत हुए हैं।
कविता में किसे मिला सम्मान?
कविता विधा में छह भाषाओं के संग्रह पुरस्कृत हुए। बाड्ला में 'श्रेष्ठ कबिता' और डोगरी में 'ठाकुर सतसई' को सम्मान मिला। गुजराती में 'महखडकी' और कश्मीरी में 'नजदाबनेकी पॉट अलाव' विजेता बने।
ओडिआ में 'पदपुराण', संस्कृत में 'प्रस्थानचतुष्टये ब्रह्मघोषः', तेलुगू में 'अनिमेष' और उर्दू में 'सफर जारी है' को कविता में पुरस्कार मिला।
उपन्यास में चार भाषाएं विजेता
उपन्यास (Novel) विधा में असमिया, बोडो, अंग्रेजी और मलयाळम की किताबें चुनी गईं। असमिया में 'काँड़ खेलर साधु' और बोडो में 'दोन लामा मौनसे गाथोन' विजेता रहे।
अंग्रेजी में 'क्रिमसन स्प्रिंग' और मलयाळम में 'मायामानुश्वर' को उपन्यास श्रेणी में पुरस्कार मिला।
कहानी में छह भाषाएं चुनी गईं
कहानी संग्रह में कन्नड़, मणिपुरी, पंजाबी, राजस्थानी, संताली और सिंधी की किताबें विजेता बनीं। कन्नड़ में 'दडा सेरिसु तर्द' और मणिपुरी में 'कगलमडीब इफुत' को सम्मान मिला।
पंजाबी में 'सेफ्टी किट', राजस्थानी में 'भरखमा', संताली में 'मिड बिर्ता चेनने साओन इनाग सागई' और सिंधी में 'वाधू' विजेता बने।
अन्य विधाओं में पुरस्कार
निबंध विधा में कोंकणी और नेपाली की पुस्तकें पुरस्कृत हुईं। तमिल में साहित्यिक आलोचना की किताब 'तमिळ सिरुकथैयिन थडगल' को सम्मान मिला।
मराठी में 'काळयानिळया रेषा' आत्मकथा विधा में विजेता बनी। संस्मरण में हिंदी और मैथिली को पुरस्कार मिला। मैथिली में 'धात्री पात सन गाम' पुरस्कृत हुई।
यहां 2025 के साहित्य अकादमी पुरस्कार प्राप्त साहित्यकारों के नाम...
| क्रम संख्या | भाषा | लेखक का नाम | पुस्तक का नाम | श्रेणी |
|---|---|---|---|---|
| 1 | असमिया | देवब्रत दास | कहीं खेलेर साधु | उपन्यास |
| 2 | बंगाली | प्रसुन बंधोपाध्याय | श्रेष्ठ कविता | कविता |
| 3 | बोडो | साहासुली बृहम | द्वंग्नवी लामा म्वांसे गाथ्वन | उपन्यास |
| 4 | अंग्रेजी | नवतेज सरना | क्रिमसन स्प्रिंग | उपन्यास |
| 5 | हिंदी | ममता काल | जीते जी अल्हम | संस्मरण |
| 6 | गुजराती | अयोज पटेल | जस्थरी | कविता |
| 7 | कन्नड़ | अमरेश नगांधी | दादा सीरीसू तांडे | उपन्यास |
| 8 | कश्मीरी | अली शैदा | नजदवाने'क्ये पोत आलव | कविता |
| 9 | मराठी | राजू बविस्कर | कल्यानलिया रेशा | कविता |
| 10 | नेपाली | प्रकाश भट्टराई | नेपाली परंपरिक संस्कृत र सभ्यता को डुकुटी | साहित्य |
| 11 | उड़िया | गिरिजाकुमार बलीयर सिंह | पदपुराणा | साहित्य |
| 12 | पंजाबी | जिंदर | सुरक्षित किट | कविता |
| 13 | संस्कृत | महामहोपाध्याय बृहमघोश | प्रस्थानचुत्सय बृहमघोश | साहित्य |
| 14 | उर्दू | पृतपाल सिंह बेटाब | सफर जारी है | कविता |
| 15 | तमिल | स. तमिलसेल्वन | थमिज़ सिरुकठैयिन थंगल | साहित्य |
| 16 | तेलुगू | नंदिनी सिधा रेड्डी | अनिमेश | साहित्य |
| 17 | संताली | सुमित्रा सोरेन | मिड बिरमा छेन्ने साओन इनग सागाई | कहानी |
| 18 | सिंधी | भगवान अटलानी | वघू | कविता |
| 19 | मलयालम | एन. प्रभाकरन | मायामानुष्य | साहित्य |
| 20 | हिंदी (अर्थशास्त्र) | हेमंत यादव | व्याख्यान | - |
| 21 | हिंदी (समाज) | प्रकाश भट्टराई | समाज का भूगोल | - |
| 22 | हरियाणवी | नीरज कुमार | इतिहास और परिवर्तन | - |
| 23 | मराठी (काव्य) | प्रकाश शिंदे | काव्यधारा की भूमिका | - |
| 24 | मध्य प्रदेश | विवेक जैन | वर्तमान की साक्षी | - |
यह तालिका साहित्य अकादमी पुरस्कार 2025 में सम्मानित हुए साहित्यकारों के नाम और उनके कार्यों की है।
31 मार्च को दिल्ली में समारोह
सभी विजेताओं को 31 मार्च 2026 को नई दिल्ली में एक भव्य समारोह में सम्मानित किया जाएगा। हर विजेता को एक लाख रुपए की राशि दी जाएगी। इसके साथ एक उत्कीर्ण ताम्रपत्र और शॉल भी दी जाएगी। यह समारोह साहित्य जगत का एक बड़ा आयोजन होगा।
पुरस्कार प्रक्रिया कैसे होती है?
साहित्य अकादमी 2025 पुरस्कार की प्रक्रिया जनवरी 2025 में शुरू हुई थी। 30 जनवरी 2025 को आधिकारिक विज्ञापन जारी हुआ।
24 भाषाओं की अलग-अलग निर्णायक समितियां बनाई जाती हैं। ये समितियां किताबों की सिफारिश करती हैं। अकादेमी के सक्षम अधिकारी इस पर अंतिम मुहर लगाते हैं।
स्रोत और संदर्भ...
- साहित्य अकादमी की आधिकारिक विज्ञप्ति
- साहित्य अकादमी की आधिकारिक वेबसाइट: sahitya-akademi.gov.in
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