अपराधियों की सजा करोड़ों यूजर्स को! टेलीग्राम बैन पर दिल्ली हाई कोर्ट ने उठाए सवाल
समझें क्या है पूरा मामला...
- नीट-यूजी की परीक्षा से पहले केंद्र ने टेलीग्राम को बैन करने का फैसला लिया था।
- सरकार के इस फैसले पर दिल्ली हाई कोर्ट ने सवाल उठाए हैं।
- कोर्ट ने सरकार से पूछा कि 15 करोड़ यूजर्स के अधिकारों को कैसे रोका जा सकता है।
- सरकार की दलील है कि ऐप का इस्तेमाल पेपर लीक और आतंकी गतिविधियों में भी होता है।
- हाई कोर्ट ने इस मामले पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है।
क्या है पूरा विवाद?
दरअसल नीट-यूजी की दोबारा परीक्षा से पहले केंद्र सरकार ने टेलीग्राम को बैन करने का कदम उठाया था। सरकार के इस फैसले को टेलीग्राम ने दिल्ली हाई कोर्ट में चुनौती दी है।
गुरुवार, 18 जून को इस याचिका पर सुनवाई हुई। जस्टिस तेजस कारिया की वेकेशन बेंच ने सरकार के रवैये पर कड़े सवाल खड़े किए।
कोर्ट ने सवाल किया कि कुछ छात्र ऐप का गलत इस्तेमाल करते हैं, तो उसकी सजा देश के 15 करोड़ टेलीग्राम यूजर्स को क्यों दी जा रही है? क्या कुछ लोगों की वजह से पूरे ऐप पर ही रोक लगा देना सही कदम है?
हाई कोर्ट की टिप्पणी: हम जानते हैं कि पेपर लीक से काफी छात्र प्रभावित हुए हैं। लेकिन क्या इस वजह से आप पूरा का पूरा ऐप ही बैन कर सकते हैं?
सरकार ने कोर्ट में क्या दलीलें दीं?
केंद्र सरकार की तरफ से कोर्ट में सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने पक्ष रखा। उन्होंने ऐप को बैन करने के पीछे कई बड़े कारण बताए।
- बॉट का खतरा : सरकार ने बताया कि व्हाट्सएप में जहां प्रति यूजर एक ही बॉट होता है, वहीं टेलीग्राम पर एक अकेले अकाउंट से 40 बॉट बनाए जा सकते हैं।
- अस्थायी राहत नाकाफी: अगर सरकार एक बॉट को हटाती है, तो आरोपी तुरंत दूसरे नाम और पहचान से नया बॉट बना लेते हैं। इसलिए सिर्फ बॉट डिलीट करना इस समस्या का पक्का इलाज नहीं है।
- 21 जून की परीक्षा का लक्ष्य: सरकार ने कहा कि 21 जून को नीट का री-टेस्ट कराना उनका मुख्य लक्ष्य है और यह लक्ष्य पूरी तरह से वैध है। इस नाजुक मोड़ पर कोर्ट को सरकार के फैसले में दखल नहीं देना चाहिए क्योंकि संभावित नुकसान बहुत बड़ा हो सकता है।
आतंकी गतिविधियों में इस्तेमाल का आरोप
सरकार ने कोर्ट को यह भी बताया कि टेलीग्राम ऐपमें खास आर्किटेक्चर होते हैं। इस कारण दुनिया भर की कानून लागू करने वाली एजेंसियों को जांच में बहुत दिक्कतें आती हैं।
सरकार ने कहा है कि इसका इस्तेमाल अक्सर आतंकी गतिविधियों के लिए भी किया जाता है। जिस बड़े स्तर पर इस ऐप के जरिए चीजें फैलाई जा सकती हैं, वैसी सुविधा सिर्फ टेलीग्राम में ही मौजूद है।
बता दें कि इससे पहले नीट पेपर लीक का मामला सामने आने के बाद नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने 12 मई को हुई नीट परीक्षा रद्द कर दी थी। फिलहाल कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है।
बता दें कि राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा NEET 2026 को लेकर रेलवे ने छात्रों के लिए खास इंतजाम किए हैं। इंदौर, भोपाल और रतलाम के बीच एक स्पेशल ट्रेन चलाई जा रही है।
यह ट्रेन 21 जून 2026 की परीक्षा को ध्यान में रखकर शुरू की गई है। इसका उद्देश्य छात्रों की भीड़ और यात्रा को आसान बनाना है। रेलवे ने इसे परीक्षा स्पेशल ट्रेन का नाम दिया है।
अधिकारियों ने कहा कि परीक्षा के दिन यात्रियों की संख्या बढ़ती है। इसी कारण यह अतिरिक्त ट्रेन सेवा शुरू की गई है। छात्रों को समय पर परीक्षा केंद्र तक पहुंचाने पर जोर है। यह सुविधा खास तौर पर दूर से आने वाले अभ्यर्थियों के लिए है।
इंदौर से भोपाल जाने वाली स्पेशल ट्रेन
गाड़ी संख्या 09354 इंदौर-भोपाल स्पेशल ट्रेन 20 जून 2026 को चलेगी। यह ट्रेन सुबह 11:25 बजे इंदौर से रवाना होगी। फतेहाबाद, बड़नगर और रतलाम में इसका ठहराव होगा।
इसके बाद यह उज्जैन और सीहोर से होकर गुजरेगी। यह ट्रेन रात 19:00 बजे भोपाल स्टेशन पहुंचेगी।
रेलवे ने बताया कि सभी प्रमुख स्टेशनों पर ठहराव रहेगा। छात्रों को यात्रा में किसी तरह की परेशानी नहीं होगी। यह ट्रेन परीक्षा को ध्यान में रखकर डिजाइन की गई है।
भोपाल से रतलाम वापसी स्पेशल ट्रेन
वापसी दिशा में गाड़ी संख्या 09353 भोपाल-रतलाम स्पेशल ट्रेन चलेगी। यह ट्रेन 20 जून 2026 को भोपाल से शाम 19:40 बजे निकलेगी। यह संत हिरदाराम नगर और सीहोर होते हुए आगे बढ़ेगी। रात में यह उज्जैन और नागदा से होकर गुजरेगी। अगले दिन 00:55 बजे यह रतलाम पहुंचेगी।
रेलवे ने यात्रियों की सुविधा को प्राथमिकता दी है। छात्रों को सुरक्षित और समयबद्ध यात्रा मिलेगी। रात की यात्रा के लिए भी विशेष व्यवस्था की गई है।
FAQ
- सरकार नीट परीक्षा से पहले टेलीग्राम को क्यों बैन करना चाहती थी?
सरकार को डर था कि टेलीग्राम के जरिए नीट-यूजी री-टेस्ट का पेपर लीक हो सकता है या इसका गलत इस्तेमाल किया जा सकता है। - दिल्ली हाई कोर्ट नेटेलीग्राम बैन पर क्या आपत्ति जताई है?
दिल्ली हाई कोर्ट ने कहा कि कुछ गलत करने वाले परीक्षार्थियों या लोगों की वजह से देश के 15 करोड़ टेलीग्राम यूजर्स के अधिकारों को नहीं छीना जा सकता।
ये खबरें भी पढ़िए...
टेलीग्राम पर अस्थाई बैन, नीट-यूजी री-एग्जाम के चलते सरकार की एक्सरसाइज
NEET Re-exam 2026: छात्रों के लिए इंदौर-भोपाल-रतलाम के बीच चलेगी स्पेशल ट्रेन
नीट री-एग्जाम 2026: अब लॉकडाउन में रहेंगे पेपर बनाने वाले एक्सपर्ट्स
NEET UG 2026: 21 जून को होगी नीट यूजी की री एग्जाम, परीक्षा में मिलेंगे 15 मिनट एक्स्ट्रा