NISER Internship 2026: NISER भुवनेश्वर में रिसर्च इंटर्नशिप का बड़ा मौका, करें अप्लाई
Education News.भुवनेश्वर के एनआईएसईआर (NISER) ने समर इंटर्नशिप निकाली है। यह दो महीने का खास रिसर्च प्रोग्राम है। देश के बेहतरीन वैज्ञानिकों के साथ काम मिलेगा। ग्रेजुएट और पोस्टग्रेजुएट (Research) के छात्र आवेदन कर सकते हैं। विज्ञान में रुचि रखने वालों के लिए बड़ा मौका है। यह इंटर्नशिप आपके करियर को नई ऊंचाई देगी।
ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया अब शुरू हो चुकी है। आवेदन करने की शुरुआत 25 फरवरी से हुई है। यह प्रोग्राम पूरी तरह से व्यवस्थित और प्रोफेशनल है। आज ही एनआईएसईआर की वेबसाइट पर जाकर अप्लाई करें।
इन सब्जेक्ट्स पर रिसर्च
- जैविक विज्ञान (Biological Sciences)
- रासायनिक विज्ञान (Chemical Sciences)
- कंप्यूटर विज्ञान (Computer Sciences)
- पृथ्वी और ग्रह विज्ञान (Earth & Planetary Sciences)
- मानविकी और सामाजिक विज्ञान (Humanities & Social Sciences)
- गणितीय विज्ञान (Mathematical Sciences)
- भौतिक विज्ञान (Physical Sciences)
- चिकित्सा और विकिरण भौतिकी केंद्र (Medical and Radiation Physics)
एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया
- शैक्षणिक स्थिति: उम्मीदवार को भारत के किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय में UG या PG डिग्री प्रोग्राम में नामांकित होना चाहिए।
- भारतीय नागरिकता: यह कार्यक्रम केवल भारतीय छात्रों के लिए है।
- नया आवेदक: जिन छात्रों ने पहले कभी NISER से समर इंटर्नशिप की है, वे दोबारा आवेदन के पात्र नहीं हैं।
वित्तीय सहायता और सुविधाएं
- मासिक वजीफा (Monthly Stipend): उन छात्रों को ₹5,000 प्रति माह का वजीफा दिया जाता है, जिन्हें किसी अन्य स्रोत से वित्तीय सहायता नहीं मिल रही है।
- यात्रा सहायता (Travel Support): सफलतापूर्वक इंटर्नशिप पूरी करने के बाद, छात्रों को आने-जाने का द्वितीय श्रेणी स्लीपर ट्रेन किराया (Single Second Class Sleeper) दिया जाएगा।
- आवास (Accommodation): उपलब्धता के आधार पर हॉस्टल की सुविधा दी जाएगी, जिसका शुल्क 30 रुपए प्रतिदिन होगा।
आवेदन प्रक्रिया
- आधिकारिक नोटिफिकेशन में दिए गए गूगल फॉर्म लिंक पर जाएं।
- अपनी व्यक्तिगत जानकारी, शैक्षणिक रिकॉर्ड और रिसर्च रुचि का विवरण भरें।
- आवश्यक डॉक्यूमेंट जैसे मार्कशीट और कॉलेज आईडी कार्ड अपलोड करें।
- आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 10 अप्रैल 2026 है।
क्या मिलेंगे फायदे
इंटर्नशिप के दौरान, छात्रों को सेमिनार, रिसर्च सुविधाओं के दौरे और रात में आकाश अवलोकन (Night Sky Observation) जैसी शैक्षणिक गतिविधियों में भाग लेने का मौका मिलता है। प्रोजेक्ट के सफल समापन पर, संस्थान एक प्रोजेक्ट समापन प्रमाणपत्र (Project Completion Certificate) जारी करता है, जो भविष्य में उच्च शिक्षा और पीएचडी (PhD) के लिए जरूरी होता है।
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