जानें देवास वाली माता का रहस्य, अनबन से छोड़ रही थीं मंदिर, हनुमान जी के कहने पर रुकीं
Aman Vaishnav | Dec 10, 2025, 09:17 IST
1 / 7
अनबन के बाद रुकी थीं माताएंImage credit : Aman Vaishnav
एक बार बड़ी मां और छोटी मां में किसी बात पर अनबन हो गई। वे नाराज होकर मंदिर छोड़कर जाने लगीं। तभी हनुमान जी और भेरू बाबा ने उन्हें रोका और मनाया। माताएं जिस हाल में थीं उसी हाल में वहीं रुक गईं।
2 / 7
मंदिर की अनोखी मान्यताImage credit : Aman Vaishnav
इस मंदिर की एक अनोखी मान्यता है। यहां भक्त उल्टा स्वास्तिक बनाकर मन्नत मांगते हैं। जब मन्नत पूरी हो जाती है तो वापस आकर सीधा स्वास्तिक बनाते हैं।
3 / 7
संतान प्राप्ती की मान्यताImage credit : Aman Vaishnav
Latest Religious News : यह मंदिर संतान प्राप्ती के लिए भी प्रसिद्ध है। जिन महिलाओं को संतान नहीं होती वे यहां लगातार 5 दिन तक माता को पान का बीड़ा चढ़ाती हैं। (धार्मिक अपडेट) ऐसा करने से उन्हें संतान सुख मिलता है।
4 / 7
साल भर रहती है भक्तों की भीड़Image credit : Aman Vaishnav
चामुंडा माता मंदिर: इस मंदिर में पूरे साल भक्त दर्शन करने आते हैं। नवरात्रि के 9 दिनों में तो लाखों की भीड़ उमड़ती है!
5 / 7
राजपरिवार का शाही हवनImage credit : Aman Vaishnav
मां चामुंडा देवी मंदिर: नवरात्रि के समय माता जी की विशेष पूजा होती है। खासकर अष्टमी और नवमी पर देवास रियासत के राजपरिवार द्वारा यहां शाही हवन किया जाता है।
6 / 7
माता सती से जुड़ा इतिहासImage credit : Aman Vaishnav
मां चामुंडा देवी मंदिर: कहा जाता है कि ये दोनों माताएं, माता सती के रक्त की दो बूंदों से इस टेकरी पर प्रकट हुई थीं।
7 / 7
एक टेकरी पर दो देवियांImage credit : Aman Vaishnav
देवास टेकरी पर बड़ी मां तुलजा भवानी और छोटी मां चामुंडा देवी एक साथ विराजमान हैं। दोनों को बहन माना जाता है।