लक्ष्मीनारायण अस्पताल पर FIR : आयुष्मान कार्ड से क्लेम और कैश दोनों ऐंठे

Umeshwari Baghel | Jul 07, 2026, 22:58 IST
आयुष्मान योजना पर फिर दाग
अंबिकापुर के लक्ष्मीनारायण अस्पताल पर आयुष्मान कार्ड में गड़बड़ी का आरोप लगा है। मरीज के परिजनों से 1.60 लाख रुपए नकद लेने के बाद अस्पताल ने उसी कार्ड से 1.50 लाख रुपए का क्लेम भी लिया।

समझें क्या है पूरा मामला

Ambikapur। सरगुजा जिले में आयुष्मान भारत योजना के नाम पर कथित धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। अंबिकापुर के लक्ष्मीनारायण अस्पताल पर आरोप है कि उसने मरीज के परिजनों से इलाज के नाम पर 1.60 लाख रुपए नकद लिए और बाद में उसी मरीज के आयुष्मान कार्ड से करीब 1.50 लाख रुपए का क्लेम भी हासिल कर लिया।



पीड़ित परिवार की शिकायत पर अंबिकापुर कोतवाली पुलिस ने अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) के तहत अपराध दर्ज किया है।



एंजियोप्लास्टी के लिए अस्पताल में भर्ती कराया था मरीज

पुलिस में दर्ज शिकायत के अनुसार बलरामपुर जिले के ग्राम गिरवानी निवासी विवेक जायसवाल ने बताया कि उनके चाचा राजेंद्र जायसवाल को इलाज के लिए 17 अप्रैल 2026 को अंबिकापुर के गुदरी चौक स्थित लक्ष्मीनारायण अस्पताल में भर्ती कराया गया था।



परिजनों के मुताबिक मरीज की एंजियोप्लास्टी कराने के लिए अस्पताल में इलाज शुरू किया गया था। इस दौरान अस्पताल प्रबंधन ने परिवार को बताया कि मरीज का आयुष्मान कार्ड ब्लॉक है और योजना का लाभ नहीं मिल पाएगा।इसके बाद परिजनों ने इलाज जारी रखने के लिए अस्पताल में 1 लाख 60 हजार रुपए जमा कर दिए।



बाद में पता चला कार्ड से भी निकाली गई राशि

शिकायतकर्ता का आरोप है कि कुछ समय बाद जब उन्होंने आयुष्मान कार्ड की जानकारी ली तो उन्हें पता चला कि अस्पताल ने उसी मरीज के कार्ड से 1 लाख 50 हजार 460 रुपए का क्लेम भी ले लिया है।



परिवार का कहना है कि अगर आयुष्मान योजना के तहत इलाज का लाभ लिया गया था तो उनसे अलग से नकद राशि क्यों ली गई। उन्होंने अस्पताल पर योजना के नियमों के खिलाफ काम करने और गलत जानकारी देकर पैसे वसूलने का आरोप लगाया है।



इलाज का बिल नहीं देने का भी आरोप

पीड़ित परिवार ने यह भी आरोप लगाया है कि अस्पताल प्रबंधन ने इलाज के बदले ली गई नकद राशि का कोई स्पष्ट बिल उपलब्ध नहीं कराया। परिजनों का कहना है कि अस्पताल लगातार आयुष्मान कार्ड ब्लॉक होने की बात कहकर उन्हें भ्रमित करता रहा।



मामले की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। अब जांच में यह देखा जाएगा कि अस्पताल ने आयुष्मान योजना के तहत किस आधार पर क्लेम लिया और मरीज से नकद राशि क्यों वसूली गई।



पहले भी सामने आ चुके हैं आयुष्मान कार्ड के दुरुपयोग के मामले

अंबिकापुर में आयुष्मान योजना के दुरुपयोग का यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले शहर के गंगापुर स्थित दयानिधि अस्पताल से भी आयुष्मान कार्ड के गलत इस्तेमाल की शिकायत सामने आई थी।



लगातार सामने आ रहे मामलों के बाद निजी अस्पतालों में आयुष्मान योजना के संचालन और निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। सरकार की इस योजना का उद्देश्य गरीब और जरूरतमंद मरीजों को मुफ्त इलाज उपलब्ध कराना है, लेकिन ऐसे मामलों से योजना की पारदर्शिता प्रभावित हो रही है।



फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। जांच के बाद ही साफ होगा कि अस्पताल प्रबंधन ने नियमों का उल्लंघन किया है या नहीं।



महत्वपूर्ण तथ्य

मामला: लक्ष्मीनारायण अस्पताल, अंबिकापुर पर आयुष्मान कार्ड में गड़बड़ी का आरोप।



आरोप: मरीज के परिजनों से इलाज के नाम पर 1.60 लाख रुपए नकद लिए गए।



आयुष्मान क्लेम: उसी मरीज के कार्ड से अस्पताल ने 1.50 लाख 460 रुपए का क्लेम लिया।



मरीज: राजेंद्र जायसवाल, जिन्हें एंजियोप्लास्टी के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था।



शिकायतकर्ता: बलरामपुर जिले के गिरवानी निवासी विवेक जायसवाल।



अस्पताल का दावा: मरीज का आयुष्मान कार्ड ब्लॉक बताया गया था।



पुलिस कार्रवाई: अंबिकापुर कोतवाली पुलिस ने BNS धारा 318(4) के तहत FIR दर्ज की।



जांच: पुलिस अब अस्पताल द्वारा लिए गए कैश और आयुष्मान क्लेम की जांच कर रही है।



FAQ

  1. यह मामला कहां का है और पुलिस ने क्या कार्रवाई की है?
    यह मामला छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर स्थित लक्ष्मीनारायण अस्पताल का है। शिकायत के बाद कोतवाली पुलिस ने BNS धारा 318(4) के तहत FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
  2. लक्ष्मीनारायण अस्पताल पर क्या आरोप लगा है?
    अस्पताल पर आरोप है कि उसने मरीज के परिजनों से 1.60 लाख रुपए नकद लिए और बाद में उसी मरीज के आयुष्मान कार्ड से करीब 1.50 लाख रुपए का क्लेम भी लिया।
  3. मरीज के परिवार ने अस्पताल पर क्या आरोप लगाया है?
    परिवार का आरोप है कि अस्पताल ने आयुष्मान कार्ड ब्लॉक होने की बात कहकर उन्हें गुमराह किया और इलाज के बदले ली गई नकद राशि का सही बिल भी उपलब्ध नहीं कराया।

यह खबरें भी पढ़े...

क्या आयुष्मान कार्ड से हर बीमारी का फ्री ट्रीटमेंट होता है? देखें नए नियम



अंबिकापुर फर्नीचर घोटाला : ACB का छापा, 15 साल बाद फिर खुली फाइल



अंबिकापुर मेयर पर रिश्वत लेने के आरोप, भाजपा जिलाध्यक्ष का नाम भी चर्चा में



chhattisgarh में आखिर क्यों IMA ने किया आयुष्मान कार्ड से इलाज बंद करने का ऐलान ?





Tags:
  • आयुष्मान कार्ड
  • आयुष्मान भारत योजना
  • धोखाधड़ी
  • अंबिकापुर
  • बलरामपुर