भिलाई स्टील प्लांट स्क्रैप घोटाला: हिमांशु ब्रदर्स पर बड़ा एक्शन, ठेका रद्द
समझें क्या है पूरा मामला
- भिलाई स्टील प्लांट में 250 टन स्क्रैप चोरी का मामला सामने आया है।
- जांच के बाद प्रबंधन ने हिमांशु ब्रदर्स का ठेका निरस्त कर दिया।
- कंपनी पर फ्लू डस्ट शिफ्टिंग के दौरान गड़बड़ी का आरोप लगा है।
- मामले में पुलिस और एटीएस ने अब तक 17 लोगों को पकड़ा है।
- अब बीएसपी प्रबंधन ने काम की जिम्मेदारी नई एजेंसी को सौंप दी है।
ठेका निरस्त और नई एजेंसी
भिलाई स्टील प्लांट (BSP – Bhilai Steel Plant) में बड़ा एक्शन हुआ है। प्रबंधन ने हिमांशु ब्रदर्स का टेंडर शॉर्ट क्लोज कर दिया। यह कार्रवाई फ्लू डस्ट शिफ्टिंग काम में हुई गड़बड़ी के बाद की गई। अब इस काम के लिए नया जारी किया गया है। नई एजेंसी को जिम्मेदारी सौंप दी गई है।
कैसे हो रही थी हेराफेरी?
हिमांशु ब्रदर्स को ब्लास्ट फर्नेस से फ्लू डस्ट हटाने का काम मिला था। इस डस्ट को मगडम से बाहर भेजना था। जांच में पता चला कि माल गलत जगह भेजा जा रहा था। फर्जी बिल्टी आरडीके इंडस्ट्री (RDK – RDK Industry) के नाम पर बनती थी। लेकिन माल अकलोरडीह स्थिति एके ट्रेडर्स (AK – AK Traders) पहुंचाया जा रहा था। इस खेल में ट्रांसपोर्टर की भूमिका भी सामने आई है। पुलिस ने एक वाहन भी जब्त किया है। इसका उपयोग कोक लोडिंग में हो रहा था।
एटीएस की छापेमारी और गिरफ्तारी
एंटी टेररिज्म स्क्वाड (ATS – Anti Terrorism Squad) और पुलिस ने छापा मारा था। अकलोरडीह में 26 मई को यह कार्रवाई की गई थी। मौके से 250 टन लौह स्क्रैप जब्त किया गया। इस मामले में अब तक 17 आरोपी जेल जा चुके हैं। इनमें बीएसपी अधिकारी और एसोसिएट इंजीनियर भी शामिल हैं। ट्रांसपोर्टर और बिचौलिए भी पकड़े गए हैं।
फरार आरोपियों पर शिकंजा
पुलिस फरार आरोपियों की तलाश कर रही है। आरोपियों की एजेंसियों को ब्लॉक कराया जा रहा है। उनके बैंक खातों को फ्रीज करने की प्रक्रिया जारी है। पुलिस अधिकारी मामले की लगातार जांच कर रहे हैं। साईं एसोसिएट्स (SA – Sai Associates) पर भी कार्रवाई की गई है। उसे भी काम से बाहर कर दिया गया है।
क्या होता है फ्लू डस्ट?
फ्लू डस्ट स्टील बनाने के दौरान निकलने वाला उप-उत्पाद है। इसमें लोहे के बारीक कण होते हैं। इसे सुरक्षित तरीके से रखना बहुत जरूरी होता है। इसकी बाजार में अच्छी कीमत मिलती है। इसलिए इसकी निगरानी बहुत जरूरी मानी जाती है।
FAQ
- बीएसपी स्क्रैप चोरी मामले में क्या कार्रवाई हुई है?
उत्तर: बीएसपी प्रबंधन ने हिमांशु ब्रदर्स का फ्लू डस्ट शिफ्टिंग का ठेका शॉर्ट क्लोज कर दिया है। इस काम के लिए अब नई एजेंसी को जिम्मेदारी सौंपी गई है। पुलिस ने मामले में 17 आरोपियों को जेल भेज दिया है। - फ्लू डस्ट क्या होता है और इसकी चोरी क्यों की जा रही थी?
उत्तर: फ्लू डस्ट स्टील उत्पादन के दौरान निकलने वाला एक बाय-प्रोडक्ट है, जिसमें लोहे के कण मौजूद होते हैं। बाजार में इसकी कीमत और उपयोगिता अधिक होती है। इसी वजह से इसकी हेराफेरी की जा रही थी।
यह खबरें भी पढ़ें...
भिलाई स्टील प्लांट में करोड़ों की चोरी पर बड़ा एक्शन : CISF के 7 जवान सस्पेंड
भिलाई स्टील प्लांट में बड़ा हादसा : करंट लगने से जूनियर इंजीनियर की मौत
भिलाई स्टील प्लांट: करोड़ों की स्क्रैप चोरी में GM सहित 3 निलंबित
भिलाई स्टील प्लांट स्क्रैप चोरी : लाखों के जेवर और करोड़ों के दस्तावेज मिले