बच्चों की किताबें जलाकर सरकारी स्कूल में पकाया मुर्गा, वीडियो देखकर भी अनजान बन रहे अफसर
समझें क्या है पूरा मामला...
- अशोकनगर जिले के प्राणपुर पीएमश्री स्कूल में परिसर के अंदर ही मुर्गा बनाया गया है।
- आरोपियों ने चूल्हा जलाने के लिए स्कूल के बच्चों की किताबों को ईंधन के रूप में इस्तेमाल किया।
- पूरी घटना का एक वीडियो भी सामने आया है। इसमें लोग बरामदे में बैठकर मुर्गा खाते दिख रहे हैं।
- वीडियो सबूत होने के बावजूद अधिकारी दोषियों को बचाने में जुटे हैं।
शिक्षा के मंदिर में अंधेरगर्दी
मध्य प्रदेश के अशोकनगर जिले के शिक्षा विभाग से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने सबको हैरान कर दिया है। जहां एक तरफ बच्चों को अच्छी शिक्षा देने के दावे किए जाते हैं।
वहीं दूसरी तरफ स्कूल परिसर में ही नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात यह है कि जब इस पूरी घटना का वीडियो भी सामने आया है। इसके बावजूद भी बड़े अधिकारी दोषियों पर कार्रवाई करने के बजाय उन्हें बचाने के लिए ढाल बनकर खड़े हो गए हैं।
अधिकारियों का रवैया ऐसा है कि वे आंखों के सामने दिख रहे वीडियो के सच को भी झुठलाने में लगे हुए हैं।
स्कूल परिसर में बना मुर्गा, किताबों को बनाया ईंधन
यह पूरा मामला प्राणपुर के पीएमश्री स्कूल का है। आरोप है कि यहां के स्कूल परिसर में ही वहां के चौकीदार और कुछ बाहरी लोगों ने मिलकर महफिल जमाई। उन्होंने स्कूल के अंदर ही शराब पी और फिर ईंटों का एक अस्थाई चूल्हा तैयार किया।
हद तो तब हो गई जब चूल्हा जलाने के लिए उन्होंने लकड़ियों का इंतजाम करने के बजाय, स्कूल के बच्चों की किताबों को ही आग के हवाले कर दिया।
यानी जिन किताबों से बच्चों का भविष्य बनना था उन्हें चूल्हे में झोंककर मुर्गा पकाया गया। इसके बाद इन लोगों ने आराम से स्कूल के बरामदे में बैठकर मुर्गा खाया।
वीडियो में दिखे सबूत, फिर भी जांच टीम ने फेरा पानी
इस पूरी घटना का एक वीडियो भी सामने आया है। इस वीडियो में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि कुछ लोग स्कूल के बरामदे में बैठकर मुर्गा खा रहे हैं। पास में ही ईंटों का चूल्हा बना हुआ है और उसके पास जली हुई किताबें बिखरी पड़ी हैं। यह वीडियो पूरी तरह से सच बयां कर रहा है।
वीडियो वायरल होने के बाद उम्मीद थी कि विभाग सख्त एक्शन लेगा लेकिन हुआ इसके ठीक उलट। चंदेरी की बीईओ सुरभि जैन और उनकी जांच टीम ने मामले की लीपापोती शुरू कर दी।
अधिकारियों का हास्यास्पद तर्क
जांच के नाम पर अधिकारियों ने जो सच सामने रखा, वह बेहद अजीब और हास्यास्पद है। जानकारी के अनुसार चंदेरी बीईओ सुरभि जैन ने एक प्रेस नोट जारी करके इस पूरी घटना को ही झूठा करार दे दिया।
विभाग ने क्या सफाई दी?
अधिकारियों का कहना है कि स्कूल परिसर में आरईएस विभाग द्वारा कंप्यूटर रूम का निर्माण काम कराया जा रहा है। वहां काम करने वाले मजदूर पास में ही अपना भोजन तैयार कर रहे थे।
जांच टीम ने वीडियो में दिख रही जली हुई किताबों और शराब-मुर्गे की पार्टी को पूरी तरह से नजरअंदाज कर दिया।
अभी कोई बात नहीं कर सकती
चंदेरी बीईओ सुरभि जैन से संपर्क किया गया तो उन्होंने कहा कि में अभी मंदिर में हूं। अभी कोई बात नहीं कर सकती।
वहीं मध्यप्रदेश स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंहका कहना है कि, मुर्गा बनाने की बात मेरे संज्ञान में लाई गई है। इस पर जांच कराई जाएगी।
ये खबरें भी पढ़िए...
स्कूलों को नुकसान की घटनाओं से DPI नाराज, चोरी-तोड़फोड़ हुई तो 24 घंटे में करानी होगी FIR
MP में बढ़ता स्कूल का खर्च: फीस से ज्यादा भारी पड़ रहा किताब और यूनिफॉर्म का दाम
एमपी में डिजिटल शिक्षा की स्थिति बदहाल, इंटरनेट तो छोड़ो...कई स्कूलों में बिजली तक नहीं
गोल्ड मेडल पर स्टूडेंट का नाम छपा, दीक्षांत समारोह में दूसरे को दिया, हाई कोर्ट पहुंचा छात्र
अशोकनगर न्यूज: इंस्टाग्राम प्रेमजाल से 1.30 करोड़ की ठगी, इन्हीं पैसों से मंदिर में भंडारा कराया