भोपाल में 27 सितंबर को होगा मुख्यमंत्री स्टार्टअप संवाद, नए आइडियाओं को मिलेगी उड़ान, 200 युवा उद्यमियों से चर्चा करेंगे सीएम मोहन यादव
मध्य प्रदेश के युवा उद्यमियों के लिए राजधानी भोपाल से एक बड़ी और अच्छी खबर आई है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आगामी 27 सितंबर को राज्य के नए और उभरते हुए कारोबारियों से सीधे मिलने वाले हैं। इस खास बैठक का नाम मुख्यमंत्री स्टार्टअप संवाद रखा गया है। यह पूरा कार्यक्रम भोपाल स्थित प्रशासन अकादमी में आयोजित किया जाएगा।
कार्यक्रम की शुरुआत 27 सितंबर को सुबह ठीक 9 बजे से होगी। सरकार की इस पहल का मुख्य मकसद यही है कि युवाओं की बात को सीधे सुना जाए और समझा जाए कि उन्हें अपना काम आगे बढ़ाने में किन चीजों की जरूरत पड़ रही है।
जिलों से भोपाल पहुंचेंगे 200 स्टार्टअप संचालक
इस आयोजन की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें प्रदेशभर से छांटकर करीब 200 स्टार्टअप संचालकों को बुलाया जा रहा है। ये वे युवा हैं जो अपने नए-नए विचारों से बिजनेस खड़ा कर रहे हैं।
आयोजन को सफल बनाने के लिए सरकारी स्तर पर तैयारियां तेज हो चुकी हैं। एमएसएमई आयुक्त कुमार पुरषोत्तम ने मंगलवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए एक जरूरी बैठक ली। इस बैठक में उन्होंने प्रदेश के सभी जिलों के उद्योग अधिकारियों को साफ निर्देश दिए हैं कि वे अपने-अपने जिले के योग्य और नए उद्यमियों को इस संवाद में भाग लेने के लिए भोपाल भेजें। इसके साथ ही उन्होंने आला अधिकारियों के साथ बैठकर कार्यक्रम की एक-एक व्यवस्था की बिंदुवार समीक्षा भी पूरी कर ली है।
जानिए क्यों बेहद खास है यह मुख्यमंत्री संवाद
यह कार्यक्रम केवल भाषण देने का मंच नहीं होगा, बल्कि यहां दोनों तरफ से खुलकर बातें होंगी। सरकार का मानना है कि प्रदेश में कारोबार और रोजगार का माहौल तभी बेहतर बन सकता है, जब जमीनी स्तर के व्यापारियों से सीधा तालमेल हो।
इस मंच पर मुख्य रूप से इन जरूरी बातों पर फोकस रहेगा...
- प्रदेश में तेजी से बन रहे स्टार्टअप माहौल को और मजबूत करना।
- युवाओं की नई सोच और उनके अनोखे नवाचार को बढ़ावा देना।
- प्रदेश के भीतर ही स्थानीय स्तर पर ज्यादा से ज्यादा रोजगार सृजन के रास्ते खोजना।
- काम के दौरान आने वाली व्यावहारिक दिक्कतों और समस्याओं का सीधा समाधान निकालना।
युवा कारोबारियों को मिलेगा अपनी बात रखने का खुला मंच
इस संवाद कार्यक्रम में शामिल होने वाले युवा उद्यमियों को मुख्यमंत्री के सामने सीधे अपनी बात कहने का मौका दिया जाएगा। वे खुलकर बता सकेंगे कि उन्होंने अपना बिजनेस कैसे शुरू किया और अब तक क्या-क्या उपलब्धियां हासिल की हैं। इसके साथ ही बाजार में उन्हें किन बड़ी चुनौतियों और परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, वे यह बात भी बेझिझक सीएम के सामने रख पाएंगे। युवा कारोबारी सरकार को यह सुझाव भी दे सकेंगे कि सरकारी नीतियों में किस तरह का बदलाव करके उनके काम को और आसान बनाया जा सकता है।