डेली कॉलेज चुनाव पर रोक नहीं, सभी याचिकाएं खारिज, 21 मई को वोटिंग और रिजल्ट
इंदौर डेली कॉलेज के चुनाव पर छाया असमंजस छंट गया है। इंदौर हाईकोर्ट ने इस मामले में लगी चार याचिकाओं को लेकर 15 मई शुक्रवार को एक घंटे तक सुनवाई की और आदेश सुरक्षित रखा। देर शाम यह आदेश जारी कर दिया गया। इसमें सभी याचिकाएं खारिज की गई।
इन आधार पर की खारिज
हाईकोर्ट जस्टिस संदीप एन भट्ट ने यह आदेश दिया। सभी पक्षों को सुनने के बाद आदेश हुआ कि संविधान को लेकर जो आपत्ति है इसमें याचिकाकर्ताओं के पास अधिकार है कि वह इसमें उच्च स्तर रजिस्ट्रार के पास अपील कर सकते हैं। वहीं डेली कॉलेज गैर सरकारी मदद प्राप्त निजी संस्था है।
ऐसे में इसमें दखल के अवसर सीमित हो जाते हैं। वहीं चुनाव प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है। पोस्टल बैलेट मतदाताओं के पास भेजे जा चुके हैं। वहीं 21 मई को वोटिंग है और रिजल्ट है। ऐसे में इसमें दखल देने का कोई मामला नहीं बनता है। इसलिए सभी याचिकाएं खारिज की जाती है।
इन्होंने लगई थी याचिका
यह याचिकाएं जय सिंह झाबुआ, विक्रम खंडेलवाल, संदीप पारिख व अन्य की ओर से लगी थी। इसमें मुख्य मुद्दा यही था कि संविधान संशोधन सही नहीं हुआ है। इसे अवैध घोषित किया जाए। वहीं डेली कॉलेज की ओर से कहा गया कि याचिका मेंटेनेबल नहीं है, क्योंकि इनके पास रजिस्ट्रार के पास जाने के अधिकार मौजूद है। वहीं यह याचिकाकर्ता डेली कॉलेज के सभी पूर्व छात्रों का प्रतिनिधित्व नहीं करते हैं। साथ ही चुनाव प्रक्रिया भी चालू हो चुकी है।
इसके पहले जस्टिस हट गए थे
इसके पहले इसमें तब मुद्दा गरमा गया था जब 14 मई को जस्टिस प्रणय वर्मा ने अचानक इस केस से हटने का फैसला लिया। उन्होंने लिखित आदेश दिया कि इसे अन्य बेंच में लगाया जाए जिसमें वह नहीं होंगे। जब कोर्ट में अधिवक्ता ने पूछा कि ऐसा क्यों तो जस्टिस ने कहा था कि यह मत पूछिए क्यों, मैं इस पर कुछ नहीं कह सकता हूं। इसके बाद जस्टिस संदीप भट्ट की बेंच में यह केस लगा और इसमें आदेश हुए।
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