दतिया उपचुनाव में कांग्रेस को मिला सपा का साथ, घनश्याम सिंह ने भरा नामांकन
दतिया विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस ने कुंवर घनश्याम सिंह को मैदान में उतारा है। सोमवार को उन्होंने कलेक्ट्रेट पहुंचकर अपना नामांकन दाखिल कर दिया। समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मनोज यादव ने भी उनका समर्थन किया। सपा और कांग्रेस मिलकर उपचुनाव लड़ेंगे, जिससे भाजपा की चुनौती बढ़ गई है। घनश्याम सिंह ने बिजली, पानी और भ्रष्टाचार को बड़ा मुद्दा बताया है।
मंदिर से शुरू हुआ दतिया उपचुनाव का सफर
सोमवार सुबह कांग्रेस प्रत्याशी कुंवर घनश्याम सिंह ने अपने चुनावी अभियान की शुरुआत की। उन्होंने पहले पीतांबरा पीठ पहुंचकर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। इसके बाद प्राचीन बनखंडेश्वर महादेव मंदिर में जलाभिषेक किया।
उन्होंने प्रदेश और क्षेत्र की खुशहाली के साथ चुनाव में सफलता की कामना की। पूजा के बाद वो सीधे कलेक्ट्रेट कार्यालय के लिए रवाना हो गए।
नामांकन का दिन
कलेक्ट्रेट पहुंचकर घनश्याम सिंह ने अपना नामांकन फार्म जमा किया। यह नामांकन दाखिल करने का आखिरी दिन था। उनके साथ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार भी मौजूद रहे। भांडेर विधायक फूल सिंह बरैया समेत कई नेता और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता भी वहां पहुंचे थे।
सपा का बड़ा समर्थन
नामांकन के दौरान एक खास बात देखने को मिली। समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मनोज यादव भी अपने कार्यकर्ताओं के साथ कलेक्ट्रेट पहुंच गए। वे बड़ी संख्या में पदाधिकारियों को भी साथ लाए थे।
मनोज यादव ने वहीं कांग्रेस प्रत्याशी को समर्थन देने की घोषणा कर दी। उन्होंने कहा कि वो कांग्रेस प्रत्याशी को जिताएंगे। उन्होंने साफ कहा कि उनकी पार्टी इंडिया गठबंधन के साथ है।
भाजपा के लिए बढ़ी चुनौती
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि सपा का यह फैसला भाजपा (BJP – Bharatiya Janata Party) के लिए मुश्किल खड़ी कर सकता है। दतिया में यादव वोटरों का असर काफी माना जाता है। ऐसे में सपा (SP – Samajwadi Party) का साथ आना कांग्रेस के लिए फायदेमंद हो सकता है।
पहले से ही विरोध के सुर झेल रही भाजपा के सामने अब यह नया समीकरण चुनौती बन गया है।
जनसभा में शक्ति प्रदर्शन
नामांकन के बाद कांग्रेस ने बाईपास रिंग रोड स्थित सभा स्थल पर विशाल आमसभा का आयोजन किया। इस आयोजन में प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने कार्यकर्ताओं को संबोधित किया।
नामांकन के तुरंत बाद घनश्याम सिंह समेत सभी कांग्रेसी नेता आयोजन स्थल के लिए रवाना हो गए। कांग्रेस इसे अपने शक्ति प्रदर्शन के तौर पर देख रही है।
जनता के मुद्दे उठाए
मीडिया से बातचीत में घनश्याम सिंह ने दतिया की बुनियादी समस्याओं को चुनाव का मुख्य मुद्दा बताया। उन्होंने कहा कि जिले में बिजली, पानी और सड़कों की समस्या बनी हुई है।
उनके अनुसार अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवाएं संतोषजनक नहीं हैं। स्कूल-कॉलेजों में शिक्षा व्यवस्था भी प्रभावित बताई गई। उन्होंने आरोप लगाया कि जिले में भ्रष्टाचार चरम पर पहुंच गया है और गरीब व्यक्ति की सुनवाई नहीं होती।
युवाओं पर टिप्पणी
घनश्याम सिंह ने कहा कि युवाओं को असली मुद्दों से भटकाया जा रहा है। उनके मुताबिक जिले में ड्रग्स, जुआ और सट्टे का चलन तेजी से बढ़ा है। इससे युवा गलत दिशा में जा रहे हैं।
किसानों की बढ़ी परेशानी
कांग्रेस प्रत्याशी ने किसानों की स्थिति पर भी बात की। उनका कहना है कि बढ़ती लागत से किसान परेशान हैं। बिजली, खाद, बीज और दवाइयों के दाम लगातार बढ़ रहे हैं, लेकिन उपज का सही मूल्य नहीं मिल पा रहा।
उन्होंने दावा किया कि युवा, किसान, महिलाएं और व्यापारी सभी वर्ग परेशान हैं। उनके अनुसार जनता अब बदलाव की तलाश में है। घनश्याम सिंह ने कहा कि भाजपा सरकार के खिलाफ लोगों में गुस्सा है और यह उपचुनाव बदलाव का मौका बन सकता है।
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