इंदौर के ड्रग तस्कर प्रेमी से प्रेमिका ने सीखी तस्करी, फिर पति को सिखाकर तैयार किया नेटवर्क

Vishwanath Singh | Mar 14, 2025, 13:01 IST
The Sootr
शहर में 80 से ज्यादा पैडलर का नेटवर्क तैयार कर ब्राउन शुगर बेचने वाले तस्कर देवगुराड़िया निवासी गुलशन नरगावे को परदेशीपुरा पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस ने उसकी कार में जीपीएस लगाया था।

इंदौर पुलिस ने ड्रग तस्करी का एक नया नेटवर्क पकड़ा है। इसके पीछे जो कहानी सामने आई है वह काफी रोचक है। आपने अभी तक पति–पत्नी और वो तो सुना ही होगा, लेकिन यह कहानी पति, पत्नी, प्रेमी और ड्रग तस्करी की है। इसमें प्रेमी ने ड्रग तस्करी करना अपनी प्रेमिका को सिखाया। फिर प्रेमिका ने अपने पति को ड्रग तस्करी सिखाई और फिर देखते ही देखते दोनों पति–पत्नी ने मिलकर 80 से ज्यादा ड्रग पैडलर्स का नेटवर्क तैयार कर लिया है।



जीपीएस लगाकर पकड़ा पुलिस ने

शहर में 80 से ज्यादा पैडलर का नेटवर्क तैयार कर ब्राउन शुगर बेचने वाले तस्कर देवगुराड़िया निवासी गुलशन नरगावे को परदेशीपुरा पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस ने उसकी कार में जीपीएस लगाया था। इसके चलते वह जहां भी जाता था, उसकी लोकेशन ट्रेस हो जाती थी। डीसीपी जोन-2 अभिनय विश्वकर्मा के अनुसार गुलशन बुधवार रात परदेशीपुरा इलाके की मंडी में स्कॉर्पियो से पहुंचा तो उसे गिरफ्तार कर लिया।



यह खबर भी पढ़ें... इंदौर के खजराना गणेश मंदिर में बंद हो चुके 500–1000 के नोट भी चढ़ाए, चढ़ाया 1.21 करोड़ का दान



टी–शर्ट में छिपा रखी थी ब्राउन शुगर

यह खबर भी पढ़ें... इंदौर पुलिस ने ड्रग तस्कर को होटल में बनाया बंधक , फिर 20 लाख रुपए लेकर छोड़ा



जीजा के नाम से करता था तस्करी

एसीपी नरेंद्र रावत के अनुसार, क्षेत्र में किसी समय लोकल गैंग सरगना निक्की भाऊ बड़े पैमाने पर तस्करी करता था। निक्की और सलोनी के जेल जाने के बाद गुलशन ने अपना नेटवर्क फैलाया और स्वयं को नया नाम ‘जीजा’ दिया। गुलशन कभी सामने आकर ड्रग्स नहीं देता था। वह फ्लैटों में जाकर खास लोगों को नशा सप्लाय करता था। पुलिस सूत्रों का कहना है, गुलशन बड़े पैमाने पर मिल क्षेत्र में ड्रग्स सप्लाय कर रहा था।



यह खबर भी पढ़ें... MGM DEAN संजय दीक्षित रिटायर हुए तो साथ ले गए सरकारी लैपटॉप, कुसी, फ्रिज, एयर प्यूरीफायर



अपराध शाखा के 6 जवान सहित 14 लाइन अटैच

वहीं, दूसरी तरफ पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह ने ऑपरेशन क्लीन के तहत जिन 14 पुलिसकर्मियों को लाइन अटैच किया है। इसमें सबसे ज्यादा अपराधा शाखा के 6 पुलिस जवान हैं। इसके अलावा जूनी इंदौर, संयोगितागंज, खजराना, सदर बाजार, गांधीनगर, राऊ और विजय थाने का पुलिसकर्मी शामिल है। वहीं, एडीशनल सीपी लॉ एंड ऑर्डर अमित सिंह का कहना है कि जिन दो टीआई के नाम आजादनगर वाले मामले में आए हैं उसमें अभी जांच की जा रही है। जो नाम बताए जा रहे हैं उन्हें वेरिफाई किया जाएगा उसके बाद ही कार्रवाई की जाएगी।



यह खबर भी पढ़ें... माखीजा और कोल ग्रुप के भाटिया में पावर गेम, एक गेट के लिए मंत्री, नेताओं के फोन



जेल भेजा आरोपी लखन को

तेजाजी नगर पुलिस ने मंगलवार दोपहर को ड्रग तस्करों को संरक्षण देने के मामले में आरोपी सिपाही लखन गुप्ता को कोर्ट में पेश कर दिया था। जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। पुलिस ने अब उन तस्करों को तलाशना शुरू कर दिया है, जो कि रुपए देकर थाने से छूटे थे। एक तस्कर भुरू बैंड को भी हिरासत में लिया जाना बताया गया है।



बंधक बनाकर लाखों वसूले

ड्रग माफिया से वसूली की जद में अब 10 पुलिस जवानों के साथ ही विजय नगर थाने के टीआई सीके पटेल भी आ गए हैं। पुलिसकर्मी विजयनगर क्षेत्र की होटलों में आरोपियों को बंधक बनाकर रखते थे। सूत्रों के मुताबिक विजय नगर थाने के टीआई सीके पटेल ने पिछले दिनों श्रीनगर कांकड़ से अजहर पन्नी को एमडी ड्रग के साथ पकड़ा था। पन्नी ने यह ड्रग बड़ौद के ड्रग माफिया राजा से लेकर आना बताया था। सिपाहियों ने राजा को हिरासत में लिया और आरोप है कि उन्हाेंने राजा को तीन दिन तक विजयनगर क्षेत्र की होटल में बंधक बनाकर रखा था। अपराध शाखा के सिपाही प्रमोद सिंह ने इसमें मध्यस्थता की और लाखों रुपए लेकर छोड़ दिया। इस मामले में सिपाही मुकेश, प्रमोद, लोकेश और राधे की भूमिका संदिग्ध है।





Tags:
  • MP News
  • Indore News
  • Pardeshipura police station
  • husband
  • drug