Synopsis: मध्यप्रदेश विधानसभा में मोहन यादव सरकार के कार्यकाल का पहला और वर्तमान वित्त वर्ष 2024-25 का दूसरा अनुपूरक बजट गुरुवार, 8 फरवरी को पेश किया जाएगा। इसके साथ ही सोमवार 12 फरवरी को अंतरिम बजट (लेखानुदान) पेश किया जाएगा।
विपक्ष ने की हरदा हादसे पर चर्चा की मांग
हरदा में पटाखा फैक्ट्री में हुए विस्फोट के बाद हुए जान माल के नुकसान को लेकर भी विपक्ष ने सदन में चर्चा की मांग की है, जिसका निर्णय विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर करेंगे। वहीं, विपक्ष इस मामले को सदन में उठाएगा।
कार्यमंत्रणा समिति की बैठक में सदन की कार्यवाही पर चर्चा
बुधवार को हुई कार्यमंत्रणा समिति की बैठक में गुरुवार को होने वाली सदन की कार्यवाही को लेकर चर्चा की गई। इस बैठक में तय हुआ है कि 8 फरवरी को प्रश्नोत्तर काल के बाद शासकीय कार्य किए जाएंगे और वित्त संबंधी विभिन्न पत्रों को उप मुख्यमंत्री व वित्त और वाणिज्यिक कर विभाग के मंत्री जगदीश देवड़ा सदन के पटल पर रखेंगे।
इसके अलावा ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर भी सदन में पत्र पटल पर रखेंगे। इसी कार्यवाही के दौरान वित्त मंत्री देवड़ा की ओर से द्वितीय अनुपूरक बजट सदन में पेश किया जाएगा जिस पर 9 फरवरी को चर्चा कराई जाएगी। गुरुवार को और 12 फरवरी को सदन में राज्यपाल के अभिभाषण पर कृतज्ञता प्रस्ताव पर चर्चा की जाएगी।
12 फरवरी को आएगा लेखानुदान
वित्त वर्ष 2024-25 के लिए चार माह के खर्च को लेकर लेखानुदान (अंतरिम बजट) 12 फरवरी को पेश होगा। प्रश्नोत्तर काल के बाद शासकीय कार्य अवधि में इसी दिन राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा होगी। इसके बाद 13 व 14 फरवरी को अंतरिम बजट पर चर्चा की जाएगी।
हरदा मामले में चर्चा का फैसला अध्यक्ष करेंगे
विधानसभा में बुधवार को पौन घंटे तक चली कार्य मंत्रणा समिति की बैठक में कांग्रेस ने हरदा विस्फोट मामले में चर्चा का मामला उठाया था। इस पर सत्ता पक्ष ने भी सहमति दी है। बैठक में घटना के बाद सरकार द्वारा लोगों के बचाव के लिए उठाए गए कदमों पर भी बात हुई।
इसके बाद दोनों ही दलों के नेताओं ने हरदा विस्फोट पर चर्चा के लिए विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर को अधिकृत किया है। वे ही चर्चा के समय और स्वरूप को लेकर फैसला करेंगे और सदस्यों को इससे अवगत कराएंगे। कार्य मंत्रणा समिति की बैठक में हरदा मामले में मृतकों को श्रद्धांजलि भी दी गई है।
सीएम के जवाब देने के दौरान बहस की स्थिति बनी। हंगामा देखते हुए सदन की कार्यवाही स्थगित कर दी गई है। न्यायिक जांच की मांग न मानने पर कांग्रेस ने वाकआउट किया।
सीएम डॉ. मोहन यादव ने कहा कि विस्फोट के कारण एक महिला का हाथ उड़ गया था। वह हमीदिया में एडमिट है। मैंने उससे बात की। जहां हादसा हुआ है वहां पीएम आवास नहीं देना चाहिए था बस्ती बसाने के लिए कौन दोषी है ? इसकी जांच करेंगे और कार्रवाई करेंगे।
डॉ. मोहन यादव ने कहा कि हरदा में विस्फोट देखकर ऐसा भी लगा कि आतंकी घटना तो नहीं हो गई। हमने भारत सरकार को भी तुरंत सूचना दी।
डॉ. मोहन यादव ने कहा कि हरदा में विस्फोट देखकर ऐसा भी लगा कि आतंकी घटना तो नहीं हो गई। हमने भारत सरकार को भी तुरंत सूचना दी।
विपक्ष का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि हरदा का वीडियो देखकर लगा था कि पोखरण जैसा विस्फोट होगा। कैबिनेट बैठक रोक कर सबसे पहले टीम बनाई और मंत्री उदय प्रताप सिंह को अधिकारियों के साथ मौके पर भेजा।
कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने कहा कि भोपाल के बाजार में किसी तरह का कारोबार हो रहा है, इस ओर भी ध्यान देना चाहिए।
हरदा कांग्रेस विधायक राम दोगने ने हरदा ब्लास्ट पर चर्चा के दौरान कहा- फैक्ट्री मालिक को जिनका संरक्षण था उन पर कार्रवाई होनी चाहिए। अगर मैं दोषी हूं तो मुझे फांसी की सजा देनी चाहिए और जो वहां मंत्री था, अगर उसका संरक्षण था तो उसे भी फांसी की सजा होनी चाहिए।
बता दें, हरदा से बीजेपी के कमल पटेल मंत्री थे, जो इस बार विधानसभा चुनाव हार गए हैं। हालांकि, दोगने ने किसी का नाम नहीं लिया।
दोगने ने कहा, मुख्यमंत्री जी बैठे हैं, इस मामले की न्यायिक जांच कराई जाए। कमेटी में विधायक को भी रखा जाए। कई लोग मिसिंग हैं। मेरे पास कई लोग आए जिनके परिजन बच्चे नहीं मिल रहे। कई लोग फैक्ट्री में बाहर के थे। इसकी जांच होनी चाहिए।
जब 2 लाइसेंस सस्पेंड थे तो तीसरे लाइसेंस पर फैक्ट्री कैसे चल रही थी? कई विभागों की एनओसी के बाद ऐसी फैक्ट्री संचालित होती है। कमिश्नर ने अपील पर अनुमति कैसे और क्यों दे दी? एक महीने का स्टे होने के बावजूद इतने लंबे समय से फैक्ट्री कैसे चल रही थी? कलेक्टर-एसपी को हटा देना समाधान नहीं हैं। आखिर किसका संरक्षण था?
रामनिवास रावत ने कहा, हरदा की फैक्ट्री में सुतली बम ही नहीं, जिलेटिन रॉड बनाने का काम भी किया जा रहा होगा। 50 से 60 घर इस घटना में तबाह हो गए। अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया कि घटना के वक्त कितने मजदूर फैक्ट्री में थे। फैक्ट्री में 500 लोगों के मजदूरी करने की क्षमता है। रावत ने कहा, फैक्ट्री में सबसे पहले हादसा 2015 में हुआ था। अग्रवाल की फैक्ट्री कुंजरगांव और पीपलपानी में भी है। फैक्ट्री में कई बार हादसे हुए। पेटलावद में बड़े पैमाने पर लोग मारे गए थे। फैक्ट्रियां चलती हैं, हादसे होते है। हम चर्चा करते हैं। आप हमको यह सोचना पड़ेगा, हादसों के पीछे आखिर कौन जिम्मेदार है? इस फैक्ट्री को अवैध रूप से कैसे संचालित किया जा रहा था? इस फैक्ट्री में का लाइसेंस निरस्त कर दिया गया था। एडीएम ने जांच रिपोर्ट में फैक्ट्री को बंद करने की रिपोर्ट दी थी।
स्पीकर नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा- हरदा हादसे पर स्थगन प्रस्ताव की 8 सदस्यों की सूचनाएं मिली हैं। कांग्रेस विधायक रामनिवास रावत की स्थगन सूचना पढ़ी। हरदा हादसे पर कांग्रेस का स्थगन प्रस्ताव अध्यक्ष ने स्वीकार कर लिया। स्पीकर ने कहा- हरदा की घटना गंभीर है। शासन की ओर से चर्चा की सहमति दी गई है। डेढ़ घंटे होगी हरदा हादसे पर चर्चा। कांग्रेस विधायक रामनिवास रावत ने जैसे ही हरदा की घटना पर बोलना शुरू किया, मंत्री विश्वास सारंग ने कहा, मुख्यमंत्री जी वहां होकर आए हैं और अभी मुख्यमंत्री जी अपने कक्ष में बैठकर रिपोर्ट ले रहे हैं। इस पर नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार बोले, इतनी गंभीर घटना है और मुख्यमंत्री जी चेंबर में बैठे हैं। क्या चेंबर से सदन चलेगा।
विधायक हेमंत खंडेलवाल और ओमप्रकाश सखलेचा ने कहा कि पंचायतों में कई सालों से सचिव पदस्थ हैं। इसको लेकर पॉलिसी बननी चाहिए।
गिरीश गौतम ने कहा, रोजगार सहायकों की ट्रांसफर पॉलिसी नहीं है। रोजगार सहायकों के हाथ में ही हितग्राहियों को पैसे देने के अधिकार रहते हैं। रोजगार सहायकों को भी पंचायत से बाहर करने की नीति बनाई जाए।
पंचायत मंत्री प्रहलाद पटेल ने जवाब देते हुए कहा- GAD के नियम अनुसार काम किया जाएगा। तीन वर्ष या उससे अधिक अवधि की पदस्थापना की अवधि पूरा होने पर होम पर तबादला किया जा सकता है।
दस साल तक एक ही जगह पदस्थ रहना नियम में नहीं है। मैं नियम का परिवर्तन कर सदन के सामने आऊंगा। आप लोग उसमें राय दे सकते हैं।
प्रश्नकाल के दौरान कांग्रेस विधायक सीतासरन शर्मा ने कहा- फर्जी सदस्य बनकर सहकारी समिति बनाई गई।
मंत्री विश्वास सारंग ने कहा - विधायक जी के पत्र के बाद संचालक मंडल को भंग कर दिया गया है और संचालक मंडल के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। मंत्री ने माना कि वहां पर अनियमिताएं थी, इसलिए विभाग ने तुरंत कार्रवाई की है। एक महीने के अंदर जांच करा देंगे। आपने एफआईआर की मांग की है तो वह भी जांच के बाद करा देंगे।
सागर विधायक शैलेंद्र जैन ने कहा प्रश्न लगाते ही समस्या का समाधान हो गया है। ना केवल सागर बल्कि कई अन्य जिलों में भी महाविद्यालय खोलने की सहमति मिली है, लेकिन हमने आयुष महाविद्यालय खोलने की मांग की है।
जिस तरह की सरकार चल रही है, हर तरह से लापरवाही हर क्षेत्र में हो रही है। हरदा में पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट बहुत बड़ी दुर्घटना है। सारे दोषियों को दंडित करना चाहिए।
टीआई अपाला सिंह विधानसभा में अपने आठ महीने के बेटे वीर के साथ ड्यूटी कर रही हैं। अपाला रायसेन में पदस्थ हैं।
हरदा के कांग्रेस विधायक आर के दोगने सुतली बम पहनकर विधानसभा पहुंचे। उन्होंने महात्मा गांधी की प्रतिमा के सामने विरुद्ध दर्ज कराते हुए पूरे मामले की जांच के लिए बनाई गई टीम में विधायकों, पत्रकारों को शामिल करने की मांग की।
हरदा के कांग्रेस विधायक आर के दोगने सुतली बम पहनकर विधानसभा पहुंची और महात्मा गांधी की प्रतिमा के सामने उन्होंने अपना विरुद्ध दर्ज कराते हुए पूरे मामले की जांच के लिए बनाई गई टीम में विधायकों पत्रकारों को शामिल करने की मांग की इसके साथ ही उन्होंने कहा कि घटनास्थल पर बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे और जो तलघर है उसे खोलकर देखा जाना चाहिए मुख्यमंत्री जी के वापस लौट के बाद जांच बंद कर दी गई है रेस्क्यू भी खत्म कर दिया गया है जबकि तलघर में बड़े पैमाने पर लोग हो सकते हैं।