मोहन कैबिनेट के बड़े फैसले: MP में बनेंगे 15 नए सैटेलाइट टाउन, 23 हजार करोड़ की योजनाएं रहेंगी जारी, अगली बैठक गांधीसागर में

Aman Vaishnav | Nov 03, 2026, 13:59 IST
मध्य प्रदेश में 15 नए टाउन विकसित करने और 2013 करोड़ के शहरी विकास MOU को लेकर मोहन कैबिनेट में अहम फैसला लिया गया।
Madhya Pradesh Mohan Cabinet Approves 15 New Towns and 2013 Crore Urban Development MOU Along With Upcoming Gandhisagar Meeting
मध्य प्रदेश में नए शहर बसाने से लेकर गांवों में लोगों को उनकी संपत्ति का मालिकाना हक दिलाने तक मोहन सरकार ने कई बड़े फैसले लिए हैं। प्रदेश में 15 नए सैटेलाइट टाउन विकसित किए जाएंगे और सड़कों का जाल बिछाया जाएगा। वहीं मुख्यमंत्री स्वामित्व योजना के तहत संपत्ति की रजिस्ट्री का पूरा खर्च सरकार उठाएगी। साल के अंत तक 50 लाख रजिस्ट्री का लक्ष्य रखा गया है।

बता दें कि मंगलवार, 03 नवंबर को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में कैबिनेट बैठक हुई। इस बैठक में 23 हजार 228 करोड़ रुपए की विभिन्न योजनाओं को जारी रखने का भी फैसला लिया गया है। बैठक के बाद एमएसएमई मंत्री चैतन्य कश्यप ने मीडिया को इन फैसलों की जानकारी दी।



प्रदेश में बनेंगे 15 नए सैटेलाइट टाउन

इंदौर में आयोजित अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव में प्रदेश के शहरी विकास को लेकर महत्वपूर्ण पहल की गई। इसके तहत मध्य प्रदेश में 15 नए सैटेलाइट टाउन विकसित किए जाएंगे। साथ ही सड़क नेटवर्क को मजबूत करने पर जोर रहेगा।



कॉन्क्लेव में 2013 करोड़ रुपए के समझौता ज्ञापन यानी MOU हुए हैं। इसके अलावा इंदौर आर्थिक क्षेत्र की वर्ष 2047 तक की विकास रिपोर्ट भी जारी की गई है। इस रिपोर्ट में मध्य प्रदेश में भविष्य में मिलने वाले अवसरों और विकास की संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए 2047 तक की रूपरेखा तैयार की गई है।



स्वामित्व योजना में रजिस्ट्री का पूरा खर्च उठाएगी सरकार

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंत्रियों को मुख्यमंत्री स्वामित्व योजना के तहत रजिस्ट्री के काम में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। इस योजना में रजिस्ट्री का पूरा शुल्क मध्य प्रदेश सरकार भर रही है। रजिस्ट्री लोगों के लिए उनकी संपत्ति के मालिकाना हक का प्रमाण बनेगी। इससे उन्हें जरूरत पड़ने पर बैंक से लोन लेने में भी आसानी होगी।



सरकार के मुताबिक अब तक 15 लाख रजिस्ट्री हो चुकी हैं। 15 नवंबर तक यह संख्या 20 लाख तक पहुंचने का अनुमान है। वहीं साल के अंत तक 50 लाख रजिस्ट्री करने का लक्ष्य रखा गया है।



18 नवंबर को गांधीसागर में होगी अगली कैबिनेट बैठक

मोहन सरकार की अगली कैबिनेट बैठक दीपावली के बाद 18 नवंबर को गांधीसागर में प्रस्तावित है। यह बैठक डेस्टिनेशन कैबिनेट की पहल के तहत आयोजित की जाएगी। इससे पहले अहिल्याबाई से जुड़े स्थान और जगदीशपुर में भी कैबिनेट बैठकें आयोजित की जा चुकी हैं।



बता दें कि सरकार ने वर्ष 2026 को किसानों पर केंद्रित रखा है। इसी को ध्यान में रखते हुए अगली बैठक में किसान वर्ष पर विशेष फोकस रहेगा।



नीलगाय से फसलों को बचाने बोमा पद्धति का इस्तेमाल

प्रदेश में किसानों के सामने नीलगाय के कारण फसलों को होने वाला नुकसान बड़ी समस्या है। इससे निपटने के लिए सरकार ने बोमा पद्धति अपनाई है। इसके लिए अफ्रीका के विशेषज्ञों को बुलाकर कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया गया। इस पद्धति के जरिए 20 से ज्यादा हिरण और नीलगाय को पकड़कर वन्यजीव संरक्षण क्षेत्र में छोड़ा गया है।



सरकार का उद्देश्य किसानों की फसलों को नुकसान से बचाने के साथ वन्यजीवों का संरक्षण करना है।



सरकारी कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 2 प्रतिशत बढ़ाया

राज्य सरकार ने शासकीय कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में 2 प्रतिशत की बढ़ोतरी की है। इस फैसले से सरकारी कर्मचारियों को बढ़े हुए महंगाई भत्ते का लाभ मिलेगा। हालांकि बढ़ी हुई दर कब से लागू होगी, इसकी विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है।



15 नवंबर को तीन स्थानों पर मनाई जाएगी बिरसा मुंडा जयंती

प्रदेश में 15 नवंबर को जननायक बिरसा मुंडा की जयंती बड़े स्तर पर मनाई जाएगी। सरकार ने इसके लिए तीन स्थानों का चयन किया है। इन जगहों पर जयंती कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। हालांकि चयनित स्थानों के नाम की जानकारी अभी नहीं दी गई है।



23 हजार 228 करोड़ की योजनाएं जारी रखने का फैसला

बता दें कि कैबिनेट बैठक में विभिन्न विभागों की कुल 23 हजार 228 करोड़ रुपए की योजनाओं को निरंतर जारी रखने का फैसला लिया गया है। इसमें वन विभाग की 8 योजनाएं शामिल हैं। इनमें प्रशिक्षण केंद्रों से जुड़े कार्य भी शामिल हैं। इसके अलावा लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग की निवेश संबंधी योजना को भी जारी रखा जाएगा।



पन्ना, विदिशा और मऊगंज की सिंचाई योजनाओं पर फैसला

कैबिनेट ने जल संसाधन विभाग से जुड़े चार कार्यों को आगे बढ़ाने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी है। इनमें पन्ना जिले की मझगांव सिंचाई योजना, विदिशा जिले की लटेरी तहसील से जुड़ी योजना और मऊगंज की हनुमंता सिंचाई योजना शामिल हैं।



इसके अलावा सिंहस्थ के दौरान शिप्रा नदी में पर्याप्त जल प्रवाह बनाए रखने से जुड़े प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई है। इसका उद्देश्य सिंहस्थ के समय नदी में पानी का बहाव बनाए रखना है।



किसानों, कर्मचारियों और शहरी विकास पर सरकार का फोकस

मंगलवार की कैबिनेट बैठक में शहरी विकास, संपत्ति के अधिकार, किसानों की समस्याओं, सरकारी कर्मचारियों और सिंचाई योजनाओं से जुड़े मुद्दे प्रमुख रहे।



सरकार ने जहां 15 नए सैटेलाइट टाउन विकसित करने की तैयारी की है, वहीं स्वामित्व योजना के तहत साल के अंत तक 50 लाख रजिस्ट्री का लक्ष्य रखा है। अब अगली कैबिनेट बैठक 18 नवंबर को गांधीसागर में प्रस्तावित है।



धान खरीदी के लिए पंजीयन की तारीख बढ़ी

कैबिनेट में किसानों को लेकर भी फैसला लिया गया है। मध्य प्रदेश में धान खरीदी के लिए पंजीयन की तारीख बढ़ाकर 4 नवंबर कर दी गई है। अब तक जो किसान पंजीयन नहीं करा पाए हैं, वे 4 नवंबर तक रजिस्ट्रेशन कराकर इस योजना का लाभ ले सकते हैं।



4 नवंबर को भोपाल आएंगे राजनाथ सिंह

दूसरी ओर बुधवार, 4 नवंबर को भोपाल में लोकतंत्र बचाओ रैली का कार्यक्रम प्रस्तावित है। इसमें रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह शामिल होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भी मौजूद रहेंगे।



सीएम मोहन यादव ने दी दिवाली की बधाई

दीपावली से पहले हुई आखिरी कैबिनेट बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सभी मंत्रियों को त्योहार की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कैबिनेट के सभी सदस्यों और उनके परिवारों के जीवन में सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। मुख्यमंत्री ने कहा कि दीपावली का त्योहार सभी के जीवन में खुशियां लेकर आए।

Tags:
  • एमएसएमई मंत्री चैतन्य कश्यप
  • कैबिनेट बैठक
  • मोहन कैबिनेट बैठक
  • मोहन सरकार
  • भाजपा की लोकतंत्र बचाओ रैली
  • मुख्यमंत्री डॉ. मोहन याद
  • रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह