e-Farms Soil Mobile App: अब मोबाइल बताएगा आपके खेत की मिट्टी की सेहत, जानें कैसे

Manya Jain | Apr 13, 2026, 21:17 IST
e-Farms Soil Mobile App
ICAR-IISS भोपाल ने 'e-Farms' ऐप और 'किसान मित्र छड़ी' लॉन्च किया है। AI की मदद से किसान अब खेत में ही मिट्टी की जांच कर सकेंगे। यह तकनीक खेती को सुरक्षित और स्मार्ट बनाएगी।

भारतीय खेती अब पूरी तरह बदल रही है। तकनीकी युग की शुरुआत से किसानों को बहुत फायदा होगा। सरकार खेती की लागत कम करने की कोशिश कर रही है। अब मिट्टी की जांच के लिए हफ्तों इंतजार नहीं करना पड़ेगा। रायसेन के उन्नत कृषि महोत्सव में एक नया मोबाइल ऐप आया है। इसका नाम ई-फार्म्स सॉइल मोबाइल ऐप रखा गया है।



यह ऐप घर बैठे मिट्टी की गुणवत्ता बता देगा। साथ ही यह खाद के सही इस्तेमाल की सलाह भी देगा। महोत्सव में 'किसान मित्र छड़ी' जैसी नई तकनीक भी दिखाई गई। किसानों की सुरक्षा के लिए यह तकनीक बहुत अद्भुत है। अब खेती करना पहले से कहीं ज्यादा आसान और फायदेमंद होगा।



e-Farms Soil Mobile App क्या है?

ई-फार्म्स (e-Farms) एक बहुत ही स्मार्ट स्मार्टफोन ऐप है। इसे भोपाल के भारतीय मृदा विज्ञान संस्थान ने बनाया है। यह ऐप पूरी तरह से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस पर आधारित है। इसमें मध्य प्रदेश की मिट्टी का सारा डेटा मौजूद है। किसान अब खेत में खड़े होकर मिट्टी की जांच करेंगे।



मिट्टी के पोषक तत्वों की जानकारी तुरंत मिल जाएगी। किसानों की सुरक्षा के लिए एक खास छड़ी भी है। इस छड़ी का नाम 'किसान मित्र छड़ी' रखा गया है। यह तकनीक खेती को आसान और सुरक्षित बनाएगी।



ऐप कैसे काम करता है?

  • फोटो अपलोड: किसान को अपने खेत की मिट्टी की एक साफ फोटो ऐप में खींचकर अपलोड करनी होती है।
  • पोषक तत्वों का विश्लेषण: ऐप फोटो और लोकेशन के डेटा के आधार पर तुरंत यह बता देती है कि मिट्टी में नाइट्रोजन, फास्फोरस, पोटाश या दूसरे जरूरी पोषक तत्वों की स्थिति कैसी है।
  • सटीक सलाह: ऐप मिट्टी की हालत देखकर यह भी सलाह देती है कि कौन सी खाद (Fertilizer) कितनी मात्रा में डालनी चाहिए।
E SOIL FARM APP


अंधाधुंध फर्टिलाइजर्स के इस्तेमाल पर लगाम

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने ऐप लॉन्च के दौरान किसानों से एक महत्वपूर्ण अपील की। उन्होंने कहा कि अक्सर किसान जानकारी की काम में जरूरत से ज्यादा खाद डाल देते हैं।



  • आर्थिक नुकसान: ज्यादा फालतू खाद डालने से खेती की लागत बढ़ जाती है, यानी खर्चा ज्यादा होता है।
  • धरती की सेहत: अगर मिट्टी में बहुत ज्यादा रसायन डाल दिए जाएं, तो उसकी उपजाऊ शक्ति कम हो जाती है और पर्यावरण को भी नुकसान होता है।
  • सटीक खेती (Precision Farming): e-Farms ऐप ये सुनिश्चित करेगा कि मिट्टी को सिर्फ उतना ही पोषण मिले जितना उसे सच में जरूरत है, ताकि बेकार का खर्चा और नुकसान न हो।

उन्नत कृषि महोत्सव 2026

इस मोबाइल ऐप का लोकार्पण भव्य स्तर पर रायसेन में किया गया। इस कार्यक्रम में देश के दिग्गज नेता मौजूद थे।



  • रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह: उन्होंने तकनीक के माध्यम से किसानों के सशक्तिकरण पर जोर दिया।
  • मुख्यमंत्री मोहन यादव: उन्होंने मध्य प्रदेश के किसानों के लिए इसे एक बड़ा उपहार बताया।
  • कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान: उन्होंने ऐप की कार्यक्षमता और भविष्य की योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी साझा की।

किसानों की सुरक्षा के लिए किसान मित्र छड़ी

खेती के दौरान सांप और अन्य विषैले जीवों का खतरा हमेशा बना रहता है। इस समस्या के समाधान के लिए भारतीय वैज्ञानिकों ने 'किसान मित्र छड़ी' विकसित की है।



कैसे काम करती है यह छड़ी?

यह छड़ी सेंसर तकनीक (Sensor Technology) पर आधारित है।



  • रेंज: ये छड़ी करीब 100 मीटर तक के इलाके में किसी भी सांप या विषैले जीव की मौजूदगी का पता लगा सकती है।
  • अलर्ट सिस्टम: जैसे ही किसान इस छड़ी का बटन दबाता है, अगर पास में कोई खतरा होता है, तो छड़ी में कंपन (वाइब्रेशन) शुरू हो जाता है।
  • सुरक्षा: इस वाइब्रेशन से किसान पहले ही सतर्क हो जाता है और किसी भी अनहोनी से बच सकता है।

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