MP गेहूं उपार्जन 2026 : 20 हजार से ज्यादा पंजीयन, 7 मार्च तक मौका, जानें पूरी प्रक्रिया

Sanjay Dhiman | Feb 15, 2026, 20:20 IST
Photograph: (the sootr)
मध्य प्रदेश के किसानों के लिए गेहूं उपार्जन पंजीयन की प्रक्रिया जारी है। 20 हजार से अधिक किसानों ने अब तक पंजीयन कराया है, और अंतिम तिथि 7 मार्च है। जानिए नियम, दस्तावेज और प्रक्रिया।

BHOPAL. मध्य प्रदेश के किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण खबर है, खासकर उन किसानों के लिए जो गेहूं की फसल सरकार को समर्थन मूल्य (MSP) पर बेचना चाहते हैं। प्रदेश में रबी सीजन वर्ष 2026-27 के लिए किसानों के पंजीयन शुरु हो चुके है। किसानों के पंजीयन और खरीदी की तैयारियों को लेकर खाद्य संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने विस्तार से जानकारी दी।



खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने बताया कि रबी विपणन वर्ष 2026-27 के लिए अब तक 20,098 किसानों ने पंजीयन कराया है। इस संख्या में इंदौर में 4,084, उज्जैन में 9,524, ग्वालियर में 476, भोपाल में 3,602, और सागर में 450 किसानों के पंजीयन हो चुके है।



7 मार्च है 'डेडलाइन'

मंत्री राजपूत अपील की है कि किसान 7 मार्च 2026 की आखिरी तारीख का इंतजार न करें। सर्वर डाउन होने या भीड़ बढ़ने से पहले ही रजिस्ट्रेशन करवा लें। पूरे प्रदेश में सरकार ने 3186 पंजीयन केंद्र खोल रखे हैं ताकि किसान परेशान न हो।



इस बार केंद्र सरकार ने इस साल गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) 2585 रुपए प्रति क्विंटल तय किया है। यह पिछले साल के मुकाबले पूरे 160 रुपये ज्यादा है।



बटाईदार और सिकमी किसानों के लिए जरूरी नियम

वो किसान जो खुद की जमीन नहीं, बल्कि बटाई या सिकमी पर खेती कर रहे हैं, उन्हें रजिस्ट्रेशन के लिए सहकारी समिति वाले केंद्रों पर ही जाना होगा। ऐसे किसानों की जांच राजस्व विभाग की टीम करेगी, इसके बाद पंजीयन किया जाएगा।



कागज पत्र तैयार रखें: क्या-क्या लगेगा?

रजिस्ट्रेशन के लिए जाते समय इन चीजों को साथ रखना न भूलें:



  • जमीन के कागज (खसरा-खतौनी)
  • आधार कार्ड (सबसे जरूरी)
  • बैंक पासबुक की फोटोकॉपी (जिसमें IFSC कोड साफ दिखे)
  • मोबाइल नंबर (जो आधार से लिंक हो)

एक खास बात: आपका नाम आधार कार्ड और जमीन के सरकारी रिकॉर्ड (भू-अभिलेख) में एक जैसा होना चाहिए। अगर नाम की स्पेलिंग में गलती है, तो तहसील ऑफिस जाकर उसे सुधरवाना होगा, वरना पंजीयन रिजेक्ट हो सकता है।



पंजीयन की प्रक्रिया

किसानों के लिए पंजीयन दो प्रकार की व्यवस्थाओं में किया जा रहा है-



नि:शुल्क पंजीयन - यह पंजीयन ग्राम पंचायत, जनपद पंचायत, तहसील कार्यालय, और सहकारी समितियों द्वारा किया जा रहा है।



सशुल्क पंजीयन - MP ऑनलाइन कियोस्क, कॉमन सर्विस सेंटर कियोस्क, लोक सेवा केंद्र और प्राइवेट साइबर कैफे पर किया जा रहा है। इन केंद्रों पर पंजीयन के लिए 50 रुपये से अधिक शुल्क नहीं लिया जाएगा।



यह खबरें भी पढ़ें..



एमपी के कई खेल संघों पर नेताओं और अफसरों का कब्जा, जानें कैसे हुआ खुलासा



MP में पीएम आवास और सड़क का पैसा खत्म : केंद्र पर मनरेगा योजना का 704 करोड़ बकाया



एमपी में साइबर ठगी के नए तरीके: बोर्ड परीक्षा और वेतन आयोग के नाम पर धोखाधड़ी



होली के बाद आईएएस-आईपीएस के तबादले, एमपी के ये कलेक्टर-एसपी हटेंगे



Tags:
  • केंद्र सरकार
  • मंत्री गोविंद सिंह राजपूत
  • MSP
  • समर्थन मूल्य
  • रजिस्ट्रेशन
  • लोक सेवा केंद्र