इंदौर में PM मोदी के नाम पर नौकरी देने के बहाने ठगी, ऐसे किया खेल

Sanjay Gupta | Nov 16, 2024, 21:12 IST
MP Indore Fraud on the pretext of providing jobs PM Modi schemes
इंदौर में पीएम मोदी की योजनाओं के तहत नौकरी देने का झांसा देकर ठगी करने का मामला सामने आया है। मामले में आरजीए मार्केटिंग लिमिटेड कंपनी के संचालक के खिलाफ पुलिस से शिकायत की है। जानें पूरा मामला

इंदौर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विकसित भारत मिशन और आत्मनिर्भर भारत योजनाओं के नाम पर ठगी का मामला सामने आया है। यह खेल लोगों को नौकरी देने के नाम पर किया गया है। इसमें आरजीए मार्केटिंग लिमिटेड कंपनी के संचालक यश और प्रीति जैन के खिलाफ पुलिस को शिकायत हुई है।



इस तरह हुई ठगी

फरियादी परमेश्वर यादव ने शिकायत की है। आरजीए मार्केटिंग लि. की प्रीति जैन और उनके बेटे यश जैन पर आरोप है कि उन्होंने अपनी कंपनी को भारत सरकार की अधिकृत कंपनी बताया और नौकरी देने के नाम पर अलग- अलग अकाउंट में लोगों से लाखों रुपए डलवाए गए। मोबाइल एप्लीकेशन पर कुछ समय तक काम भी मिला और सैलरी भी। लेकिन बाद में न कमाई दी गई और न ही वो पैसे दिए गए जो रजिस्ट्रेशन के नाम पर लिए गए थे। जब उम्मीदवारों ने पैसे वापस मांगे तो मोबाइल एप्लीकेशन, वेबसाइट, मोबाइल नंबर सभी बंद कर दिए गए। यहां तक कि कंपनी का ऑफिस भी बंद कर दिया गया।



न्यूयार्क में बताया गया था हेड ऑफिस

पीड़ित शिकायतकर्ता परमेश्वर यादव ने पुलिस आयुक्त को दी शिकायत में लिखा है कि आरजीए मार्केटिंग लि. ने खुद को इनोवेशन कंसलटेंसी, डिजिटल डिजाइन और विज्ञापन एजेंसी बताया, जिसका मुख्यालय अमेरिका के न्यूयॉर्क शहर में बताया गया था। साथ ही यह भी दावा किया गया कि इसके अन्य वैश्विक कार्यालय ऑस्टिन, लॉस एंजिल्स, सैन फ्रांसिस्को, पोर्टलैंड, लंदन, बर्लिन, साओ पाउलो, ब्यूनस आयर्स, सिंगापुर, शंघाई, सिडनी और टोक्यो में है। इस तरह दुनिया के हर राज्य में आरजीए मार्केटिंग लि. के 11 कार्यालय बताए गए थे। कंपनी को 2023 में भारत में लॉन्च करना बताया गया था। आरजीए मार्केटिंग लि. द्वारा स्वयं को भारत सरकार की अधिकृत और अनुबंधित कंपनी बताया गया और कई सरकारी बैंकों से टाईअप होने का दावा करते हुए लाखों उम्मीदवारों का प्लेसमेंट करवाने और घर बैठे पैसा कमाने का लालच देकर करोड़ों रुपए की चपत लगाई गई है।



30 लाख लोगों को रोजगार देने का नाटक

रजिस्ट्रेशन के लिए ली राशि

कंपनी ने नौकरी की चाह रखने वाले उम्मीदवारों के लिए रजिस्ट्रेशन अनिवार्य किया था। रजिस्ट्रेशन के बाद उन्हें आईडी प्रदान की जाती थी। कंपनी ने अलग-अलग लोगों के लिए पांच सैलरी स्ट्रक्चर बनाए थे। अलग-अलग सैलरी के लिए रजिस्ट्रेशन करवाने वाले उम्मीदवारों से अलग-अलग राशि का निवेश करवाया जाता था। जो ज्यादा सैलरी स्ट्रक्चर का चयन करता था, उससे ज्यादा राशि का निवेश रजिस्ट्रेशन शुल्क के रूप में करवाया जाता था। कंपनी द्वारा रजिस्टर्ड कर्मचारी को एक साल तक रोजगार देने का एग्रीमेंट भी किया जाता था। रजिस्टर्ड कर्मचारियों को कार्य के हिसाब से प्रति माह 1800 रुपए, 4800 रुपए, 15,000 रुपए, 45,000 रुपए और 1,20,000 रुपए देने का दावा किया जाता था। एक साल तक नौकरी देने के एवज में एक माह की सैलरी का निवेश रजिस्ट्रेशन शुल्क के रूप में करवाया जाता था। जिसे जितनी राशि सैलरी के रूप में प्रतिमाह चाहिए होती थी, उसे उतनी ही राशि एक बार रजिस्ट्रेशन शुल्क के रूप में कंपनी को देना होती थी।



MP Indore Fraud


मोबाइल से करना होता था प्रमोशन

रजिस्ट्रेशन करने के बाद आरजीए मार्केटिंग लि. के अप्लीकेशन पर जॉब प्रोफाइल और स्ट्रक्चर के अनुरूप अलग -अलग टास्क दिए जाते थे। जिसमें विभिन्न कंपनियों के मोबाइल अप्लीकेशन डाउनलोड करने, अलग-अलग विकल्पों पर क्लिक कर प्रमोशन करने का काम करना होता था और हिट्स के साथ रैंकिंग बढ़ाना होती थी। कंपनी का दावा था कि इसके लिए वह विभिन्न कंपनियों से पैसा लेती है और ली गई राशि का 60 से 80 प्रतिशत हिस्सा अपने रजिस्टर्ड लोगों को देती है।



MP Indore Fraud providing jobs.pdf



कंपनी में पैसा लगवाओ और खुद कमाओ

शिकायत में है कि आरजीए मार्केटिंग लि. द्वारा अपने रजिस्टर्ड लोगों को यह सुविधा दी जाती थी कि अगर वे नए लोगों को जोड़ते हैं तो नए सदस्यों द्वारा किए गए निवेश का 50 प्रतिशत उन्हें बोनस राशि के रूप में मिलेगा। जो उनकी अतिरिक्त आय होगी। यानी जो कंपनी में नए लोगों से निवेश करवाएगा, उसे अतिरिक्त लाभ होगा। इस कारण हजारों पुराने लोगों ने लाखों नए लोगों को जोड़ते हुए स्वयं भी निवेश किया और करवाया भी। बताया जा रहा है कि देश भर में कंपनी ने 22 लाख लोगों को रजिस्टर्ड किया और उनसे करोड़ों रुपए की वसूली की जा चुकी है।



सरकारी अधिकारियों की फोटो लगाई

नौकरी देने के नाम पर गबन करने वाली इस कंपनी ने लोगों का भरोसा जीतने और उन्हें आकर्षित करने के लिए सरकारी अधिकारियों, सेलिब्रिटीज और समाजसेवियों का सहारा भी लिया। कंपनी की वेबसाइट और मोबाइल एप्लीकेशन पर कुछ पुलिस अधिकारियों के साथ फोटो डाले हुए हैं। यही नहीं कंपनी द्वारा इंदौर के रीगल तिराहा क्षेत्र के रवींद्र नाट्य गृह में गांधी जयंती के अवसर पर 2 अक्टूबर 2024 को एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया था, जिसमें गायक कपिल खादीवाला, रितु छाबड़ा व अन्य समाज सेवियों और प्रतिनिधियों को बुलाया गया था। इन सभी ने कंपनी की प्रशंसा की और इनके प्रभाव में आकर हजारों नए लोगों ने कंपनी को ज्वाइन किया और लाखों, करोड़ों रुपए का निवेश किया।



9 अक्टूबर के बाद भुगतान बंद

कंपनी द्वारा हर सप्ताह कुछ प्रतिशत भुगतान रजिस्टर्ड लोगों को दिया जाता था। 9 अक्टूबर 2024 तक कुछ लोगों को भुगतान प्राप्त हुआ, लेकिन इसके बाद आरजीए मार्केटिंग लि. ने पैसा देना बंद कर दिया गया। जिन लोगों ने जिम्मेदार पदाधिकारियों से बात करना चाही, उन्हें टालमटोल कर रवाना कर दिया गया। कई दिनों तक रजिस्टर्ड कर्मचारी परेशान होते रहे, लेकिन तकनीकी समस्या बताकर भुगतान शुरू नहीं किया गया। एक दिन अचानक कंपनी के वेबसाइट, मोबाइल एप्लीकेशन बंद कर दिए और इसके डायरेक्टर यश जैन और प्रीति जैन रातों रात फरार हो गए।



डायरेक्टर यश जैन और प्रीति जैन के खिलाफ कुछ लोग तुकोगंज थाने गए और वहां धोखा देकर पैसे खाने की शिकायत की। थाने पर प्रकरण दर्ज कर जमानत भी दे दी गई। उधर पुलिस का कहना है कि जांच की जा रही है। उधर द सूत्र ने यश और प्रीति जैन का पक्ष जानने उनके नंबर पर फोन किए, मैसेज भी, लेकिन कोई जवाब नहीं आया।



thesootr links

द सूत्र की खबरें आपको कैसी लगती हैं? Google my Business पर हमें कमेंट के साथ रिव्यू दें। कमेंट करने के लिए इसी लिंक पर क्लिक करें



Tags:
  • MP News
  • एमपी न्यूज
  • Indore News
  • इंदौर न्यूज
  • मध्य प्रदेश
  • pm modi
  • पीएम मोदी के नाम पर ठगी
  • इंदौर में ठगी
  • नौकरी के नाम पर ठगी
  • आरजीए मार्केटिंग लिमिटेड कंपनी