जिंदगीभर सरकार की सेवा, अब इलाज के लिए संघर्ष! एमपी के पेंशनर्स ने सीएम से की कैशलेस सुविधा की मांगी

Ramanand Tiwari | Oct 21, 2026, 23:57 IST
मध्य प्रदेश पेंशनर्स को कैशलेस इलाज की सुविधा मिलने का इंतजार है। पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन ने सीएम मोहन यादव को पत्र लिखकर कैशलेस चिकित्सा योजना जल्द लागू करने की मांग की है। एसोसिएशन के मुताबिक सीमित पेंशन में बुजुर्गों के लिए महंगा इलाज कराना मुश्किल हो रहा है। गंभीर बीमारियों से जूझ रहे पेंशनर्स को इलाज के लिए कर्ज लेने या संपत्ति बेचने तक की नौबत आती है।

सीएम को पत्र लिखकर लगाई गुहार

सीएम मोहन यादव को पत्र लिखकर बुजुर्ग पेंशनर्स की समस्याएं बताई गई हैं। एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष आमोद सक्सेना ने यह पत्र भेजा है। उन्होंने मुख्य सचिव और अपर मुख्य सचिव वित्त से भी मांग की है।



लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव को भी पत्र भेजा गया है। इसमें पेंशनर्स कैशलेस स्वास्थ्य योजना लागू करने की मांग की गई है। एसोसिएशन ने सरकार से मानवीय आधार पर जल्द निर्णय लेने को कहा है।



जीवनभर सेवा की, अब इलाज मुश्किल

आमोद सक्सेना ने सरकारी सेवा में बिताए वर्षों का जिक्र किया है। उन्होंने कहा कि पेंशनर्स ने जीवन का महत्वपूर्ण समय सरकारी सेवा में लगाया है।



सेवानिवृत्ति के बाद यही कर्मचारी सीमित पेंशन पर जीवन गुजार रहे हैं। बढ़ती उम्र में स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां भी सामने आ रही हैं। सक्सेना ने सरकार से इस स्थिति को गंभीरता से लेने की अपील की है।



सीमित पेंशन में इलाज का संकट

बुजुर्ग पेंशनर्स की परेशानी का बड़ा कारण इलाज का खर्च बताया गया है। एसोसिएशन के मुताबिक अनेक पेंशनर्स गंभीर बीमारियों से पीड़ित हैं। इनमें हृदय और किडनी से जुड़ी बीमारियां भी शामिल हैं।



इन बीमारियों में नियमित जांच और अस्पताल में भर्ती होने की जरूरत पड़ती है। एसोसिएशन का कहना है कि सीमित पेंशन में यह खर्च उठाना कठिन है। इससे बुजुर्गों की आर्थिक परेशानियां बढ़ जाती हैं।



कर्ज और संपत्ति बेचने की नौबत

एसोसिएशन ने पेंशनर्स की आर्थिक स्थिति को लेकर चिंता जताई है। आमोद सक्सेना के मुताबिक इलाज के लिए कुछ बुजुर्ग कर्ज लेने को मजबूर होते हैं।



उन्होंने संपत्ति बेचने जैसी परिस्थितियां पैदा होने की बात भी कही है। पर्याप्त आर्थिक सहायता नहीं मिलने से इलाज प्रभावित हो सकता है। एसोसिएशन ने इसे बुजुर्गों के लिए पीड़ादायक स्थिति बताया है।



सवाल यह है कि सीमित पेंशन में गंभीर बीमारी का खर्च कैसे उठाया जाए? इसी परेशानी को लेकर संगठन ने सरकार से कैशलेस इलाज की मांग की है।



कैशलेस इलाज की मांग क्यों?

एमपी पेंशनर्स कैशलेस इलाज की सुविधा जल्द शुरू करने की मांग कर रहे हैं। क्योंकि कैशलेस व्यवस्था में पात्र व्यक्ति को इलाज का पूरा स्वीकृत खर्च पहले नहीं देना पड़ता है। हालांकि इसका लाभ योजना की तय शर्तों पर निर्भर करता है।



मध्य प्रदेश पेंशनर्स के लिए संगठन ऐसी चिकित्सा व्यवस्था चाहता है। इससे गंभीर बीमारी के समय तत्काल आर्थिक इंतजाम की परेशानी कम हो सकती है। एसोसिएशन ने सरकार से इस दिशा में ठोस फैसला मांगा है।



स्वास्थ्य सुविधा को बताया जरूरी

पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन के संरक्षक गणेश दत्त जोशी ने भी मांग का समर्थन किया है। उन्होंने बुजुर्गों के सम्मानजनक जीवन में स्वास्थ्य सेवाओं की अहमियत बताई है।



जोशी के मुताबिक सरकारी कर्मचारियों ने अपनी सेवाओं से शासन की व्यवस्थाएं मजबूत की हैं। इसलिए सेवानिवृत्ति के बाद उनकी स्वास्थ्य जरूरतों का ध्यान रखना जरूरी है। उन्होंने सरकार से समय पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की है।



इलाज में देरी रोकने की मांग

पेंशनर्स के लिए स्वास्थ्य सुविधा जल्द उपलब्ध कराने की मांग भोपाल से भी उठी है। एसोसिएशन के भोपाल जिलाध्यक्ष सुरेश शर्मा ने गंभीर बीमारियों का मुद्दा उठाया है।



उनके मुताबिक गंभीर बीमारी होने पर तुरंत इलाज मिलना जरूरी है। आर्थिक संसाधनों की कमी इलाज में बाधा नहीं बननी चाहिए। उन्होंने बुजुर्गों को कर्ज से बचाने के लिए योजना लागू करने को कहा है।



परिवार पर बोझ न पड़े

भोपाल जिलाध्यक्ष सुरेश शर्मा ने पेंशनर्स के परिवारों पर पड़ने वाले आर्थिक बोझ का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि इलाज के लिए परिवार पर असहनीय बोझ नहीं पड़ना चाहिए।



संगठन चाहता है कि बुजुर्ग बिना आर्थिक चिंता के इलाज करा सकें। इसके लिए कैशलेस चिकित्सा योजना जल्द लागू करने की मांग दोहराई गई है।



संगठन के पदाधिकारी भी साथ

एसोसिएशन के उपाध्यक्ष संतोष ठाकुर और शैलेन्द्र श्रीवास्तव ने भी मांग का समर्थन किया है। सचिव रामगोपाल माथुर और यशवंत सिंह बैस भी इस मांग में शामिल हैं।



संयुक्त सचिव शकुन्तला वर्मा ने भी सरकार से जल्द फैसला लेने को कहा है। कार्यकारिणी सदस्य संगीता श्रीवास्तव और अनिल पाण्डे ने भी मांग उठाई है।



संगठन ने वृद्ध पेंशनर्स की स्वास्थ्य संबंधी कठिनाइयों पर गंभीरता दिखाने की अपील की है। पदाधिकारियों ने कहा कि बुजुर्ग सम्मान के साथ जीवन जी सकें। इसके लिए सरकार कैशलेस चिकित्सा सुविधा लागू करने पर जल्द निर्णय ले।

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