राम मंदिर विवाद के बाद MP सरकार सख्त, मंदिरों में चोरी की जांच अब पहली प्राथमिकता
समझें क्या है पूरा मामला...
- अयोध्या राम मंदिर में दानपेटी चोरी के बाद मध्य प्रदेश सरकार अलर्ट हो गई है।
- सरकार ने मंदिर चोरी को पुलिस की सबसे बड़ी प्राथमिकता बना दिया है।
- सभी 55 जिलों के पुलिस अधीक्षकों को सख्त निर्देश दिए गए हैं।
- इसका असर तुरंत दिखा और चार जिलों में मंदिर चोरियां घंटों में सुलझ गईं।
- पुलिस ने आरोपियों को पकड़कर चोरी का सामान भी बरामद कर लिया।
अयोध्या के राम मंदिर में हाल ही में दानपेटी चोरी (राम मंदिर चढ़ावा चोरी) को लेकर बड़ा विवाद हुआ था। इस घटना ने देशभर में मंदिरों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए। इसका असर मध्य प्रदेश में साफ देखा जा सकता है।
राज्य सरकार ने इसके बाद फौरन कदम उठाया है। मंदिरों और अन्य धार्मिक स्थलों पर होने वाली चोरियों को अब पुलिस अपनी सबसे ऊपर की प्राथमिकता मानेगी। यह फैसला सीधे मैदानी स्तर पर लागू किया गया है।
जानकारी के अनुसार प्रदेश के सभी 55 जिलों के पुलिस अधीक्षकों को स्पष्ट निर्देश भेजे गए हैं। मंदिर चोरी के मामलों को अत्यंत संवेदनशील श्रेणी में रखने को कहा गया है। हर मामले की जांच बिना देरी के पूरी करनी होगी।
चार जिलों में तेजी से खुलासे
सरकार के इन निर्देशों का असर तुरंत दिखने लगा है। इसी महीने पांढुर्ना, छतरपुर, धार और बड़वानी में मंदिर चोरी की चार बड़ी घटनाएं सामने आईं। पुलिस ने चारों मामलों को चंद घंटों और दिनों के भीतर सुलझा दिया।
आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ चोरी का सामान भी बरामद हुआ। इसमें मूर्तियां, चांदी के आभूषण, छत्र, घंटियां और नकदी शामिल है।
पांढुर्ना में 24 घंटे में खुलासा
बता दें कि पांढुर्ना में 22 अगस्त को तीन मंदिरों में चोरी हुई थी। पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर इस चोरी का खुलासा कर दिया था। इस मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया था।
पुलिस ने घटनास्थल से 7 मूर्तियां बरामद कीं थी। इसके साथ दानपेटी और करीब 56 हजार 849 रुपए नकद भी बरामद हुए। यह पूरी कार्रवाई बेहद तेजी से पूरी हुई।
छतरपुर में तीन मंदिरों की गुत्थी सुलझी
छतरपुर जिले के नैनागिरि इलाके में तीन मंदिरों में चोरी हुई थी। पुलिस ने इस मामले की गुत्थी भी जल्द सुलझा ली।
जांच के दौरान पुलिस ने नकदी बरामद की थी। इसके अलावा कटिंग मशीन, ब्लेड और अपराध में इस्तेमाल हुई मोटरसाइकिल भी जब्त की गई। यह सामान आरोपियों तक पहुंचने में अहम सबूत बना।
धार में लाखों के आभूषण बरामद
बता दें कि धार के एक प्रमुख मंदिर में भी 22 अगस्त को चोरी हुई थी। इस मामले में पुलिस ने चांदी का मुकुट और कुंडल बरामद किए। साथ ही तीन छत्र भी मिले थे।
कुल मिलाकर करीब 2.30 लाख रुपए के आभूषण बरामद हुए थे। यह इस महीने की सबसे बड़ी बरामदगी में से एक रही।
बड़वानी में महाराष्ट्र से आरोपी गिरफ्तार
बड़वानी के मंगलनाथ हनुमान मंदिर में भी चोरी की घटना हुई थी। पुलिस की जांच महाराष्ट्र तक पहुंची और वहां से आरोपी को गिरफ्तार किया गया था।
आरोपी से दानपेटी और अन्य चोरी का सामान बरामद हुआ था।
जुलाई में भोपाल पुलिस ने तोड़ा था बड़ा गैंग
मंदिर चोरों के खिलाफ यह मुहिम अचानक शुरू नहीं हुई है। जुलाई महीने में भोपाल पुलिस ने पहले ही एक बड़ी सफलता हासिल की थी। भोपाल, रायसेन और विदिशा में सक्रिय छह सदस्यीय गिरोह का पर्दाफाश हुआ था।
यह गिरोह अंतरराज्यीय स्तर पर सक्रिय था। पुलिस ने इस गिरोह से 16 चांदी के मुकुट और अन्य धार्मिक सामग्री बरामद की। इसकी कुल कीमत करीब 4 लाख रुपये आंकी गई।
इस गिरोह के सरगना पर 50 हजार रुपए का इनाम घोषित था। पूछताछ के दौरान उसने बड़ा खुलासा किया था उसने कबूला कि उसने 12 से अधिक मंदिरों में चोरी की वारदातों को अंजाम दिया था।
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