MP में 15 पुलिस अफसरों को बड़ा झटका! तीन महीने पहले ही बने थे DSP, अक्टूबर में प्रमोशन रद्द
इसी आधार पर उन्हें प्रमोशन के लिए अयोग्य पाया गया। गृह विभाग ने 16 अक्टूबर 2026 को आदेश जारी किया था। अब यह आदेश सामने आया है।
प्रमोशन की समीक्षा के बाद फैसला
मध्य प्रदेश गृह विभाग ने पहले जारी पदोन्नति आदेश की समीक्षा की थी। यह समीक्षा विभागीय पदोन्नति समिति की सिफारिश पर की गई। जांच के बाद 15 अधिकारियों को प्रमोशन के लिए अयोग्य पाया गया। इसके बाद उनका Promotion Cancel करने का आदेश जारी हुआ।
प्रभावित अधिकारियों में निरीक्षक संवर्ग के 12 अधिकारी शामिल हैं। विशेष शाखा का एक निरीक्षक भी इस सूची में है। विसबल का एक निरीक्षक और एक आरक्षित निरीक्षक भी शामिल हैं।
सितंबर में 78 अफसरों का प्रमोशन हुआ था रद्द
इससे पहले भी पुलिस विभाग में ऐसी कार्रवाई हो चुकी है। पुलिस मुख्यालय भोपाल ने 1 सितंबर 2026 को आदेश जारी किया था। इसके तहत 78 उप निरीक्षकों और कार्यवाहक निरीक्षकों का प्रमोशन रद्द किया गया था। इन्हें जुलाई में निरीक्षक पद पर पदोन्नत किया गया था।
सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) के आदेश के आधार पर इनकी पात्रता जांची गई। विभागीय जांच और आपराधिक मामलों के कारण इन्हें प्रमोशन के लिए अयोग्य पाया गया। इसके बाद इन अधिकारियों की पदोन्नति वापस लेने का फैसला किया गया।
इन 12 इंस्पेक्टरों का प्रमोशन निरस्त
गृह विभाग की कार्रवाई में निरीक्षक संवर्ग के ये अधिकारी शामिल हैं।
- महेंद्र सिंह भदौरिया
- विपिन बिहारी सिंह
- योगेन्द्र सिंह जादौन
- महेंद्र सिंह परमार
- शैलेश कुमार मिश्रा
- भरत सिंह ठाकुर
- मनीष मिश्रा
- विनय आर्य
- सोमलता मालिक
- सुरेश चन्द्र नागर
- दीपक सेजवार
- संतोष कुमार पंद्रे
अन्य संवर्ग के इन 3 अफसरों पर कार्रवाई
- कल्पना रघुवंशी - निरीक्षक, विशेष शाखा
- देवेंद्र दुबे - निरीक्षक, विसबल
- अर्जुन सिंह पंवार - आरक्षित निरीक्षक
इन सभी अधिकारियों की डीएसपी पद पर हुई पदोन्नति निरस्त कर दी गई है। विभागीय आदेश के अनुसार अब इन्हें पुराने पद पर वापस भेजा गया है। इस प्रक्रिया को सेवा नियमों में Reversion कहा जाता है। जुलाई में पदोन्नत हुए पुलिस अधिकारियों की पात्रता की समीक्षा के बाद यह कार्रवाई हुई है।