मध्य प्रदेश की राज्यसभा सीट पर उपचुनाव की घोषणा, एल मुरुगन के इस्तीफे के बाद खाली हुई थी सीट, 12 नवंबर को मतदान
26 अक्टूबर से शुरू होंगे नामांकन
राज्यसभा उपचुनाव के लिए 26 अक्टूबर 2026 को अधिसूचना जारी होगी। इसके साथ ही उम्मीदवार नामांकन दाखिल कर सकेंगे।
नामांकन जमा करने की आखिरी तारीख 2 नवंबर तय की गई है। अगले दिन यानी 3 नवंबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी।
उम्मीदवार 5 नवंबर तक अपना नाम वापस ले सकेंगे। इसके बाद चुनाव मैदान में बचे उम्मीदवारों की स्थिति साफ होगी।
12 नवंबर को मतदान और मतगणना
निर्वाचन आयोग के मुताबिक 12 नवंबर को सुबह 9 बजे मतदान शुरू होगा। विधायक शाम 4 बजे तक अपना वोट डाल सकेंगे।
अगर मतदान की जरूरत पड़ी तो उसी दिन वोटों की गिनती होगी। Counting of Votes शाम 5 बजे से शुरू होगी।
चुनाव की पूरी प्रक्रिया 16 नवंबर 2026 तक समाप्त करनी होगी।
जानें राज्यसभा उपचुनाव का पूरा कार्यक्रम
| चुनाव प्रक्रिया | तारीख |
|---|---|
| अधिसूचना जारी | 26 अक्टूबर 2026 |
| नामांकन की अंतिम तारीख | 2 नवंबर 2026 |
| नामांकन पत्रों की जांच | 3 नवंबर 2026 |
| नाम वापस लेने की अंतिम तारीख | 5 नवंबर 2026 |
| मतदान | 12 नवंबर 2026 |
| मतदान का समय | सुबह 9 से शाम 4 बजे |
| मतगणना (जरूरत पड़ने पर) | 12 नवंबर शाम 5 बजे |
| चुनाव प्रक्रिया पूरी करने की तारीख | 16 नवंबर 2026 |
राज्यसभा चुनाव में कैसे होगी वोटिंग?
राज्यसभा चुनाव में आम जनता सीधे मतदान नहीं करती। विधानसभा के निर्वाचित विधायक राज्यसभा सदस्य को चुनते हैं।
विधायक मतपत्र पर उम्मीदवारों के लिए अपनी प्राथमिकता दर्ज करते हैं।
चुनाव आयोग ने Voting Process को लेकर विशेष निर्देश दिए हैं।
मतदान के दौरान केवल तय बैंगनी रंग के स्केच पेन का इस्तेमाल होगा। यह पेन रिटर्निंग ऑफिसर की तरफ से दिया जाएगा।
विधायक अपनी पसंद से दूसरा पेन इस्तेमाल नहीं कर सकेंगे।
मध्यप्रदेश विधानसभा में बीजेपी के सबसे ज्यादा विधायक
राज्यसभा उपचुनाव में आम जनता नहीं बल्कि विधायक वोट डालते हैं। इसलिए विधानसभा में किस पार्टी के कितने विधायक हैं, यह जरूरी है।
मध्यप्रदेश विधानसभा में बीजेपी के सबसे ज्यादा 164 विधायक हैं। वहीं कांग्रेस के पास 65 विधायक हैं। भारत आदिवासी पार्टी (BAP) का एक विधायक है।
ऐसे में विधानसभा में बीजेपी की स्थिति मजबूत है।
चुनाव की निगरानी के निर्देश
निर्वाचन आयोग ने चुनाव प्रक्रिया पर निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं।
इसके लिए पर्यवेक्षकों की नियुक्ति और जरूरी व्यवस्थाएं की जाएंगी।
आयोग का उद्देश्य मतदान और मतगणना की प्रक्रिया निष्पक्ष तरीके से पूरी कराना है।
निर्विरोध चुनाव भी संभव
राज्यसभा की इस एक सीट के लिए उम्मीदवारों की संख्या अहम होगी।
अगर नाम वापसी के बाद केवल एक उम्मीदवार मैदान में बचता है तो मतदान की जरूरत नहीं पड़ेगी।
ऐसी स्थिति में उम्मीदवार को निर्विरोध निर्वाचित घोषित किया जा सकता है।
एक से ज्यादा उम्मीदवार होने पर निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मतदान होगा।
अब सबकी नजर 26 अक्टूबर से शुरू होने वाली नामांकन प्रक्रिया पर है। इसके बाद साफ होगा कि इस सीट के लिए कौन-कौन उम्मीदवार मैदान में होंगे।
क्यों हो रहा राज्यसभा उपचुनाव?
मध्यप्रदेश से राज्यसभा सांसद रहे डॉ. एल मुरुगन ने इसी महीने (अक्टूबर 2026) पद से इस्तीफा दिया था। उन्होंने केंद्रीय मंत्री का पद भी छोड़ दिया था। इसके बाद 14 अक्टूबर को राज्यसभा की सीट खाली हो गई। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने 15 अक्टूबर 2026 को उनका इस्तीफा स्वीकार किया था।
एल. मुरुगन बीजेपी के नेता हैं। उन्होंने कहा था कि वे अब तमिलनाडु में पार्टी को मजबूत करेंगे। इसके लिए वे जमीनी स्तर पर काम करना चाहते हैं। उनका ध्यान 2029 के लोकसभा चुनाव की तैयारियों पर भी रहेगा।
मुरुगन पेशे से वकील हैं। वे मद्रास हाईकोर्ट में केंद्र सरकार के स्थायी वकील भी रह चुके हैं।
अब उनकी खाली हुई राज्यसभा सीट पर नया सांसद चुना जाएगा। भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने उपचुनाव का कार्यक्रम जारी कर दिया है। इस सीट पर चुने जाने वाले नए सांसद का कार्यकाल 2 अप्रैल 2030 तक रहेगा
FAQ's
- एमपी में राज्यसभा उपचुनाव के लिए नामांकन कब शुरू होंगे?
राज्यसभा उपचुनाव के लिए नामांकन 26 अक्टूबर 2026 से शुरू होंगे। - एमपी राज्यसभा उपचुनाव का मतदान कब होगा?
एमपी राज्यसभा उपचुनाव का मतदान 12 नवंबर 2026 को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक होगा। - एमपी राज्यसभा उपचुनाव में मतदान प्रक्रिया कैसे होगी?
राज्यसभा चुनाव में आम जनता मतदान नहीं करती, बल्कि विधानसभा के निर्वाचित विधायक मतपत्र पर उम्मीदवारों के लिए अपनी प्राथमिकता दर्ज करते हैं।