मिडिल ईस्ट के संकट से कैंसिल हो रही फ्लाइट बुकिंग, दुबई जाने से बच रहे एमपी वाले
News In Short
- मिडिल ईस्ट में युद्ध जैसे हालातों से हवाई यात्रियों की बुकिंग में भारी गिरावट आई है।
- मेकमायट्रिप के अनुसार करीब 10 हजार लोगों की विदेश यात्रा का प्लान अधर में लटका है।
- भोपाल और इंदौर जैसे बड़े शहरों में ट्रैवल कैंसलेशन की संख्या सबसे ज्यादा दर्ज हुई है।
- क्रूज ट्रैवल में भी 30 से 40 प्रतिशत की कमी देखी गई है, बुकिंग्स आगे बढ़ गई हैं।
News In Detail
अगर इस सीजन में आप दुबई के बुर्ज खलीफा या यूरोप की सड़कों पर घूमने का प्लान बना रहे हैं, तो आपको थोड़ा इंतजार करना पड़ सकता है। मिडिल ईस्ट की अशांति ने न सिर्फ वहां की स्थिति को बदल दिया है, बल्कि मध्यप्रदेश के लोगों के वेकेशन प्लान पर भी असर डाला है।
ईरान इजराइल युद्ध का असर अब हवाई यात्रियों की बुकिंग पर भी दिखने लगा है। हर साल हजारों लोग मध्यप्रदेश से खाड़ी देशों में घूमने जाते हैं, लेकिन इस बार सुरक्षा कारणों से लोग अपनी टिकटें रद्द करवा रहे हैं। इससे टूरिज्म इंडस्ट्री को करोड़ों का नुकसान हो रहा है।
एमपी से दुबई यात्रा की बुकिंग घटी
युद्ध के कारण दुबई और आस-पास के देशों में घूमने जाने वाले यात्रियों की बुकिंग पर इसका सीधा असर पड़ा है। MakeMyTrip की भोपाल लोकेशन हेड ऋचा सिंह भदौरिया ने बताया कि इस सीजन में लगभग दस हजार लोग मध्यप्रदेश से मिडिल ईस्ट यात्रा करने वाले थे। अब हालात के कारण कई लोग अपने प्लान रद्द कर चुके हैं।
इंटरनेशनल टूरिज्म में धीमापन
ऋचा सिंह भदौरिया ने बताया कि करीब 2 से 2इ.5 हजार बुकिंग्स पहले ही हो चुकी थीं जिन पर असर पड़ा है। इसके अलावा सात से आठ हजार संभावित यात्रियों ने सुरक्षा कारणों से नई बुकिंग नहीं की या अपनी इंक्वायरी वापस ले ली। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि टूरिज्म पूरी तरह से बंद नहीं हुआ है। इंटरनेशनल टूरिज्म में जरूर धीमापन देखा जा रहा है।
60 करोड़ का ट्रैवल कारोबार प्रभावित
मिडिल ईस्ट जाने के लिए एक व्यक्ति का औसत ट्रैवल पैकेज 60 से 70 हजार रुपए के आसपास होता है। 60 हजार रुपए का औसत लिया जाए और करीब 10 हजार यात्री अनुमानित हों तो लगभग 60 करोड़ रुपए का ट्रैवल कारोबार प्रभावित हो सकता है। हालांकि इसमें पूरी राशि का नुकसान नहीं होता क्योंकि कई एयरलाइंस रिफंड या क्रेडिट शेल का ऑप्शन दे रही हैं।
60 से 70 प्रतिशत यात्रियों को मिल चुका रिफंड
ट्रैवल इंडस्ट्री से मिली जानकारी के मुताबिक जिन बुकिंग्स पर असर पड़ा है, उनमें से लगभग 60 से 70 प्रतिशत यात्रियों को पूरी तरह से रिफंड मिल चुका है। ये वो मामले थे जहां एयरलाइंस ने खुद फ्लाइट्स को रद्द या रीशेड्यूल किया था।
करीब 15 से 25 प्रतिशत यात्रियों को कुछ नुकसान भी उठाना पड़ा है। खासकर वीजा फीस, होटल बुकिंग कैंसलेशन पॉलिसी या नॉन-रिफंडेबल बुकिंग की वजह से। कई यात्रियों ने रिफंड की बजाय भविष्य के ट्रैवल क्रेडिट या क्रेडिट शेल लेना भी पसंद किया है।
भोपाल-इंदौर सबसे ज्यादा प्रभावित
जिला वार कैंसिलेशन का डेटा सार्वजनिक तौर पर उपलब्ध नहीं होता है। क्योंकि बुकिंग अलग-अलग एयरलाइंस, ऑनलाइन ट्रैवल एजेंसियों और ट्रैवल एजेंट्स के जरिए होती है। ट्रैवल इंडस्ट्री के अनुभव के मुताबिक भोपाल और इंदौर (इंदौर से दुबई फ्लाइट) से इंटरनेशनल ट्रैवल काफी ज्यादा होता है।
इसलिए इन शहरों से कैंसिलेशन का असर भी अधिक देखा गया है। जबलपुर और ग्वालियर में भी कुछ असर है। फिलहाल पूरे प्रदेश में हालात बुरी तरह से बिगड़े हुए नहीं हैं बस थोड़ी धीमी हो रही हैं।
क्रूज ट्रैवल भी प्रभावित
वैश्विक अस्थिरता के चलते इंटरनेशनल क्रूज ट्रैवल भी प्रभावित हुआ है। आमतौर पर क्रूज की बुकिंग्स पहले से तय होती हैं। इस बार स्थिति बदल गई है। इस सीजन में करीब 30 से 40 प्रतिशत तक की गिरावट देखी गई है। ज्यादातर यात्री अब क्रूज को कैंसिल करने के बजाय उसे आगे की तारीखों के लिए पोस्टपोन कर रहे हैं।
इस असर का सबसे ज्यादा प्रभाव लीजर ट्रैवल यानी परिवारिक छुट्टियां, हनीमून ट्रिप और ग्रुप टूर पर पड़ा है। वहीं कॉर्पोरेट ट्रैवल में ज्यादा बदलाव नहीं आया है। क्योंकि बिजनेस मीटिंग्स और काम से जुड़े ट्रिप को पूरी तरह से टालना मुश्किल होता है।
ये खबरें भी पढ़िए...
भोपाल से दिल्ली उड़ान भरने वाले यात्रियों को झटका , फ्लाइट 20 दिन के लिए रद्द
गैस सिलेंडर बुकिंग के नियम बदले, अब 21 नहीं इतने दिन बाद होगा सिलेंडर बुक
IRCTC टूर पैकेज: कम पैसों में करें एमपी की शानदार यात्रा, ऐसे करें बुक
एमपी न्यूज: सस्ता हुआ विदेश दौरा: भोपाल-इंदौर से सीधे यूरोप-यूके ले जाएगा IRCTC!