पिपरई धर्मांतरण केस: मास्टरमाइंड जस्सी किन्नर भोपाल से गिरफ्तार, बड़े रैकेट का होगा खुलासा

Sanjay Dhiman | Apr 18, 2026, 23:51 IST
Photograph: (the sootr)
भोपाल में पिपरई क्षेत्र में हुए नाबालिगों के धर्मांतरण और जबरन निकाह के केस में पुलिस ने जस्सी किन्नर को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी बड़े रैकेट के संकेत दे रही है।

अशोकनगर के पिपरई के थाना क्षेत्र में 16 अप्रैल को एक गंभीर मामला सामने आया था, जिसमें नाबालिग बालिकाओं के धर्मांतरण, बहलाने-फुसलाने और जबरन निकाह से जुड़े आरोप थे।



इस मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जस्सी किन्नर नाम के व्यक्ति को गिरफ्तार किया। जस्सी किन्नर पर आरोप है कि वह नाबालिगों को बहला-फुसलाकर धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित करता था और उन्हें अन्य आरोपितों से मिलवाता था।



ऐसे काम करता था आरोपी

पुलिस जांच में जो बातें सामने आई हैं, वो वाकई में काफी डराने वाली हैं। जस्सी किन्नर मासूम बच्चियों को पहले प्यार से अपने जाल में फंसाता था। वह बच्चियों को बहला-फुसलाकर दूसरे आरोपियों से मिलवाने का काम करता था।



इन मुलाकातों का मकसद सिर्फ एक ही था किसी भी तरह उनका धर्म बदलवाना। बच्चियों को निकाह करने के लिए डराया, धमकाया और कई तरह के लालच दिए गए। यह खेल काफी समय से पिपरई और उसके आसपास के इलाकों में चल रहा था। पुलिस को अब शक है कि यह कोई छोटा-मोटा मामला बिल्कुल नहीं है।



पुलिस की बड़ी कार्रवाई

इस संवेदनशील मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस विभाग तुरंत एक्शन में आया। पुलिस ने पिपरई थाने में 16 अप्रैल को मामला दर्ज किया था। जस्सी और उसके साथियों पर बीएनएस, पॉक्‍सो एक्ट और एससी-एसटी एक्ट लगाया गया। साथ ही मध्यप्रदेश धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम के तहत भी कड़ी कार्रवाई की गई है।



अशोकनगर पुलिस अधीक्षक राजीव कुमार मिश्रा खुद इस पूरे केस की मॉनिटरिंग कर रहे हैं। पुलिस ने एक विशेष जांच दल (SIT) बनाया जो जस्सी के पीछे लगा था। सीहोर बाइपास पर घेराबंदी करके जस्सी को फिल्मी अंदाज में गिरफ्तार किया गया।



दस हजार का इनाम था आरोपी पर

पुलिस ने इस मामले में गंभीरता को देखते हुए जस्सी किन्नर पर 10 हजार रुपए का इनाम भी घोषित किया था। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस पूरे मामले के पीछे एक बड़ा नेटवर्क सक्रिय हो सकता है। यह गिरफ्तारी सिर्फ एक कड़ी हो सकती है।



आरोपियों की तलाश में पुलिस दे रही दबिश

स्थानीय लोग इस गिरफ्तारी के बाद पुलिस की कार्यप्रणाली की काफी तारीफ कर रहे हैं। फिलहाल जस्सी को न्यायालय में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पुलिस रिमांड के दौरान जस्सी से इस रैकेट के आकाओं के नाम पूछे जाएंगे।



एक नाबालिग बालक को भी पहले ही बाल संप्रेषण गृह भेजा जा चुका है। अन्य फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस जगह-जगह दबिश दे रही है और छापेमारी जारी है। प्रशासन का कहना है कि दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।



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