रतलाम लूट का खुलासा, 5.32 करोड़ का सोना-चांदी बरामद, कर्मचारी निकला मास्टरमाइंड
आमीन हुसैन@रतलाम। 13 अगस्त की रात एक सराफा व्यापारी से बड़ी लूट हुई। बस में सफर कर रहे अर्पित चौरड़िया से करीब साढ़े सात करोड़ का सोना-चांदी लूटा गया। इस लूट की साजिश व्यापारी की दुकान पर काम करने वाले कर्मचारी रोहित नायक ने रची थी। पुलिस ने रविवार शाम इस मामले का खुलासा किया और छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। मास्टरमाइंड रोहित नायक और उसका साथी गौरव गुर्जर अभी भी फरार हैं।
दुकान के कर्मचारी की साजिश
रोहित नायक रतलाम के सराफा बाजार स्थित गणेश मार्केट में व्यापारी अर्पित चौरड़िया की दुकान पर काम करता था। दुकान पर काम करने के चलते उसे व्यापारी के सोने के लेनदेन की पूरी जानकारी थी। उसे यह भी पता था कि व्यापारी किस रूट से आता-जाता है।
इसी मार्केट में चाय की दुकान चलाने वाला अभिजीत उर्फ अभय गुर्जर भी व्यापारी की दुकान पर चाय पहुंचाता था। उसे भी मालूम था कि व्यापारी बड़ी मात्रा में सोना लेकर बड़नगर और आसपास के इलाकों में जाता है। यहीं से दोनों के बीच लूट की योजना बनी।
डेढ़ महीने चली रैकी
रोहित और अभिजीत ने अपने अन्य साथियों को भी इस साजिश में शामिल किया। सभी ने मिलकर करीब डेढ़ महीने तक व्यापारी की गतिविधियों पर नजर रखी। पुलिस के अनुसार, यह लूट अचानक नहीं हुई थी। इसकी योजना पूरी तैयारी के साथ बनाई गई थी।
पुलिस की जांच में सामने आया कि कोर्ट चौराहे पर चाय की दुकान चलाने वाले राहुल उर्फ वीर गुर्जर की दुकान पर बैठकर योजना बनाई गई थी। रोहित, अभिजीत और राहुल तीनों इस बैठक में शामिल थे।
5.32 करोड़ का सोना बरामद
लूट के खुलासे की जानकारी उज्जैन आईजी (आईजी – इंस्पेक्टर जनरल) राकेश गुप्ता, डीआईजी (डीआईजी – डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल) निमिष अग्रवाल और रतलाम एसपी (एसपी – सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस) अमित कुमार ने संयुक्त रूप से दी। आईजी राकेश गुप्ता ने बताया कि पुलिस ने आरोपियों से सोने के 238 नग जेवरात बरामद किए हैं। इनका कुल वजन 4.167 किलो बताया गया है।
इसके अलावा चांदी के 183 नग जेवरात भी बरामद हुए हैं, जिनका वजन 4.47 किलो है। बरामद सोने की कीमत करीब 5.32 करोड़ रुपए आंकी गई है। वहीं चांदी के जेवरात की कीमत करीब 9 लाख रुपए बताई गई है।
पुलिस ने इस बरामदगी को जांच की बड़ी सफलता माना है। इससे लूटे गए माल तक पहुंचने में पुलिस को मदद मिली है।
छह आरोपी हुए गिरफ्तार
पुलिस ने अब तक इन आरोपियों को गिरफ्तार किया है:
- राहुल पिता सोदान गुर्जर, निवासी ऊनी
- अभिजीत उर्फ अभय पिता दिनेश गुर्जर, निवासी ग्राम ऊनी
- यशवंत पिता कैलाश गुर्जर, निवासी मंदसौर
- राहुल उर्फ वीर गुर्जर पिता सुरेश गुर्जर, निवासी रतलाम
- रवि उर्फ बबला गुर्जर पिता देवीसिंह गुर्जर, निवासी जमुनिया
- मोहम्मद उमर उर्फ पप्पू पिता इमाम बख्श, निवासी रतलाम
मास्टरमाइंड रोहित नायक और उसका साथी गौरव गुर्जर निवासी हरसौला, इंदौर अभी फरार हैं।
इंदौर में ली थी पनाह
पुलिस के अनुसार, वारदात के बाद सभी आरोपी इंदौर के हरसौला इलाके में गौरव गुर्जर के घर जाकर रुके थे। लूट से पहले ही आरोपियों ने तय कर लिया था कि वारदात के बाद उन्हें कहां छिपना है।
जब आरोपियों को पता चला कि पुलिस टीमें लगातार तलाश कर रही हैं, तो उन्होंने हरसौला छोड़ दिया। इसके बाद वे हिम्मतगढ़ के पहाड़ी इलाके में अलग-अलग जगह इकट्ठा हुए। पुलिस ने वहीं दबिश देकर छह आरोपियों को पकड़ लिया।
पूरे जिले की पुलिस टीम जुटी
लूट की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने पूरे जिले की टीमों को सक्रिय किया था। डीआईजी निमिष अग्रवाल और एसपी अमित कुमार के निर्देशन में एएसपी विवेक कुमार, राकेश पंद्रो और सभी एसडीओपी को अलग-अलग जिम्मेदारियां दी गई थीं। बिलपांक थाना प्रभारी अयूब खान समेत कई थाना प्रभारी भी जांच में शामिल थे।
लगातार जांच और दबिश के बाद पुलिस छह आरोपियों तक पहुंचने में सफल रही। अब फरार मास्टरमाइंड रोहित नायक और गौरव गुर्जर की तलाश जारी है।
मास्टरमाइंड का कर्मचारी होना बना सुराग
इस पूरे मामले में सबसे अहम बात यह रही कि लूट की साजिश किसी बाहरी व्यक्ति ने नहीं रची। यह साजिश व्यापारी की दुकान पर काम करने वाले कर्मचारी ने ही रची थी। दुकान पर काम करने के कारण रोहित को व्यापारी के कारोबार की अंदरूनी जानकारी थी। उसी जानकारी का इस्तेमाल करके उसने साथियों के साथ लूट की योजना बनाई।
पुलिस अब यह पता लगा रही है कि लूटे गए माल में से कितना बरामद हो चुका है। बाकी माल की तलाश अभी जारी है। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद और भी खुलासे होने की संभावना है।
यह खबरें भी पढ़ें...
शादी के विवाद में गर्भवती युवती की हत्या, 14 दिन बाद बागान से शव बरामद
नौकरी मांगो मत, नौकरी दो, सीएम का यूथ को संदेश, दिए टाइम मैनेजमेंट के टिप्स
नशे से बचाव पढ़ाई का हिस्सा बनेगा, UGC शुरू करेगा कोर्स, मिलेंगे दो एक्स्ट्रा क्रेडिट अंक
मालिनी गौड़ बोलीं- लखन दादा की अयोध्या, महापौर बोले- कैलाशजी भी यहां विधायक रह चुके