नपाध्यक्ष सविता गुप्ता ने ज्योतिरादित्य सिंधिया को लिखा भावुक पत्र, कहा- ऐसी नौबत न आए कि मुझे इस्तीफा देकर घर बैठना पड़े
नपा अध्यक्ष का ज्योतिरादित्य सिंधिया को पत्र
पत्र में शहर की बुनियादी समस्याओं का जिक्र किया गया है। उन्होंने शहर की सफाई व्यवस्था पूरी तरह खराब होने की बात कही। स्ट्रीट लाइट और विकास के काम भी ठप होने का मुद्दा उठाया।
इसके अलावा नपा अध्यक्ष सविता गुप्ता ने मुक्तिधाम के जीर्णोद्धार में देरी पर भी सवाल उठाए। नपाध्यक्ष ने इसके लिए अधिकारियों को जिम्मेदार बताया। उन्होंने इसे अधिकारियों की मनमानी और हठधर्मिता करार दिया।
ऐतिहासिक चुनावी जीत का दिया हवाला
अध्यक्ष ने लिखा कि 16 महीने पहले तक शहर में सब ठीक था। इसी कारण विधानसभा, लोकसभा और उपचुनाव में भाजपा ने जीत दर्ज की। लोकसभा चुनाव में अकेले गुना नगरपालिका क्षेत्र से रिकॉर्ड बढ़त मिली। ज्योतिरादित्य सिंधिया (Jyotiraditya Scindia) को यहां से 56 हजार से अधिक वोट अधिक मिले।
नेताओं और अधिकारियों की मिलीभगत का आरोप
गुना नगरपालिका अध्यक्ष सविता गुप्ता ने आरोप लगाया कि चुनावी सफलता के बाद पार्टी में षड्यंत्र शुरू हुआ। पार्टी के कुछ द्वेष रखने वाले लोगों ने उनके खिलाफ साजिश की। उनके पति पूर्व वरिष्ठ भाजपा नेता अरविंद गुप्ता को नीचा दिखाने का प्रयास हुआ।
अध्यक्ष ने आगे कहा कि अधिकारियों को मोहरा बनाकर शहर की व्यवस्थाएं जानबूझकर बिगाड़ी गईं। इसका मकसद पूरी नाकामी का ठीकरा अध्यक्ष पर फोड़ना था।
65 टेंडर किए निरस्त
नपाध्यक्ष ने अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर कड़े सवाल खड़े किए हैं। पिछले 16 महीनों में पूरी प्रशासनिक व्यवस्था चरमरा गई है। तत्कालीन डिप्टी कलेक्टर और प्रभारी सीएमओ और वर्तमान सीएमओ ने बिना संज्ञान में लाए 65 टेंडर अटकाए या निरस्त कर दिए।
महिला जनप्रतिनिधि के स्वाभिमान को ठेस
सविता गुप्ता ने आरोप लगाया कि अधिकारी अपनी नाकामी छुपा रहे हैं। वे कलेक्टर और वरिष्ठ नेतृत्व को लगातार गुमराह कर रहे हैं। कलेक्टर द्वारा उनके साथ अनुचित व्यवहार किया जाता है। झूठी शिकायतों के आधार पर एडीएम स्तर की जांचें बैठाई गईं। उनके परिवार के पेट्रोल पंप तक की जांच कराकर प्रताड़ित किया गया।
पद से इस्तीफा देने की बात
नपा अध्यक्ष ने कहा कि उनके पति अरविंद गुप्ता पार्टी के समर्पित कार्यकर्ता हैं। वे पूर्व पार्षद और मंडल प्रभारी भी रह चुके हैं। इसके बावजूद उन्हें केवल अध्यक्ष पति कहकर अपमानित किया जाता है। उन्होंने अपने पत्र में साफ लिखा कि ऐसी स्थिति न बने कि मुझे इस्तीफा देकर घर बैठना पड़े।
FAQ
- नपा अध्यक्ष सविता गुप्ता ने ज्योतिरादित्य सिंधिया को पत्र क्यों लिखा?
नपा अध्यक्ष ने यह पत्र शहर में ठप पड़े बुनियादी विकास कार्यों (सफाई, स्ट्रीट लाइट, मुक्तिधाम जीर्णोद्धार), अधिकारियों द्वारा 65 टेंडर अटकाने/निरस्त करने की मनमानी, तथा पार्टी के कुछ लोगों द्वारा अधिकारियों से मिलकर रची जा रही साजिश और परिवार के अपमान से केंद्रीय मंत्री को अवगत कराने के लिए लिखा। - नपा अध्यक्ष सविता गुप्ता ने अधिकारियों पर किस प्रकार के आरोप लगाए हैं?
सविता गुप्ता ने अधिकारियों पर मनमानी, हठधर्मिता, और चुनावी सफलता के बाद साजिश करने का आरोप लगाया है। साथ ही उन्होंने कहा कि अधिकारियों ने जानबूझकर शहर की व्यवस्थाएं बिगाड़ी हैं। - क्या नपा अध्यक्ष सविता गुत्पा ने इस्तीफा देने की बात कही है?
हां नपा अध्यक्ष सविता गुप्ता ने कहा है कि ऐसी स्थिति न बने कि उन्हें पद से इस्तीफा देना पड़े, और उन्होंने अपने पति का अपमानित किए जाने की बात भी कही।