उज्जैन काल भैरव मंदिर के पास भीषण आग, 4 दुकानें खाक, कुंभ की तैयारियों पर सवाल
उज्जैन के काल भैरव मंदिर के सामने मंगलवार सुबह अचानक आग लग गई। पूजन सामग्री की चार दुकानें जलकर पूरी तरह खाक हो गईं। पांच दमकल गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और करीब 45 मिनट में आग पर काबू पाया गया। लाखों रुपए के नुकसान का अनुमान है, हालांकि सही आंकड़ा अभी सामने नहीं आया है। किसी के हताहत होने की खबर नहीं है।
पूजन सामग्री की दुकानें आईं चपेट में
उज्जैन के काल भैरव मंदिर के बाहर मंगलवार की सुबह अचानक आग भड़क उठी। सुबह करीब साढ़े पांच बजे एक दुकान से उठी आग ने देखते ही देखते चारों तरफ फैलना शुरू कर दिया।
दुकानों में लकड़ी, अगरबत्ती, तेल और पूजन से जुड़ा सामान रखा था। इस वजह से आग और तेज हो गई और कुछ ही मिनटों में चार दुकानें पूरी तरह जल गईं।
स्थानीय लोगों ने दी तुरंत सूचना
आग देखते ही आसपास के लोगों ने फायर कंट्रोल रूम को फोन किया। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीम हरकत में आई। कुल पांच दमकल वाहन मौके पर पहुंचे। इनमें पानी के टैंकर भी शामिल थे। करीब 30 से 45 मिनट की लगातार कोशिश के बाद आग पर काबू पाया जा सका।
बड़ा नुकसान टला, राहत की बात
फायर ब्रिगेड की तेज कार्रवाई से आसपास की बाकी दुकानें बच गईं। अधिकारियों का कहना है कि अगर थोड़ी देर और लगती, तो पूरा बाजार आग की चपेट में आ सकता था।
शुरुआती अनुमान के मुताबिक लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। सही आंकड़े के लिए जांच जारी है। राहत की बात यह है कि किसी भी व्यक्ति को चोट नहीं आई।
काल भैरव मंदिर क्षेत्र में सुरक्षा पर सवाल
काल भैरव मंदिर उज्जैन के सबसे प्रमुख धार्मिक स्थलों में से एक है। यहां हर दिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं। मंदिर के बाहर छोटी-छोटी अस्थायी दुकानें लगती हैं। बिजली के तारों की उलझन और दुकानों में ज्वलनशील सामान होने से खतरा हमेशा बना रहता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह पहली बार नहीं है जब इस इलाके में आग की घटना सामने आई हो।
प्रशासन अलर्ट मोड में
इस घटना के बाद प्रशासन हरकत में आया है। मंदिर क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की बात कही जा रही है। शुरुआती जांच में शॉर्ट सर्किट (Short Circuit-बिजली के तारों में गड़बड़ी से लगी आग) को कारण माना जा रहा है। हालांकि पूरी जांच रिपोर्ट के बाद ही असल वजह सामने आएगी।
कुंभ की तैयारियों पर उठे सवाल
देश भर की आस्था के केंद्र उज्जैन में इस समय महाकुंभ की तैयारियां युध्द स्तर पर चल रही है। इंफ्रास्ट्रक्चर से लेकर क्राउड मैनेजमेंट तक पर मंथन और प्लानिंग हो रही है। ऐसे में उज्जैन के दूसरे सबसे प्रसिध्द काल भैरव मंदिर के ठीक सामने इतनी बड़ी आगजनी की घटना ने कई सवाल खड़े कर दिए है।
सुबह के समय मंदिर के आसपास ज्यादा भीड़ नहीं थी, जिसके कारण कोई जनहानि सामने नहीं आई। यहीं हादसा दोपहर या शाम के समय होता तो स्थिति गंभीर हो सकती थी। प्रशासन को महाकुंभ के दौरान ऐसे किसी हादसे से बचने के लिए अभी से प्लानिंग और रिहर्सल करना होगी।
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