निर्दलीय प्रत्याशियों की पहली पसंद बना सेब का सिंबल, जानें क्यों आया चर्चा में

Ashish Bhardwaj | Sept 05, 2026, 09:47 IST
बाड़मेर निकाय चुनाव
राजस्थान के बाड़मेर नगर निकाय चुनाव में सेब चुनाव चिह्न की सबसे ज्यादा डिमांड रही। 24 निर्दलीयों को सेब मिला, सात वार्डों में लॉटरी निकालनी पड़ी।

समझें क्या है पूरा मामला

  • बाड़मेर निकाय चुनाव में सेब सिंबल की सबसे ज्यादा डिमांड।
  • 24 निर्दलीय प्रत्याशियों को मिला सेब चुनाव चिह्न।
  • सात वार्डों में सेब सिंबल के लिए हुई लॉटरी।
  • नाम वापसी के बाद 179 प्रत्याशी मैदान में बचे।
  • भाटी के बाद फिर चर्चा में आया सेब चुनाव चिह्न।

बाड़मेर नगर निकाय चुनाव में इस बार सेब चुनाव चिह्न की सबसे ज्यादा मांग रही। 24 निर्दलीय प्रत्याशियों को सेब सिंबल मिला। सात वार्डों में एक से ज्यादा दावेदार होने पर लॉटरी निकालनी पड़ी। नाम वापसी के बाद 55 वार्डों में 179 प्रत्याशी मैदान में बचे हैं। सभी को शुक्रवार को चुनाव चिह्न आवंटित कर दिए गए हैं।



भाटी के बाद फिर चर्चा में आया सेब

बाड़मेर में सेब चुनाव चिह्न की इस डिमांड की एक खास वजह भी है। शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने विधानसभा और लोकसभा चुनाव में निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर सेब चुनाव चिह्न पर चुनाव लड़ा था।



दोनों चुनावों में सेब सिंबल उनकी पहचान बन गया था। इसके बाद सोशल मीडिया और आम लोगों के बीच यह चुनाव चिह्न चर्चा का विषय बन गया।



अब करीब दो साल बाद निकाय चुनाव में फिर से सेब सिंबल की मांग ने इसे एक बार फिर चर्चा में ला दिया है।



सात वार्डों में निकली लॉटरी

निर्दलीय प्रत्याशियों से चुनाव चिह्न के लिए तीन-तीन विकल्प मांगे गए थे। आवंटन के दौरान सात ऐसे वार्ड सामने आए, जहां एक से ज्यादा प्रत्याशियों ने पहली पसंद के रूप में सेब चुनाव चिह्न मांगा था।



पहली पसंद एक जैसी होने पर निर्वाचन विभाग ने लॉटरी के जरिए एक प्रत्याशी को सेब चुनाव चिह्न दिया। बाकी प्रत्याशियों को उनकी दूसरी पसंद के आधार पर चुनाव चिह्न आवंटित किए गए।



नाम वापसी के बाद कितने प्रत्याशी बचे

गुरुवार को नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी हुई। इस दिन कुल 56 प्रत्याशियों ने अपना नामांकन वापस लिया।



इसके बाद बाड़मेर नगर परिषद के 55 वार्डों में कुल 179 प्रत्याशी मैदान में बचे हैं। इनमें भाजपा और कांग्रेस के 55-55 प्रत्याशी शामिल हैं। आरएलपी (राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी – Rashtriya Loktantrik Party) के 18 प्रत्याशी मैदान में हैं। इसके अलावा 50 निर्दलीय और बीएसपी (बहुजन समाज पार्टी – Bahujan Samaj Party) का एक प्रत्याशी भी चुनाव लड़ रहा है।



शुक्रवार को सभी प्रत्याशियों को उनके चुनाव चिह्न आवंटित कर दिए गए।



कब होगी वोटिंग और मतगणना

बाड़मेर नगर परिषद में पहले चरण का मतदान 9 सितंबर को होगा। मतदान सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक चलेगा।



दूसरे चरण में चौहटन नगर पालिका में 11 सितंबर को वोट डाले जाएंगे। सभी वार्डों की मतगणना 14 सितंबर को होगी।



इसके बाद सभापति चुनाव के लिए 15 सितंबर को लोक सूचना जारी की जाएगी। इस तरह पूरी चुनावी प्रक्रिया अगले कुछ दिनों में चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ेगी।



FAQ

  1. बाड़मेर में सेब चुनाव चिह्न की मांग क्यों बढ़ी?
    शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने पिछले विधानसभा और लोकसभा चुनाव में सेब सिंबल पर चुनाव लड़ा था। इसके बाद यह चिह्न लोगों में लोकप्रिय हो गया। अब निकाय चुनाव में भी इसकी मांग बढ़ गई है।
  2. सेब चिह्न के लिए लॉटरी क्यों निकालनी पड़ी?
    सात वार्डों में एक से ज्यादा निर्दलीय प्रत्याशियों ने पहली पसंद के तौर पर सेब चिह्न मांगा था। ऐसे में निर्वाचन विभाग ने लॉटरी के जरिए फैसला किया। बाकी प्रत्याशियों को उनकी दूसरी पसंद का चिह्न मिला।
  3. बाड़मेर में वोटिंग कब होगी?
    बाड़मेर नगर परिषद में पहले चरण की वोटिंग 9 सितंबर को होगी। चौहटन नगर पालिका में दूसरे चरण की वोटिंग 11 सितंबर को होगी। मतगणना 14 सितंबर को होगी।

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