भाजपा विधायक रेवंतराम ने कब्जाई 8 करोड़ की सरकारी जमीन, पानी और बिजली भी चोरी

Jageshwar prasad | Aug 04, 2026, 15:09 IST
विधायक ने हथियाई सरकारी जमीन
खींवसर से BJP विधायक रेवंतराम डांगा और परिवार पर नागौर के पालड़ी व्यासा गांव में 205 बीघा सरकारी जमीन पर कब्जे का आरोप। 8 करोड़ की जमीन, डिग्गी, सरकारी ट्यूबवेल से पानी और बिना कनेक्शन बिजली। विधायक बोले, गांव आओ दिखाते हैं।

समझें क्या है पूरा मामला

  • भाजपा विधायक रेवंतराम डांगा पर 8 करोड़ की सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा।
  • नागौर में कब्जाई 205 बीघा सरकारी जमीन, बिजली-पानी चोरी के भी आरोप।
  • 40 बीघा जमीन पर विधायक का कब्जा, डिग्गियां और अवैध बिजली कनेक्शन का इंतजाम।
  • भाई ने मुख्य रोड पर घर बनाया, विधायक ने खेत में डिग्गी, राजस्व रिकॉर्ड है गवाह।

राजस्थान के खींवसर (नागौर) से भाजपा (BJP) विधायक रेवंतराम डांगा और उनके परिवार पर नागौर जिले के पालड़ी व्यासा गांव में करीब 205 बीघा सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे का गंभीर आरोप है। इस जमीन की अनुमानित कीमत 8 करोड़ रुपए है।



कब्जे वाली जमीन के चारों तरफ दीवारें बना दी गई हैं। सरकारी जमीन पर पानी की डिग्गियां बना रखी हैं, सरकारी ट्यूबवेल का पानी खेत में डाला जा रहा है और बिना कनेक्शन के बिजली की भी व्यवस्था की गई है।



विधायक ने इन आरोपों पर कहा कि एक बार गांव आओ, सब दिखा देते हैं। इसके बाद उन्होंने फोन बंद कर लिया।



40 बीघा खुद विधायक के नाम, 165 बीघा परिवार में

रिकॉर्ड के अनुसार पालड़ी व्यासा में कब्जे में से करीब 40 बीघा सरकारी भूमि पर विधायक रेवंत राम डांगा का सीधा कब्जा है। इसकी किस्म मगरा, अंगौर और बारानी भूमि है।



इनसे जुड़ी अपनी निजी भूमि पर खेती के लिए पानी की डिग्गियां बनाई गई हैं। इनमें अनुमानित 80 बीघा और सरकारी भूमि शामिल है जिसे नागौर कृषि विस्तार विभाग के जॉइंट डायरेक्टर हेमराज मीणा भी नकार नहीं पाए।



खसरा नंबर बताते हैं पूरी कहानी

रिकॉर्ड के अनुसार खसरा संख्या 325/115 पर बनी डिग्गी सरकारी जमीन पर है। खसरा संख्या 132 पर सरकारी जमीन पर कृषि प्रयोजन के लिए हॉल बना रखा है। इस तरह के निर्माण में 35 फीसदी तक सरकारी अनुदान मिलता है।



विधायक की 94 बीघा 2 बिस्वा जमीन कई खसरा नंबरों में दर्ज है। खसरा 54 और 55 मिलाकर 13 बीघा जमीन उनके नाम है, लेकिन वास्तविक कब्जा 25 बीघा में है यानी करीब 12 बीघा अतिरिक्त सरकारी जमीन पर कब्जा।



जिस जमीन पर कब्जे का आरोप है वहां दीवार भी बनाई गई है।

भाई ने मुख्य रोड पर बना लिया घर

विधायक के भाई रामेश्वर ने खसरा नंबर 14 में मुख्य सड़क पर सरकारी जमीन पर मकान बना लिया है। उसके ठीक सामने सरकारी ट्यूबवेल से पाइप खींचकर डिग्गी तक पानी पहुंचाया जा रहा है। चार डिग्गियों में लगी मोटरें बिना कनेक्शन वाली बिजली से चलती हैं।



पानी चोरी कर खेतों तक पहुंचाया जा रहा

छोटा ट्रांसफार्मर और बिजली चोरी

कृषि भवन तक बिजली पहुंचाने के लिए मुख्य लाइन के बीच में पोल लगाकर सप्लाई ली गई है। मोटर के लिए अवैध रूप से छोटा ट्रांसफार्मर यानी ढोलकी भी रखा गया है जो सर्दियों में फसलों की सिंचाई के दौरान उपयोग में लाया जाता है।



बिजली चोरी के आरोपों पर डिस्कॉम नागौर के एसई (SE – Superintending Engineer) सुल्तान सिंह ने कहा कि जल्द उचित कार्रवाई की जाएगी।



बिजली चोरी के लिए सरकारी ट्रांसफर का इस्तेमाल किया जा रहा है।

विधायक बोले, गांव आओ, फिर फोन बंद

इन सारे आरोपों पर विधायक रेवंत राम डांगा से जब सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि एक बार गांव आ जाओ सब कुछ दिखा भी देंगे। इसके बाद उन्होंने मोबाइल फोन बंद कर लिया और कोई जवाब नहीं दिया।



FAQ

  1. BJP विधायक रेवंत राम डांगा पर क्या आरोप हैं?
    नागौर के खींवसर विधायक और उनके परिवार पर 205 बीघा सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे का आरोप है जिसकी कीमत 8 करोड़ रुपए बताई जा रही है। इसमें डिग्गी निर्माण, सरकारी ट्यूबवेल से पानी और बिना कनेक्शन बिजली उपयोग के आरोप भी शामिल हैं।

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