राजस्थान कैबिनेट मीटिंग के बाद CM भजनलाल बोले- 410 भर्ती परीक्षाएं बिना पेपर लीक कराईं, 1 लाख पदों पर भर्ती जारी
राजस्थान में निकाय चुनावों में जीत के बाद अब भाजपा की नजर पंचायतीराज चुनावों पर है। बुधवार को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कैबिनेट और मंत्रिपरिषद की बैठक में मंत्रियों के साथ आगामी चुनावों की रणनीति पर चर्चा की। भजनलाल सरकार की कोशिश निकाय चुनावों की तरह पंचायतों में भी ज्यादा से ज्यादा सीटें जीतने की है। बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर गांवों के विकास को लेकर सरकार की योजनाएं बताईं। उन्होंने कहा कि सरकार का सबसे बड़ा लक्ष्य गांवों में रहने वाले लोगों की जिंदगी बेहतर बनाना है। इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को बधाई देने का प्रस्ताव भी पारित किया गया।
पंचायत चुनाव में जीत के लिए मंत्रियों के साथ बनाई रणनीति
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विकसित भारत का सपना तभी पूरा होगा, जब देश के गांव विकसित होंगे। गांवों में सड़क, बिजली, पानी और दूसरी जरूरी सुविधाएं बेहतर होंगी और ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत बनेगी।
उन्होंने कहा कि आगामी पंचायती राज चुनाव सिर्फ जनप्रतिनिधि चुनने का मौका नहीं हैं, बल्कि गांवों के भविष्य और विकास की दिशा तय करने का भी अवसर है। मुख्यमंत्री ने लोगों से अपील की कि वे ऐसे प्रतिनिधियों को चुनें, जो गांव की समस्याओं को समझते हों और उन्हें दूर करने के लिए काम करें।
गांव वालों से सुझाव लेकर बनाई विकास की योजना
सीएम भजनलाल ने कहा कि गांवों के विकास की योजनाएं वहां रहने वाले लोगों की जरूरतों के हिसाब से बननी चाहिए। इसी सोच के साथ सरकार ने 'विकसित गांव, विकसित वार्ड' अभियान चलाया। इस अभियान के तहत ग्राम सभाओं और चौपालों में किसानों, पशुपालकों, महिलाओं और बुजुर्गों से बातचीत की गई। उनसे गांव की समस्याओं और जरूरी विकास कार्यों के बारे में सुझाव लिए गए। मुख्यमंत्री के मुताबिक, इन्हीं सुझावों के आधार पर ग्राम विकास संकल्प पत्र तैयार किया गया है। इसमें ग्रामीणों की जरूरतों और गांवों के विकास से जुड़े कामों को शामिल किया गया है।
पीएम मोदी को बधाई का प्रस्ताव, सरकार ने गिनाए विकास कार्य
कैबिनेट बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को बधाई देने का प्रस्ताव भी पारित किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार के सहयोग से राजस्थान में कई बड़े विकास कार्य हो रहे हैं। उन्होंने बताया कि ग्लोबल राजस्थान समिट में करीब 35 लाख करोड़ रुपए के एमओयू हुए हैं। पचपदरा रिफाइनरी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुरू किया। इसके अलावा प्रदेश में 27,750 किलोमीटर से ज्यादा के ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे विकसित किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि उनकी सरकार के कार्यकाल में प्रदेश की सोलर बिजली क्षमता में 28 गीगावॉट की बढ़ोतरी हुई है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में राजस्थान को विकास के कई नए अवसर मिले हैं।
410 से ज्यादा भर्ती परीक्षाएं बिना पेपर लीक कराईं
मुख्यमंत्री ने सरकारी भर्तियों और युवाओं के रोजगार को लेकर भी सरकार के काम गिनाए। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अब तक 410 से ज्यादा भर्ती परीक्षाएं बिना पेपर लीक के कराई गई हैं।
इसके अलावा एक लाख पदों पर भर्ती प्रक्रिया चल रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार युवाओं को रोजगार देने और भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए काम कर रही है।
उन्होंने बताया कि 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के तहत राजस्थान में अब तक 30 करोड़ पौधे लगाए जा चुके हैं। किसानों को बिजली देने के मुद्दे पर मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार प्रदेश के 26 जिलों में किसानों को दिन के समय बिजली उपलब्ध कराने की दिशा में काम कर रही है।
केन्द्र के सहयोग से पूरी होगी जयपुर रिंग रोड (उत्तर) परियोजना
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के अनुभव और विजन का लाभ राजस्थान की डबल इंजन सरकार को भी मिल रहा है। प्रदेश में 2 हजार 750 किलोमीटर से अधिक लंबाई के 9 ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे विकसित किए जा रहे हैं। जयपुर के चारों ओर यातायात के दबाव को कम करने के लिए 11 हजार 764 करोड़ रुपये की लागत से जयपुर रिंग रोड (उत्तर) परियोजना का कार्य केन्द्र सरकार के सहयोग से पूरा किया जाएगा।
सौर ऊर्जा में प्रथम एवं अक्षय ऊर्जा स्थापना में दूसरे स्थान पर राजस्थान
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में प्रदेश 39.36 गीगावाट स्थापित सौर ऊर्जा क्षमता के साथ अग्रणी प्रदेश बन चुका है। इस तरह राजस्थान देश में सौर ऊर्जा में प्रथम एवं अक्षय ऊर्जा स्थापना में दूसरे स्थान पर पहुंच गया है। राज्य सरकार के पौने तीन वर्षों में लगभग 28 गीगावाट अक्षय ऊर्जा क्षमता की वृद्धि हुई है। 6 हजार मेगावॉट-आवर की बैटरी भंडारण परियोजनाओं से विद्युत पारेषण तंत्र का विस्तार हो रहा है। पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत राजस्थान में 5 लाख से अधिक पंजीकरण हो चुके हैं और 3 लाख 37 हजार रूफटॉप सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं। पीएम-कुसुम योजना में भी किसानों के लिए 5.2 गीगावाट से भी अधिक क्षमता के संयंत्र स्थापित कर राजस्थान अग्रणी बना है। प्रधानमंत्री के एक पेड़ मां के नाम अभियान को सफलतापूर्वक संचालित करते हुए प्रदेश में करीब 30 करोड़ पौधे लगाए जा चुके हैं।
'वन स्टेट, वन इलेक्शन' के तहत एक साथ पंचायत-निकाय चुनाव
मुख्यमंत्री ने कहा कि राजस्थान में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन के अनुसार 'वन स्टेट, वन इलेक्शन' की सोच को आगे बढ़ाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सरकार पंचायती राज चुनाव एक साथ कराने की दिशा में काम कर रही है। पहले अलग-अलग समय पर चुनाव होने से सरकारी कामकाज और विकास योजनाएं प्रभावित होती थीं।
मुख्यमंत्री के मुताबिक, चुनाव एक साथ होने से प्रशासनिक कामकाज बेहतर होगा और गांवों के विकास पर ज्यादा ध्यान दिया जा सकेगा। कुल मिलाकर, निकाय चुनाव में जीत के बाद भाजपा अब पंचायत चुनावों में भी अपनी पकड़ मजबूत करने की तैयारी में है। मुख्यमंत्री ने मंत्रियों के साथ चुनावी रणनीति पर चर्चा करने के साथ ही गांवों के विकास, रोजगार, बिजली और सरकारी योजनाओं को पंचायत चुनाव के प्रमुख मुद्दों के रूप में सामने रखा है।