जूली और डोटासरा का आरोप,अफसरों से संभावित उम्मीदवारों की लिस्ट मंगवा रही है सरकार
पंचायतीराज चुनावों की घोषणा से पहले ही कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर अफसरों के जरिए पंचायत चुनाव में संभावित उम्मीदवारों की लिस्ट मंगवाने का गंभीर आरोप लगाया है। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली और कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने सोशल मीडिया पर यह आरोप लगाए हैं और डोटासरा ने तो एक्स पर रिटर्निंग अफसर से एक्सेल शीट पर मांगी गई सूचना का पत्र भी पोस्ट किया है। हालांकि भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने आरोप को गलत बताते हुए कहा है कि भाजपा को यह सब करने की जरुरत नहीं है और पार्टी अपने नेटवर्क के जरिए सर्वे करवा रही है।
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली और प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि निकाय चुनाव के जनादेश से घबराई सरकार अब पंचायती राज चुनाव से पहले संभावित उम्मीदवारों की सूची सरकारी मशीनरी से निकलवाने में लगी है।
चुनाव अभी शुरू भी नहीं हुए और हार का डर सताने लगा है । उन्होंने मुख्यमंत्री को संबोधित करते हुए लिखा है कि,यह कौन नए-नए ज्ञान आपको दे रहा है और आप लेटर निकलवाकर डिटेल्स ले रहे हो कि कौन जिला प्रमुख, कौन प्रधान, कौन जिला परिषद सदस्य, कौन पंचायत समिति सदस्य हो सकता है, कौन सम्भावित उम्मीदवार हो सकते हैं।
मुकदमे करवाओगे या नोटिस दिलवाओगे
जूली ने सवाल उठाया है कि उन्हें यह जानकारी किसलिए चाहिए ? क्या यह सरकारी काम है? आप क्यों सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग करने में लगे हुए हो ? और आप फिर उनका क्या करोगे ? उन पर मुकदमे करवाओगे, उनको नोटिस दिलवाओगे, उनकी रिकवरी निकलवाओगे, उन पर छापे डलवाओगे, या उनको उठा के ले जाओगे कि फॉर्म ही नहीं भर सकें ? यह डिटेल्स आपको क्यों चाहिए ? कौन वह अधिकारी हैं जो आपके सीएमओ में बैठकर आपके इस प्रकार के आदेशों की पालना कराने में लगे हुए हैं ?
राजस्थान की जनता सब जान चुकी है कि आप नगर निकाय चुनावों में बुरी तरह हारे हो। हारे हुए चुनाव को जीत बताने के लिए पूरे प्रयास आपने किए। लोकतंत्र का हनन आपने किया। पूरी गुंडागर्दी आपके डिपार्टमेंटों के द्वारा की गई लेकिन इससे क्या होगा? राजस्थान की जनता झुकने वाली नहीं है।'
राज्य निर्वाचन आयोग करें जांच
जूली ने मुख्यमंत्री को संबोधित करते हुए कहा कि, अभी पंचायती राज के चुनाव आएंगे,इसमें आपको आपकी हकीकत भी नजर आ जाएगी। नगर निकाय चुनाव में भी आ गई है और बची हुई अब आ जाएगी। यह जो तानाशाही आप कर रहे हैं,यह करना छोड़ दीजिए। जो सरकारी मशीनरी है,उसका दुरुपयोग करना बंद कर दीजिए और मैं चुनाव आयोग से भी निवेदन करूंगा कि इसमें पूरी जांच कराएं कि डिटेल्स क्यों मांगी जा रही हैं।