परीक्षार्थी अब प्रवेश पत्र दिखाकर नहीं कर सकेंगे यात्रा, रोडवेज का अहम फैसला
News In Short
- प्रतियोगी परीक्षाओं के अभ्यर्थियों के लिए रोडवेज की मुफ्त यात्रा सुविधा में किया बदलाव।
- अब अभ्यर्थियों को फ्री यात्रा के लिए रोडवेज पोर्टल पर करना होगा रजिस्ट्रेशन।
- रजिस्ट्रेशन के बाद ही कंडक्टर की मशीन में अभ्यर्थी की डिटेल दिखाई देगी।
- फ्री यात्रा की सुविधा केवल परीक्षा से दो दिन पहले और दो दिन बाद तक ही मिलेगी।
- कई अभ्यर्थी पहले इस सुविधा का कर रहे थे गलत इस्तेमाल।
News In Detail
राजस्थान में सरकारी भर्ती परीक्षाओं के अभ्यर्थियों के लिए रोडवेज की फ्री यात्रा सुविधा में कुछ अहम बदलाव किए गए हैं। पहले अभ्यर्थी सिर्फ प्रवेश पत्र दिखाकर फ्री यात्रा का लाभ उठा सकते थे। लेकिन अब यह सुविधा कुछ शर्तों के तहत ही उपलब्ध होगी।
अब अभ्यर्थियों को परीक्षा से तीन दिन पहले रोडवेज पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करना होगा और अपना रोल नंबर और प्रवेश पत्र अपलोड करना होगा। इसके बाद ही कंडक्टर की मशीन में अभ्यर्थी की जानकारी दिखाई देगी और वह फ्री यात्रा का टिकट जारी कर सकेगा।
बदलाव का उद्देश्य
यह बदलाव फ्री यात्रा सुविधा के दुरुपयोग को रोकने के लिए किया गया है। कई बार यह देखा गया था कि अभ्यर्थी अपने प्रवेश पत्र का इस्तेमाल गलत तरीके से कर रहे थे। जैसे कि वे अपने शहर में परीक्षा केंद्र होने के बावजूद दूसरे शहरों में मुफ्त यात्रा कर रहे थे। इन बदलावों के बाद इस तरह के दुरुपयोग को रोकने की उम्मीद जताई जा रही है।
रजिस्ट्रेशन की नई प्रक्रिया
अब अभ्यर्थियों को रोडवेज पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करना होगा, जिसमें वे अपना रोल नंबर और प्रवेश पत्र अपलोड करेंगे। इसके बाद उनकी सारी जानकारी सिस्टम में सिंक हो जाएगी। जब टिकट जारी होगा तो कंडक्टर मशीन में उनका रोल नंबर दर्ज करेगा और स्क्रीन पर अभ्यर्थी की पूरी जानकारी दिखाई देगी। इससे यह सुनिश्चित किया जाएगा कि यात्रा केवल उन अभ्यर्थियों के लिए हो, जिन्होंने सही तरीके से रजिस्ट्रेशन किया है।
फ्री यात्रा की सुविधा: कब तक?
फ्री यात्रा की सुविधा केवल परीक्षा से दो दिन पहले और दो दिन बाद तक ही दी जाएगी। इसका उद्देश्य अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्र तक और वापस घर तक जाने में सहूलत प्रदान करना है। यातायात प्रबंधन का कहना है कि यह कदम अभ्यर्थियों को यात्रा की परेशानी से बचाने के लिए उठाया गया है।
दुरुपयोग के मामले आए
राजस्थान रोडवेजअधिकारियों के अनुसार कुछ अभ्यर्थी इस सुविधा का गलत इस्तेमाल कर रहे थे। ऐसे कई मामले सामने आए हैं, जहां अभ्यर्थी अपने शहर में परीक्षा केंद्र होने के बावजूद दूसरे शहरों में मुफ्त यात्रा कर रहे थे। यहां तक कि कुछ अभ्यर्थी पांच दिन तक अलग-अलग रूट्स पर फ्री यात्रा करते हुए पाए गए।
जांच और कार्रवाई
हाल ही में एक युवक को पकड़ा गया, जो डीग का रहने वाला था। उसका परीक्षा केंद्र भी डीग में था। बावजूद इसके वह परीक्षा खत्म होने के बाद भी मुफ्त यात्रा कर रहा था। चेकिंग टीम ने उसे पकड़ा और चालान काटा। इससे यह स्पष्ट हो गया कि इस तरह के दुरुपयोग को रोकने के लिए नई प्रक्रिया को लागू किया गया है।
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