RAS प्रियंका विश्नोई मौत मामले में आया नया मोड़, हॉस्पिटल के खिलाफ FIR दर्ज

Ashish Bhardwaj | Aug 06, 2026, 20:21 IST
प्रियंका विश्नोई
राजस्थान के RAS अधिकारी प्रियंका विश्नोई मौत मामले में कोर्ट के आदेश के बाद वसुंधरा हॉस्पिटल के खिलाफ FIR दर्ज हुई है। अस्पताल पर रिकॉर्ड में हेरफेर और साक्ष्य से छेड़छाड़ के आरोप लगे हैं।

समझें क्या है पूरा मामला

  • RAS प्रियंका विश्नोई मौत मामले में नया मोड़ आया है।
  • कोर्ट के आदेश पर अस्पताल के खिलाफ FIR दर्ज हुई है।
  • वसुंधरा हॉस्पिटल पर रिकॉर्ड से छेड़छाड़ के आरोप हैं।
  • पुलिस अब मेडिकल दस्तावेजों की जांच करेगी।
  • मामले में कई डॉक्टरों को आरोपी बनाया गया है।

राजस्थान की RAS अधिकारी प्रियंका विश्नोई मौत मामले में वसुंधरा हॉस्पिटल की मुश्किलें बढ़ गई हैं। कोर्ट के आदेश के बाद चौपासनी हाउसिंग बोर्ड थाना पुलिस ने नई FIR दर्ज की है। अस्पताल संचालकों और संबंधित डॉक्टरों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने धोखाधड़ी, कूटरचित दस्तावेज और साक्ष्य से छेड़छाड़ जैसी धाराओं में जांच शुरू की है।



चार लोगों पर दर्ज हुआ केस

पुलिस के अनुसार वसुंधरा हॉस्पिटल के संचालक डॉ. संजय मकवाना, डॉ. रेणु मकवाना, डॉ. विनोद शैली और डॉ. जितेंद्र खेतावत के खिलाफ FIR दर्ज हुई है।


मामले की जांच एएसआई महेंद्र कुमार को सौंपी गई है। पुलिस अब अस्पताल के रिकॉर्ड और दस्तावेजों की जांच करेगी। इसके लिए लैब रिकॉर्ड, इलेक्ट्रॉनिक मेडिकल रिकॉर्ड (EMR), डिजिटल डेटा और अन्य दस्तावेजों की जांच की जाएगी।



परिजनों ने लगाए आरोप

प्रियंका विश्नोई के परिजनों ने अस्पताल पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका आरोप है कि इलाज में हुई कथित लापरवाही को छिपाने के लिए मेडिकल रिकॉर्ड में बदलाव किए गए। परिजनों का कहना है कि जांच एजेंसियों को दिए गए दस्तावेजों में कई गड़बड़ियां मिलीं। उनके अनुसार रिकॉर्ड में दर्ज समय और वास्तविक घटनाक्रम में अंतर दिखाई दिया।



ऑपरेशन टाइमिंग पर उठे सवाल

परिजनों ने सूचना के अधिकार (RTI) से मिले दस्तावेजों का हवाला दिया है। उनका दावा है कि 5 सितंबर 2024 को प्रियंका का ब्लड सैंपल दोपहर 12:15 बजे लिया गया था। रिपोर्ट दोपहर 1:30 बजे तैयार होने की बात कही गई है। परिजनों का सवाल है कि जब रिपोर्ट बाद में तैयार हुई तो ऑपरेशन दोपहर 1:05 बजे कैसे शुरू हुआ। इसी आधार पर उन्होंने मेडिकल प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं।



बैकडेट एंट्री का आरोप

शिकायत में एनेस्थीसिया रिकॉर्ड को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं। परिजनों का आरोप है कि रिकॉर्ड में बाद में बदलाव किए गए। उनका कहना है कि जांच को प्रभावित करने के लिए बैकडेट एंट्री की गई। इन्हीं आरोपों के आधार पर कोर्ट से FIR दर्ज करने की मांग की गई थी।



इलाज के बाद हुई थी मौत

प्रियंका विश्नोई 2016 बैच की RAS अधिकारी थीं। 5 सितंबर 2024 को पेट दर्द की शिकायत के बाद उनका वसुंधरा हॉस्पिटल में ऑपरेशन हुआ था। ऑपरेशन के अगले दिन उनकी तबीयत बिगड़ गई थी। इसके बाद परिजन उन्हें अहमदाबाद के निजी अस्पताल लेकर गए थे। करीब 13 दिन इलाज के बाद 18 सितंबर 2024 को उनका निधन हो गया।



पुलिस करेगी रिकॉर्ड की जांच

नई FIR के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। जांच में मेडिकल रिकॉर्ड और डिजिटल डेटा अहम भूमिका निभा सकते हैं। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश करेगी कि रिकॉर्ड में कोई बदलाव किया गया था या नहीं। मामले में आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्षों के आधार पर होगी।



ये खबर भी पढे़:-

नरेश मीणा ने नगरफोर्ट थाने में किया सरेंडर, कोर्ट ने भेजा जेल



खाद्य वस्तुओं के दाम बढ़े, प्याज,तेल व अंडे सबसे महंगे, टमाटर-आलू सस्ते



आसाराम को सुप्रीम कोर्ट से झटका, नाबालिग से दुष्कर्म केस में अंतरिम जमानत नहीं



विधानसभा सत्र से पहले दिल्ली पहुंचे सीएम, अमित शाह और मांडविया से की मुलाकात





Tags:
  • राजस्थान
  • FIR
  • RTI
  • RAS प्रियंका विश्नोई