सचिन पायलट का सरकार पर हमला, NEET में पारदर्शिता की मांग
समझें क्या है पूरा मामला
- पायलट ने NEET और CBSE परीक्षाओं में पेपर लीक व गड़बड़ियों को लेकर सरकार की जवाबदेही पर सवाल उठाए।
- RPSC भर्ती में चयन प्रक्रिया को मेरिट आधारित बनाने और इंटरव्यू सिस्टम को समाप्त करने की वकालत की।
- पाचन बांध विवाद पर सरकार को सभी पक्षों से संवाद कर अदालती आदेश लागू करने और जातीय तनाव रोकने की अपील।
- महाराष्ट्र में UBT सांसदों की बगावत की खबरों पर भाजपा द्वारा संख्या बल के लिए जोड़-तोड़ की राजनीति की आलोचना की।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के महासचिव एवं कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने जयपुर में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि NEET जैसी महत्वपूर्ण परीक्षा में लाखों छात्र शामिल होते हैं। इस पर करोड़ों रुपये खर्च होते हैं। लेकिन लगातार पेपर लीक और परीक्षा संबंधी अनियमितताओं की शिकायतें आ रही हैं।
पायलट ने कहा कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी के उठाए गए सवालों और प्रस्तुत किए गए तथ्यों से भाजपा सरकार असहज हो गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि जिम्मेदारी तय करने के बजाय सरकार मामले को दबाने का प्रयास कर रही है।
पायलट ने कहा कि केवल NEET ही नहीं, बल्कि CBSE समेत अन्य परीक्षाएं भी प्रभावित हुई हैं। शिक्षा व्यवस्था में निजी संस्थानों की भूमिका और उनकी जवाबदेही पर भी गंभीर चर्चा की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि कोटा में आयोजित छात्र संवाद कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्रों ने भाग लिया और परीक्षा प्रणाली में सुधार की मांग उठाई।
पाचन बांध विवाद पर बोले-सरकार करे पहल
पाचन बांध के मुद्दे पर पायलट ने कहा कि राज्य सरकार की जिम्मेदारी है कि सभी पक्षों से संवाद स्थापित कर कोर्ट के आदेशों की पालना सुनिश्चित करे। उन्होंने कहा कि सभी क्षेत्रों को पानी चाहिए और लोगों का न्यायपालिका पर भरोसा है। ऐसे में सरकार को सक्रिय भूमिका निभाते हुए किसी भी प्रकार के जातीय तनाव को रोकना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार पिछले ढाई वर्षों से इस मामले में कोई ठोस कदम नहीं उठा सकी है और अब तत्काल कार्रवाई की जरूरत है।
RPSC भर्ती प्रक्रिया पर भी उठाए सवाल
राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) की भर्ती प्रक्रिया पर पायलट ने कहा कि इंटरव्यू में भी गड़बड़ियों की शिकायतें सामने आती रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि अधिकारियों पर दबाव बनाया जाता है। इसलिए चयन प्रक्रिया को पूरी तरह मेरिट आधारित बनाया जाना चाहिए। कई राज्यों में इसे बंद कर दिया है। पायलट ने कहा कि केवल भाषण देने से काम नहीं चलेगा। उन्होंने सरकार से सवाल किया कि भर्ती घोटालों में जिन बड़े मगरमच्छों की बात की जाती थी, वे अब तक कार्रवाई से बाहर क्यों हैं ? और उनके पीछे कौन लोग हैं ? इसका खुलासा होना चाहिए।
महाराष्ट्र में UBT सांसदों के बगावती रुख पर टिप्पणी
महाराष्ट्र में उद्धव ठाकरे गुट (UBT) के छह सांसदों के बगावती रुख और NDA के साथ जाने की खबरों पर पायलट ने कहा कि भाजपा संसद में अपने मनमाफिक संख्या बल तैयार करना चाहती है। ताकि अपनी इच्छा के अनुसार विधेयक पारित करा सके। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा राजनीतिक दलों को तोड़कर अपना राजनीतिक हित साधने में लगी हुई है।
FAQ
- सचिन पायलट ने NEET पर क्या कहा?
पायलट ने कहा कि NEET में लगातार पेपर लीक और गड़बड़ी की शिकायतें आ रही हैं। सरकार जिम्मेदारी तय करने की जगह मामले दबा रही है। CBSE समेत अन्य परीक्षाएं भी प्रभावित हुई हैं और शिक्षा में निजी संस्थानों की जवाबदेही पर गंभीर बहस जरूरी है। - पाचन बांध विवाद क्या है और पायलट ने क्या कहा?
पाचन बांध राजस्थान का एक जल विवाद है जिसमें कोर्ट के आदेश भी आ चुके हैं। पायलट का आरोप है कि सरकार ने ढाई साल में कोई ठोस कदम नहीं उठाया। उन्होंने सरकार से सभी पक्षों से संवाद कर जातीय तनाव रोकने की मांग की। - RPSC भर्ती पर पायलट का क्या कहना था?
पायलट ने आरोप लगाया कि RPSC इंटरव्यू में गड़बड़ी होती है और अधिकारियों पर दबाव बनाया जाता है। उन्होंने मांग की कि भर्ती पूरी तरह मेरिट आधारित हो और भर्ती घोटालों के बड़े आरोपियों पर कार्रवाई हो।
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