सचिवालय में भड़की आग मची अफरा-तफरी, टला बड़ा हादसा; जानिए क्या है कारण?
News In Short
- राजस्थान सचिवालय के DIPR के न्यूज सेक्शन में शॉर्ट सर्किट से अचानक आग लग गई।
- आग लगते ही सचिवालय परिसर में अफरा-तफरी मच गई, कर्मचारी बाहर निकल आए।
- दमकल विभाग की त्वरित कार्रवाई से बड़ा हादसा टल गया, आग पर काबू पा लिया गया।
- घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, हालांकि महत्वपूर्ण दस्तावेजों और कंप्यूटरों की जांच की जा रही है।
- पिछले साल जून में भी इसी विभाग में शॉर्ट सर्किट से आग लग चुकी है।
News In Detail
Jaipur: राजस्थान शासन के केंद्र सचिवालय परिसर में शनिवार दोपहर उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब सूचना एवं जनसंपर्क विभाग (DIPR) सेक्शन में अचानक आग लग गई। आग लगने की खबर फैलते ही परिसर में मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। सुरक्षाकर्मियों की मुस्तैदी और दमकल विभाग की त्वरित कार्रवाई से समय रहते आग पर काबू पा लिया गया, जिससे कोई बड़ी जनहानि या भारी नुकसान नहीं हुआ।
शॉर्ट सर्किट से लगी आग
प्रारंभिक जांच के अनुसार, आग लगने का मुख्य कारण बिजली के बोर्ड में हुआ शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, शनिवार दोपहर अचानक न्यूज सेक्शन के एक हिस्से से धुआं निकलने लगा। देखते ही देखते धुएं ने पूरे सेक्शन को अपनी चपेट में ले लिया। सूचना मिलते ही सचिवालय के सुरक्षा अमले ने मोर्चा संभाला और बिजली की सप्लाई काट दी गई।
फायर ब्रिगेड की त्वरित कार्रवाई
सचिवालय में तैनात फायर यूनिट और दमकल की टीमों ने मौके पर पहुंचकर कुछ ही समय में आग को पूरी तरह बुझा दिया। राहत की बात यह रही कि आग केवल एक हिस्से तक सीमित रही और उसे फाइलों के ढेर या अन्य कंप्यूटर सेक्शन तक फैलने से रोक लिया गया। आग बुझने के बाद विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने मौके का मुआयना किया और उपकरणों व दस्तावेजों की सुरक्षा सुनिश्चित की।
पुराने हादसों ने खड़े किए सवाल
सचिवालय के इसी विभाग (DIPR) में पिछले साल जून 2025 में भी आग लगने की घटना सामने आई थी। तब भी आग का कारण शॉर्ट सर्किट ही बताया गया था और कुछ महत्वपूर्ण फाइलें व फर्नीचर जलकर खाक हो गए थे। बार-बार एक ही विभाग में बिजली संबंधी फॉल्ट से आग लगना सचिवालय की विद्युत व्यवस्था और समय-समय पर होने वाले सुरक्षा ऑडिट पर सवालिया निशान खड़ा करता है।
वर्तमान घटना के बाद डीआईपीआर विभाग अब न्यूज सेक्शन में रखे कंप्यूटर सिस्टम, सर्वर और डिजिटल दस्तावेजों की जांच कर रहा है। अधिकारियों का कहना है कि विस्तृत जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि शॉर्ट सर्किट किस लापरवाही की वजह से हुआ।
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