लखनऊ में ARTO के घर विजिलेंस का छापा, 20 करोड़ के गहने, 1.6 करोड़ कैश मिला

Pawan Modiya | Jul 08, 2026, 18:05 IST
विजिलेंस का छापा
आगरा के तत्कालीन एआरटीओ ललित कुमार के लखनऊ स्थित घर पर विजिलेंस का छापा पड़ा। घर से 1.62 करोड़ रुपए नकद, 13 किलो सोना और 9 किलो चांदी बरामद हुई। कई शहरों में प्लॉट, फ्लैट के दस्तावेज भी मिले।

समझें क्या है पूरा मामला

  • आगरा के तत्कालीन एआरटीओ ललित कुमार पर विजिलेंस का छापा पड़ा।
  • लखनऊ के अलीगंज स्थित उनके घर पर 7-8 जुलाई को तलाशी हुई।
  • घर से 1.62 करोड़ रुपए नकद और भारी मात्रा में सोना-चांदी मिला।
  • कई शहरों में प्लॉट, फ्लैट और कृषि भूमि के दस्तावेज भी बरामद हुए।
  • मामले में 2024 में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत केस दर्ज है।

आय से अधिक संपत्ति मामले में यूपी विजिलेंस ने बड़ी कार्रवाई की है। अफसरों ने आगरा के तत्कालीन एआरटीओ (ARTO)ललित कुमार के घर छापा मारा। एआरटीओ यानी असिस्टेंट रीजनल ट्रांसपोर्ट ऑफिसर (Assistant Regional Transport Officer) होता है। यह छापेमारी लखनऊ के अलीगंज इलाके में की गई। तलाशी में भारी मात्रा में नकदी और गहने बरामद हुए हैं।



छापे में क्या-क्या मिला

विजिलेंस टीम को घर से करीब 1.62 करोड़ रुपए नकद मिले हैं। इसके अलावा 13 किलो सोना भी बरामद हुआ है। साथ ही 9 किलो चांदी भी घर से मिली है। टीम को कई हीरे और जवाहरात भी मिले हैं। बरामद गहनों की कीमत करीब 20 करोड़ रुपए आंकी गई है।



जांच में लखनऊ, बाराबंकी, रायबरेली और नोएडा से जुड़े दस्तावेज मिले हैं। इनमें आवासीय प्लॉट और फ्लैट बुकिंग के कागज शामिल हैं। इसके अलावा कृषि भूमि से जुड़े दस्तावेज भी बरामद हुए हैं। ये संपत्तियां आरोपी अफसर के नाम पर पाई गई हैं। अभी इन सभी संपत्तियों की जांच जारी है।



निवेश और गाड़ियां भी बरामद

टीम को बैंक, पोस्ट ऑफिस और म्यूचुअल फंड में निवेश के दस्तावेज मिले हैं। इनकी कुल कीमत एक करोड़ रुपए से अधिक बताई जा रही है। घर से दो लग्जरी कारें भी बरामद हुई हैं। इनमें टोयोटा इनोवा और हुंडई आई 20 शामिल हैं। इसके अलावा एक रिवॉल्वर भी बरामद की गई है।



जांच में सामने आया, घर की साजसज्जा पर भी लाखों रुपए खर्च हुए। आरोपी अफसर ने महंगे घरेलू उपकरण भी खरीदे थे। यह खर्च उनकी आय से मेल नहीं खाता है। इसी आधार पर विजिलेंस ने जांच आगे बढ़ाई है।



2024 में दर्ज हुआ था केस

सतर्कता अधिष्ठान के अनुसार ललित कुमार के खिलाफ 2024 में केस दर्ज हुआ था। यह केस भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत दर्ज किया गया था। शासन के निर्देश पर इस मामले की जांच शुरू हुई थी। जांच में आय से अधिक संपत्ति के सबूत मिलने लगे। इसी के बाद घर पर छापेमारी की योजना बनी।



7-8 जुलाई को हुई छापेमारी

विजिलेंस की टीम ने 7 और 8 जुलाई को छापेमारी की। यह कार्रवाई लखनऊ के अलीगंज स्थित आवास पर हुई। टीम ने पूरे घर की बारीकी से तलाशी ली। दस्तावेज, नकदी और गहने अलग-अलग जब्त किए गए। पूरी कार्रवाई सतर्कता अधिष्ठान की निगरानी में हुई।



आगे की जांच जारी

इस सफल कार्रवाई पर पुलिस महानिदेशक और निदेशक सतर्कता ने खुशी जताई है। उन्होंने लखनऊ सेक्टर टीम को एक लाख रुपए इनाम देने की घोषणा की। यह इनाम टीम के प्रदर्शन को देखते हुए दिया जा रहा है। अफसरों का कहना है कि आगे भी ऐसी कार्रवाई जारी रहेगी। मामले में अभी आगे की जांच और वैधानिक कार्रवाई जारी है। बरामद संपत्तियों का पूरा ब्योरा तैयार किया जा रहा है। जांच पूरी होने के बाद अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया जाएगा। हालांकि अभी तक अदालत में दोष सिद्ध होना बाकी है। कानून के तहत आरोपी को अपना पक्ष रखने का पूरा अधिकार है।



उत्तर प्रदेश में सतर्कता अधिष्ठान भ्रष्टाचार के मामलों की जांच करता है। यह विभाग सरकारी अफसरों की संपत्ति पर नजर रखता है। शिकायत मिलने पर विभाग जांच शुरू करता है। जांच में सबूत मिलने पर छापेमारी की कार्रवाई होती है। यही प्रक्रिया इस मामले में भी अपनाई गई है।



अफसरों में हड़कंप

इस बड़ी कार्रवाई के बाद परिवहन विभाग में हड़कंप मच गया है। कई अफसर इस मामले पर चर्चा कर रहे हैं। विभाग के अन्य अफसरों की संपत्ति पर भी नजर रखी जा सकती है। विजिलेंस आगे भी ऐसे मामलों की जांच जारी रखेगा। इससे अन्य अफसरों में भी सतर्कता बढ़ सकती है।



क्या होगा आगे

मामले की जांच पूरी होने के बाद अगला कदम तय होगा। बरामद संपत्ति और दस्तावेजों की जांच अभी जारी है। अदालत में सुनवाई के बाद ही अंतिम फैसला आएगा। तब तक ललित कुमार सिर्फ आरोपी हैं। दोष सिद्ध होना अभी बाकी है।



ये खबरें भी पढ़ें...

कृषि विभाग की टीम पर फिर छापा, एसीबी ने हाईवे पर पकड़ी काली कमाई



इंदौर के बाद भोपाल में बड़ा एक्शन: एमपी नगर के कोचिंग और हॉस्टल्स पर छापा



एमपी में 800 करोड़ का पोषण आहार घोटाला, लोकायुक्त ने अफसरों को किया तलब



इंंदौर लोकायुक्त की गजब जांच, आय से अधिक कमाई में वन एसडीओ सक्सेना पर छापा, अब क्लीन चिट



Tags:
  • परिवहन विभाग
  • उत्तर प्रदेश
  • आय से अधिक संपत्ति
  • सोना
  • आगरा
  • ARTO
  • लखनऊ
  • विजिलेंस टीम