महिला अफसर ने कलेक्टर पर लगाए शोषण व धमकी देने के आरोप, बोलीं- मुझे डर लग रहा है
एक तरफ सरकार बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ का नारा बुलंद कर रही है। वहीं दूसरी तरफ तंत्र के भीतर बैठी एक महिला अफसर न्याय के लिए गिड़गिड़ा रही है। उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले की तहसीलदार राखी शर्मा ने कलेक्टर रमेश रंजन पर मानसिक शोषण और धमकी देने के संगीन आरोप लगाए हैं।
एक भावुक वीडियो संदेश जारी करने के बाद अब महिला अफसर ने अपनी जान को खतरा बताते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मदद की गुहार लगाई है।
अफसर बनकर भी सुरक्षित नहीं
तहसीलदार राखी शर्मा का कहना है कि उन्होंने सालों मेहनत की ताकि एक अधिकारी बनकर समाज की सेवा कर सकें। वहीं, आज हालात ऐसे हैं कि उन्हें अपनी सुरक्षा की चिंता सता रही है।
उन्होंने दर्द साझा करते हुए कहा कि बाहर से यह पद एक चमकदार हवेली जैसा दिखता है, लेकिन अंदर मुझे एक अंधेरे कमरे में धकेल दिया गया है। जब एक PCS अधिकारी सुरक्षित नहीं है, तो आम आदमी का क्या होगा?
भ्रष्टाचार का विरोध करने पर रची की साजिश
आगरा की रहने वाली राखी शर्मा 04 सितंबर, 2024 से टूंडला में कार्यरत हैं। उनका आरोप है कि भ्रष्टाचार के मामलों में साथ न देने के कारण उन्हें निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि डीएम के ओएसडी के माध्यम से उन पर आईफोन देने का दबाव बनाया गया। जब उन्होंने गलत काम करने से मना किया, तो उनके खिलाफ झूठी जांचें बिठा दी गईं। इतना ही नहीं, उनकी आठ महीने की सैलरी भी रोक ली गई थी, जिसे लंबी कानूनी लड़ाई के बाद रिलीज कराया गया था।
इंस्पेक्टर के सामने छलका दर्द: मैं भीख मांगती फिर रही हूं
सोशल मीडिया पर राखी शर्मा का एक वीडियो वायरल हो रहा है। इसमें वह एक इंस्पेक्टर से बात करते हुए फफककर रो रही हैं। उन्होंने कहा कि आप लोग चैन से रहिए, हम दुनिया में नहीं रहेंगे। एक मजिस्ट्रेट को अपनी व्यथा सुनाने के लिए प्रेस कॉन्फ्रेंस करनी पड़ रही है। मैं अपनी लिखित शिकायत दर्ज कराने के लिए भीख मांग रही हूं, लेकिन कोई सुनने वाला नहीं है। उन्होंने एक पत्रकार पर भी 24 घंटे के भीतर ट्रांसफर कराने की धमकी देने का आरोप लगाया है।
पिता की बिगड़ी तबीयत, 4 दिन की छुट्टी पर अफसर
इस पूरे विवाद का असर महिला अफसर के परिवार पर भी पड़ा है। उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ चलाए जा रहे भ्रामक कैंपेन से उनके पिता काफी तनाव में हैं। पिता की तबीयत बिगड़ने और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराने की नौबत आने के कारण राखी शर्मा को चार दिन के अवकाश पर जाना पड़ा है। वह वर्तमान में सरकारी गेस्ट हाउस में अकेली रहती हैं और उन्हें वहां भी असुरक्षा का अहसास हो रहा है।
पुराना रिकॉर्ड खंगाल रही टीमें
महिला अफसर राखी शर्मा का दावा है कि उन्हें मानसिक रूप से तोड़ने के लिए उनके चरित्र पर सवाल उठाए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि उनकी पहली पोस्टिंग मथुरा (2019-2023) में थी। अब वर्तमान प्रशासन वहां भी टीमें भेजकर उनके पुराने रिकॉर्ड खंगाल रहा है ताकि कोई कमी निकालकर उन्हें बदनाम किया जा सके। उनका कहना है कि करोड़ों के जमीन घोटाले करने वाले बाबू और भू-माफिया उनके खिलाफ कैंपेन चला रहे हैं जिन्हें जिला प्रशासन का संरक्षण प्राप्त है।
कलेक्टर ने मामले पर चुप्पी साधी
कलेक्टर रमेश रंजन ने इस पूरे मामले पर चुप्पी साध रखी है। अब तक उनकी तरफ से कोई बयान नहीं आया है। वहीं, इस बीच, सोशल मीडिया पर कुछ लोग महिला अफसर के सपोर्ट में आ गए हैं और डीएम के खिलाफ कमेंट कर रहे हैं।
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