QS Ranking 2027: पढ़ाई के लिए कौन सा शहर सबसे बेहतर, QS की नई रैंकिंग जारी
समझें क्या है पूरा मामला
- दुनिया के छात्रों के लिए बेहतरीन शहरों की नई रैंकिंग जारी हुई है।
- इसे QS बेस्ट स्टूडेंट सिटीज रैंकिंग 2027 कहा गया है।
- इस रैंकिंग में दुनिया के टॉप 150 शहरों को जगह मिली है।
- भारत के चार शहर भी इस सूची में शामिल हुए हैं।
- दक्षिण कोरिया का सियोल लगातार दूसरी बार पहले स्थान पर रहा है।
रैंकिंग में टॉप-5 शहर कौन से
QS ने बेस्ट स्टूडेंट सिटीज रैंकिंग जारी कर दी है। इसमें दुनिया के अलग-अलग शहरों को कई आधार पर परखा गया है। देखा गया कि वहां की यूनिवर्सिटी कितनी अच्छी हैं, छात्रों को कैसी सुविधाएं मिलती हैं, नौकरी के कितने मौके हैं, रहने का खर्च कितना है और छात्र उस शहर के बारे में क्या सोचते हैं।
इस बार सियोल (Seoul Top Rank) ने 100 अंकों का परफेक्ट स्कोर हासिल किया है। दूसरे स्थान पर जापान का टोक्यो है। तीसरा स्थान ब्रिटेन के लंदन को मिला है। ऑस्ट्रेलिया का मेलबर्न चौथे और जर्मनी का म्यूनिख पांचवें स्थान पर रहा।
रैंकिंग के 6 पैमाने कौन से हैं
रैंकिंग में शहरों को छह बड़े पैमानों पर परखा जाता है। पहला है अफोर्डेबिलिटी, यानी ट्यूशन फीस और रहने का खर्च कितना है। दूसरा है रोजगार के अवसर, यानी छात्रों को इंटर्नशिप और नौकरी के कितने मौके मिलते हैं। तीसरा है डिजायरेबिलिटी, यानी शहर कितना सुरक्षित और आकर्षक है। चौथा है छात्रों का अनुभव, यानी वहां पढ़ रहे छात्र उस शहर के बारे में क्या सोचते हैं। पांचवां है इंटरनेशनल स्टूडेंट मिक्स, यानी विदेशों से कितने छात्र वहां पढ़ने आते हैं। छठा है संस्थानों की रैंकिंग, यानी उस शहर की यूनिवर्सिटी का स्तर कैसा है।
भारत के कौन से 4 शहर शामिल
भारत के चार शहरों ने दुनिया के टॉप 150 स्टूडेंट सिटीज में जगह बनाई है। इनमें मुंबई, नई दिल्ली, बेंगलुरु और चेन्नई शामिल हैं। कम खर्च और सुरक्षित माहौल के कारण दिल्ली और चेन्नई छात्रों के लिए अच्छे विकल्प माने गए हैं। टेक और आईटी में करियर बनाने वालों के लिए बेंगलुरु सबसे आगे है। वहीं फाइनेंस, मनोरंजन और बेहतर लाइफस्टाइल के लिए मुंबई को बेहतर बताया गया है।
मुंबई: भारत की नंबर-1 स्टूडेंट सिटी
मुंबई भारत का सबसे अच्छा छात्र शहर बनकर उभरा है। ग्लोबल रैंकिंग में इसे 91वां स्थान मिला है और इसका स्कोर 61.8 रहा। किफायती शहरों की सूची में मुंबई दुनिया में 12वें नंबर पर है। करियर और नौकरी के मौकों के मामले में इसे 34वीं रैंक मिली है। शहर महंगा जरूर है, लेकिन स्ट्रीट फूड और लोकल बाजार छात्रों का खर्च कम रखने में मदद करते हैं। यहां IIT बॉम्बे और मोनाश यूनिवर्सिटी मुंबई जैसे बड़े संस्थान भी मौजूद हैं।
दिल्ली: किफायती पढ़ाई का विकल्प
नई दिल्ली को ग्लोबल रैंकिंग में 99वां स्थान मिला है। इसका स्कोर 60.3 रहा। कम खर्च में पढ़ाई और रहने के मामले में दिल्ली देश में सबसे आगे है। यहां के ऐतिहासिक स्मारक, स्ट्रीट फूड और मेट्रो जैसी सुविधाएं छात्रों को खूब आकर्षित करती हैं। दिल्ली में हिंदी, उर्दू, पंजाबी और अंग्रेजी समेत कई भाषाएं बोली जाती हैं। दिल्ली-एनसीआर में SRM सहित कई बड़े शिक्षण संस्थान भी मौजूद हैं।
बेंगलुरु: टेक और स्टार्टअप का शहर
बेंगलुरु को ग्लोबल रैंकिंग में 114वां स्थान मिला है। इसका स्कोर 56.1 रहा। इसे देश की सिलिकॉन वैली और स्टार्टअप हब कहा जाता है। यहां का मौसम, लालबाग और म्यूजियम छात्रों को काफी पसंद आते हैं। बेंगलुरु में एक छात्र का मासिक खर्च करीब 26 हजार रुपए आता है। वहीं, सिंगल रूम का किराया लगभग 18 हजार रुपए है। यहां IISc और अमृता विश्व विद्यापीठम जैसे बड़े शिक्षण संस्थान भी मौजूद हैं।
चेन्नई: देश का सबसे सुरक्षित शहर
चेन्नई को ग्लोबल रैंकिंग में 123वां स्थान मिला है। इसका स्कोर 54 रहा। इसे देश का चौथा सबसे बड़ा कॉस्मोपॉलिटन शहर माना जाता है। मर्सर इंडेक्स के मुताबिक चेन्नई छात्रों के लिए सुरक्षित शहर है। यहां IIT मद्रास, अन्ना यूनिवर्सिटी, वेल्लोर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी और SRM इंस्टीट्यूट जैसे बड़े शिक्षण संस्थान मौजूद हैं।
सियोल दुनिया में नंबर-1 क्यों
सियोल लगातार दूसरे साल दुनिया का सबसे अच्छा छात्र शहर बना है। यहां सियोल नेशनल यूनिवर्सिटी, योनसे यूनिवर्सिटी, कोरिया यूनिवर्सिटी और सुंगक्युनक्वान यूनिवर्सिटी जैसे बड़े संस्थान हैं।
यह शहर सुरक्षित माहौल, आधुनिक सुविधाओं, 24 घंटे सक्रिय लाइफस्टाइल और शानदार पब्लिक ट्रांसपोर्ट के लिए जाना जाता है। सियोल टेक्नोलॉजी और इनोवेशन का भी बड़ा केंद्र है। सैमसंग, एलजी और हुंडई जैसी कंपनियों के कारण छात्रों को इंटर्नशिप और नौकरी के अच्छे मौके मिलते हैं।
अंतरराष्ट्रीय छात्रों की औसत सालाना ट्यूशन फीस करीब 6,300 डॉलर है। भारतीय रुपए में यह लगभग 5.4 लाख रुपए बैठती है।
छात्रों के लिए यह रैंकिंग क्यों जरूरी
भारतीय छात्रों के लिए यह रैंकिंग एक उपयोगी गाइड की तरह है। जो छात्र पढ़ाई के लिए किसी दूसरे शहर या देश जाने की तैयारी कर रहे हैं, वे इससे सही विकल्प चुन सकते हैं। फैसला करते समय खर्च, सुरक्षा, नौकरी के मौके और संस्थानों की गुणवत्ता को साथ में देखना जरूरी है। विशेषज्ञ भी यही सलाह देते हैं कि सिर्फ रैंकिंग के आधार पर शहर न चुनें। अपनी जरूरत, बजट और करियर के हिसाब से फैसला करें।
FAQ
- QS बेस्ट स्टूडेंट सिटीज रैंकिंग 2027 में टॉप पर कौन सा शहर है?
दक्षिण कोरिया का सियोल इस रैंकिंग में टॉप पर रहा। उसे 100 का परफेक्ट स्कोर मिला। यह लगातार दूसरा साल है जब सियोल पहले स्थान पर है। - भारत के कौन से शहर इस रैंकिंग में शामिल हैं?
भारत के 4 शहर टॉप 150 में शामिल हैं। ये हैं मुंबई, नई दिल्ली, बेंगलुरु और चेन्नई। मुंबई इनमें भारत का सबसे बेहतर स्टूडेंट सिटी है। - यह रैंकिंग किन पैमानों पर तय होती है?
यह रैंकिंग छह पैमानों पर आधारित है। इनमें खर्च, रोजगार के मौके, सुरक्षा, छात्रों का अनुभव, विविधता और संस्थानों की रैंकिंग शामिल है। इन सभी को मिलाकर अंतिम स्कोर तय होता है।
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