काम की खबर : कब बढ़ाएं और कब रोकें SIP में निवेश, ताकि हो सके जमकर फायदा
सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (SIP) की लोकप्रियता लगातार बढ़ती जा रही है, खासकर खुदरा निवेशकों के बीच। जीरोधा (Zerodha) फंड हाउस के एक हालिया अध्ययन में पाया गया कि SIP ने निवेशकों का विश्वास बढ़ाया है। जून 2024 में निवेशकों ने 21 हजार करोड़ रुपए से अधिक का निवेश किया, जबकि SIP खातों की कुल संख्या मार्च 2022 में 5.28 करोड़ से बढ़कर इस साल जुलाई तक 9.34 करोड़ हो गई है। SIP निवेश की राशि भी उसी अवधि में 12 हजार 300 करोड़ से बढ़कर 23,300 करोड़ रुपए हो गई।
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स्टेप-अप एसआईपी: निवेश का स्मार्ट तरीका
स्टेप-अप एसआईपी (Step-up SIP) के जरिए निवेशक अपनी SIP को अधिक प्रभावी बना सकते हैं। इसमें समय-समय पर SIP में निवेश की जाने वाली राशि बढ़ाई जाती है। जीरोधा के अध्ययन (Zerodha Study) में बताया गया कि यदि कोई निवेशक अप्रैल 2005 से मार्च 2024 तक हर महीने एक हजार का निवेश करता, तो उसे सामान्य SIP के तहत कुल 12.6 लाख रुपए प्राप्त होते। यदि निवेशक 5% वार्षिक स्टेप-अप के साथ निवेश करता, तो उसकी कुल राशि 17 लाख रुपए हो जाती। वहीं 25% स्टेप-अप के साथ यह राशि बढ़कर 84.5 लाख रुपए तक पहुंच सकती थी।
SIP में स्टेप-अप के लिए सही समय
स्टेप-अप एसआईपी के लिए कोई निश्चित समय नहीं होता। फिनोवेट की सह-संस्थापक नेहल मोटा (Nehal Mota) के अनुसार, SIP राशि बढ़ाने का निर्णय आपकी आय बढ़ने के अनुसार होना चाहिए। SIP दीर्घकालिक निवेश का एक साधन है, इसलिए बाजार के उतार-चढ़ाव को देखकर निवेश रोकना उचित नहीं होता।
SIP कब रोकनी चाहिए?
कभी-कभी जीवन में अनियोजित घटनाएं जैसे नौकरी का खोना या किसी गंभीर बीमारी का इलाज करने की आवश्यकता होती है, जिसमें SIP रोकनी पड़ सकती है। SIP रोकने का एक और कारण तब हो सकता है जब बाजार का मूल्यांकन अत्यधिक हो जाए। ऐसे समय में आप इक्विटी SIP को अस्थायी रूप से रोक सकते हैं और मूल्यांकन सामान्य होने पर इसे पुनः शुरू कर सकते हैं।
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वित्तीय लक्ष्य पूरा होने पर बंद करें SIP
जब आपका वित्तीय लक्ष्य (Financial Goal) पूरा हो जाए, तब आप SIP को बंद कर सकते हैं। फंड के प्रदर्शन में गिरावट या फंड मैनेजर (Fund Manager) के बदलाव के कारण भी SIP बंद करने की आवश्यकता पड़ सकती है।
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