बीयू के पीजी मार्किंग सिस्टम में बड़ा बदलाव, CCE मार्क्स बढ़कर 40 हुए, लेकिन घट गए फाइनल के मार्क
बरकतउल्ला यूनिवर्सिटी में पोस्ट ग्रेजुएशन (PG) कोर्से के लिए एक नया मार्किंग सिस्टम लागू हुआ है। अब CCE के मार्क्स बढ़कर 40 हो गए हैं, लेकिन फाइनल के मार्क घटा दिए गए हैं। यह बदलाव नेशनल एजुकेशन पॉलिसी-2020 और UGC (University Grants Commission) द्वारा तय किए गए क्रेडिट फ्रेमवर्क फॉर पीजी से तालमेल बिठाने के लिए किया गया है। आइए जानते हैं कैसी होगी ये व्यवस्था…
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PG स्टूडेंट्स के लिए बड़ा बदलाव👉 Barkatullah University ने PG कोर्स के लिए नंबर देने का नया सिस्टम लागू किया है।👉 अब फाइनल एग्जाम 70 की जगह 60 नंबर का होगा, और CCE 30 से बढ़कर 40 नंबर का होगा। 👉 इस बदलाव से अब सिर्फ मेन एग्जाम पर नहीं, बल्कि रेगुलर क्लास पर भी ध्यान देना होगा। 👉 CCE के नंबर बढ़ने से छात्रों के पास होने के चांस और भी बढ़ेंगे। 👉 ये नया सिस्टम National Education Policy 2020 के अनुसार स्टूडेंट्स के फायदे के लिए बनाया गया है। | |
CCE के बढ़े नंबर
इस बदलाव से अब फाइनल लिखित परीक्षा के नंबर 70 से घटकर 60 नंबर हो गए हैं, जबकि CCE (असाइनमेंट, क्लास परफॉर्मेंस) नंबर30 से बढ़कर 40 नंबर हो गए हैं। इसका मतलब है कि अब रेगुलर पढ़ाई और क्लासवर्क पर ज्यादा ध्यान देना होगा।
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स्टूडेंट्स को होगा बड़ा फायदा
- यूनिवर्सिटी अधिकारियों का कहना है कि इस बदलाव से छात्रों को कई बड़े फायदे होंगे। अब सिर्फ फाइनल परीक्षा का दबाव नहीं रहेगा। पूरे सेमेस्टर रेगुलर पढ़ाई पर ध्यान देना जरूरी होगा।
- अब मेन एग्जाम पर ही सब कुछ निर्भर नहीं करेगा। छात्रों को पूरे सेमेस्टर रेगुलर पढ़ाई और क्लास के परफॉर्मेंस पर ध्यान देना होगा। इससे लर्निंग प्रोसेस काफी अच्छी हो जाएगी।
- CCE (इंटरनल असेसमेंट) से छात्रों को अच्छा परफॉर्मेंस करने का एक और मौका मिलेगा। CCE में ज्यादा नंबर होने से स्टूडेंट्स के पास होने की संभावना भी बढ़ेगी। इससे पढ़ाई का एकेडमिक प्रेशर भी कम हो जाएगा।
- अब रेगुलर क्लास आना, असाइनमेंट जमा करना और प्रेजेंटेशन को भी ज्यादा जरूरी माना जाएगा। यह सिस्टम पढ़ाई को लगातार और छात्रों पर केंद्रित बनाएगा। इससे शिक्षा की गुणवत्ता बेहतर होगी।
अन्त में, यह जानना जरूरी है कि बरकतउल्ला यूनिवर्सिटी में हाल ही में बनी 'बोर्ड ऑफ स्टडीज' (BOS) की पहली मीटिंग हुई। इस मीटिंग में यूनिवर्सिटी के लगभग 30 विभागों के चेयरपर्सन, कई विभागों के डीन, परीक्षा लेने वाले अधिकारी और वित्त नियंत्रक जैसे खास लोग मौजूद थे।
इस डेढ़ घंटे की मीटिंग का उद्देश्य PG छात्रों के लिए बेहतर और नई शिक्षा नीति के हिसाब से मार्किंग सिस्टम लागू करना था। Education news | एजुकेशन न्यूज | राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 | राष्ट्रीय शिक्षा नीति