मेट गाला 2026: पूर्व राजपरिवार की गौरवी कुमारी और पद्मनाभ सिंह का डेब्यू, दिखा शाही विरासत का जलवा

Jageshwar prasad | May 11, 2026, 20:17 IST
Photograph: (the sootr)
न्यूयॉर्क के मेट गाला 2026 में जयपुर राजघराने की शाही झलक दिखी। गौरवी कुमारी ने महारानी गायत्री देवी की विंटेज साड़ी से बना गाउन पहना। उनके साथ पद्मनाभ सिंह भी बेहद खास अंदाज में नजर आए। दोनों ने भारतीय संस्कृति का मान बढ़ाया।

News In Short

  • दुनिया के सबसे बड़े फैशन इवेंट मेट गाला में पहुंचा जयपुर का पूर्व राजघराना।
  • गौरवी ने अपनी दादी गायत्री देवी की पुरानी साड़ी से बना गाउन पहना।
  • इस खास गाउन को मशहूर डिजाइनर प्रबल गुरुंग ने तैयार किया था।
  • वहीं पद्मनाभ सिंह ने 600 घंटों की कड़ी मेहनत से बना कोट पहना।
  • दोनों ने रेड कार्पेट पर राजस्थानी विरासत को ग्लोबल पहचान दिलाई।

News In Detail

फैशन के सबसे बड़े इवेंट मेट गाला 2026 में भारत का नाम चमका है। इस बार जयपुर की शाही विरासत न्यूयॉर्क के रेड कार्पेट पर दिखी। पूर्व राजपरिवार की गौरवी कुमारी और पद्मनाभ सिंह ने वहां डेब्यू किया। दोनों के रॉयल लुक ने पूरी दुनिया का ध्यान खींचा।



दिखा गायत्री देवी की साड़ी का जादू

गौरवी ने अपने पहले मेट गाला के लिए खास तैयारी की। उन्होंने किसी विदेशी ड्रेस के बजाय अपनी दादी की यादें चुनीं। गौरवी ने पूर्व महारानी गायत्री देवी की विंटेज शिफॉन साड़ी पहनी। डिजाइनर प्रबल गुरुंग ने इस साड़ी से एक खूबसूरत गाउन बनाया था।



इस गाउन का रंग पिंक रखा गया जो जयपुर का रंग है, यह बेहद प्यारा लगा। गौरवी ने कहा कि इसमें उनकी दादी की आत्मा और भावनाएं बसी हैं। उन्होंने मोतियों के गहनों के साथ अपना श्रृंगार पूरा किया। कान की चेन वाला उनका स्टाइल सीधे गायत्री देवी की याद दिलाता है।





The Met Gala!So proud to carry with me generations of craft, character, and history. A look deep (3)


पद्मनाभ सिंह के कोट में दिखी बारीक कारीगरी

जयपुर के पद्मनाभ सिंह भी राजसी ठाठ में नजर आए। उन्होंने यश और आशिमा ठोलिया का डिजाइन किया कोट पहना। इस कोट को बनाने में 20 कारीगरों ने कड़ी मेहनत की। इसे तैयार करने में 600 से ज्यादा घंटों का समय लगा।



कोट का डिजाइन सिटी पैलेस की पुरानी पेंटिंग्स से प्रेरित था। इसके पीछे सूर्य का एक विशेष प्रतीक बना हुआ था। यह सूर्यवंश के गौरव और इतिहास को दुनिया के सामने दर्शाता है। पद्मनाभ सिंह के इस लुक की हर तरफ काफी चर्चा हो रही है।



Th


The Met


महंगे गहनों ने बढ़ाई राजसी रौनक

पद्मनाभ सिंह के कपड़ों के साथ उनके गहने भी बेहद खास थे। उनके कोट पर जड़े गजराज और मत्स्य ब्रोच काफी आकर्षक थे। ये गहने रूबी, पन्ना और पोल्की से तैयार किए गए थे। इन्होंने साबित किया कि भारतीय आभूषण आज भी सबसे शानदार हैं।



इन गहनों को बहुत ही बारीकी से बनाया गया था। हाथी शक्ति का और मछली समृद्धि का प्रतीक मानी जाती है। यह पूरा लुक राजस्थानी परंपरा और आधुनिक फैशन का मेल था। वहां मौजूद हर फोटोग्राफर इस जोड़ी को कैद करना चाहता था।



ग्लोबल मंच पर राजस्थानी संस्कृति का मान

इस डेब्यू के साथ गौरवी और पद्मनाभ ने गौरवान्वित किया है। उन्होंने दिखाया कि फैशन केवल चमक-धमक नहीं बल्कि अपनी जड़ों को प्रदर्शित करने का माध्यम भी है। उन्होंने अपनी संस्कृति को दुनिया के सबसे बड़े मंच पर रखा। इससे जयपुर और पूरे भारत का मान वैश्विक स्तर पर बढ़ा है।



सोशल मीडिया पर भी इन दोनों की तस्वीरें खूब वायरल हो रही हैं। लोग गौरवी के सादगी भरे अंदाज की तारीफ कर रहे हैं। वहीं पद्मनाभ सिंह के रॉयल लुक ने भी सबका दिल जीत लिया है। यह भारत के लिए वाकई एक गर्व का क्षण है।



अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)

गौरवी कुमारी की मेट गाला ड्रेस क्यों खास थी?

गौरवी की ड्रेस इसलिए खास थी क्योंकि इसे उनकी दादी महारानी गायत्री देवी की असली विंटेज शिफॉन साड़ी से बनाया गया था। इसका रंग पिंक रखा गया था और इसे आधुनिक गाउन का रूप डिजाइनर प्रबल गुरुंग ने दिया था। यह उनकी विरासत को एक भावनात्मक श्रद्धांजलि थी।



पद्मनाभ सिंह के आउटफिट की क्या खासियत थी?

पद्मनाभ सिंह का फुलगर स्टाइल कोट बेहद कीमती था। इसे 20 कारीगरों ने करीब 600 घंटे लगाकर हाथों से तैयार किया था। कोट का डिजाइन सिटी पैलेस के श्रीनिवास महल की पेंटिंग्स से लिया गया था और इस पर उनके सूर्यवंशी होने का प्रतीक भी बना था।



मेट गाला 2026 में जयपुर राजघराने ने क्या संदेश दिया?

जयपुर राजघराने ने इस ग्लोबल मंच पर संदेश दिया कि आधुनिक फैशन के दौर में भी अपनी जड़ों और संस्कृति को नहीं भूलना चाहिए। उन्होंने अपनी ऐतिहासिक विरासत, पारंपरिक गहनों और राजस्थानी कारीगरी को दुनिया के सामने बेहद गर्व के साथ प्रदर्शित किया।



ये भी पढ़ें:-

नरेश मीणा ने मानी टीना डाबी की बात; पेयजल समस्या पर आंदोलन लिया वापस



कैश पॉलिटिक्स की एंट्री, स्कूटी या यूनिफॉर्म की बजाय सीधे बैंक खाते में डाली जाएगी राशि



जनगणना के लिए स्कूलों में अब 50% तक शिक्षक हो सकेंगे रिलीव, जानिए यह फैसला किन शहरों पर होगा लागू?



पंचायत-निकाय चुनाव टालने पर हाई कोर्ट की फटकार, कहा-सरकार की मंशा ठीक नहीं



Tags:
  • मेट गाला
  • मेट गाला 2026
  • गौरवी कुमारी
  • पद्मनाभ सिंह
  • महारानी गायत्री देवी