छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट की फटकार; छात्रा के स्टिंग से खुला राज, कोर्ट ने शासन को कटघरे में खड़ा कर मांगा जवाब

Umeshwari Baghel | Apr 29, 2026, 23:03 IST
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बिलासपुर हाईकोर्ट ने बारहवीं परीक्षा में खुलेआम नकल के मामले में संज्ञान लिया और मुख्य सचिव से जवाब मांगा। छात्रा नीता ने नकल का भंडाफोड़ करने के लिए मोबाइल से स्टिंग किया और प्रशासन को सबूत दिए।

NEWS IN SHORT

  • बिलासपुर हाईकोर्ट ने परीक्षा में नकल पर लिया संज्ञान
  • मुख्य सचिव से जवाब तलब, अगली सुनवाई 4 मई को
  • नकल के खिलाफ आवाज उठाने पर छात्रा को मिली धमकी
  • नीता ने मोबाइल से स्टिंग कर किया नकल का भंडाफोड़
  • परीक्षा केंद्र में खुलेआम नकल, प्रशासन का ढीला रवैया

NEWS IN DETAIL

Bilaspur : छत्तीसगढ़ :बारहवीं परीक्षा (board exam) में खुलेआम नकल के मामले में बिलासपुर हाईकोर्ट ने खुद संज्ञान लिया है। चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा की डिवीजन बेंच ने राज्य शासन के मुख्य सचिव को नोटिस जारी कर पूछा है



कि आखिर यह गड़बड़ी स्कूलों में कैसे हो रही है और नकल पर अंकुश क्यों नहीं लगाया जा रहा। इस मामले की अगली सुनवाई 4 मई को तय की गई है।



नकल के खिलाफ छात्रा ने उठाई आवाज

महासमुंद जिले के भंवरपुर परीक्षा केंद्र पर खुलेआम नकल की जा रही थी, जिसका विरोध करते हुए एक छात्रा ने मोबाइल से इस पूरे मामले का स्टिंग किया और सबूतों के साथ शिकायत दर्ज कराई।



छात्रा नीता ने बताया कि जब उसने इस नकल के खिलाफ आवाज उठाई और केंद्राध्यक्ष से शिकायत की, तो उसे धमकियां दी गईं और यह भी कहा गया कि इस बारे में किसी से बात न करे।



नीता को इस मामले की जानकारी स्कूल के प्राचार्य को दी, लेकिन उन्हें भी सहयोग नहीं मिला और उल्टा फटकार का सामना करना पड़ा। नकल के खिलाफ आवाज उठाने के कारण नीता मानसिक तनाव में आ गई और बीमार भी हो गई।



नकल का भंडाफोड़

इस पूरे मामले में जब जिला स्तर पर कोई सुनवाई नहीं हुई, तो छात्रा ने माध्यमिक शिक्षा मंडल में शिकायत की। जांच में यह खुलासा हुआ कि शिक्षक ही नकल करा रहे थे



और प्रशासन इस पर कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा था। नीता के सबूतों को लेकर जांच की बात की गई, लेकिन सवाल उठता है कि नकल पर रोक क्यों नहीं लगाई जा रही है?



क्या होगा आगे?

यह मामला न केवल शिक्षा प्रणाली की सुरक्षा पर सवाल खड़ा करता है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि प्रशासन द्वारा समय पर कार्रवाई



न होने से विद्यार्थियों की मेहनत का क्या हाल हो सकता है। अब बिलासपुर हाईकोर्ट के फैसले का इंतजार है, जो यह तय करेगा कि इस पर क्या कदम उठाए जाएंगे।



महत्वपूर्ण तथ्य

बिलासपुर हाईकोर्ट ने बारहवीं परीक्षा में नकल पर लिया संज्ञान – कोर्ट ने मुख्य सचिव से जवाब मांगा है कि इस तरह की गड़बड़ी स्कूलों में कैसे हो रही है।



नीता ने मोबाइल से स्टिंग किया – छात्रा नीता ने खुलेआम नकल का भंडाफोड़ किया और सबूतों के साथ शिकायत दर्ज कराई।



नकल के खिलाफ आवाज उठाने पर धमकियां मिलीं – छात्रा को नकल के खिलाफ बोलने पर परीक्षा केंद्र से धमकियां दी गईं और उसे चुप रहने की चेतावनी दी गई।



परीक्षा केंद्र में शिक्षक ही करा रहे थे नकल – महासमुंद जिले के भंवरपुर परीक्षा केंद्र पर शिक्षक खुद नकल करा रहे थे, जिससे परीक्षा की निष्पक्षता पर सवाल उठते हैं।



अगली सुनवाई 4 मई को तय – इस मामले में हाईकोर्ट ने अगली सुनवाई की तारीख 4 मई तय की है।



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