जनगणना 2027: रायपुर में नौ सुविधाओं का कलेक्ट होगा डाटा
समझें क्या है पूरा मामला
जनगणना 2027 की तैयारियां अब शुरू हो गई हैं। रायपुर जिले में एक से 31 अगस्त तक सर्वे होगा। इस बार केवल आबादी की गिनती नहीं की जाएगी। सर्वे में स्वास्थ्य और शिक्षा समेत 9 सेक्शन शामिल हैं। प्रशासन ने इसके लिए 400 लोगों की टीम बनाई है।
एक अगस्त से शुरू होगा सर्वे
रायपुर जिले में विशेष सर्वे की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। यह सर्वे एक अगस्त से 31 अगस्त तक चलेगा। एक महीने के भीतर पूरा डाटा जुटाया जाएगा। इस बार का सर्वे काफी अलग होने वाला है। सिर्फ लोगों की गिनती इसमें नहीं होगी। लोगों से जुड़ी मूलभूत सुविधाओं की जानकारी ली जाएगी। सर्वे की जिम्मेदारी अधिकारियों को दे दी गई है। इसके लिए 400 लोगों की टीम मैदान में उतरेगी। पूरी टीम को खास ट्रेनिंग दी गई है।
नौ जरूरी सेक्शन का होगा सर्वे
प्रशासन ने सर्वे के लिए नौ मुख्य बिंदु चुने हैं। इनमें शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाएं सबसे ऊपर हैं। स्कूल और अस्पतालों की स्थिति देखी जाएगी। पानी और बिजली की व्यवस्था का डाटा भी जुटेगा। सड़कों और परिवहन सुविधाओं की जानकारी ली जाएगी। इंटरनेट और मोबाइल नेटवर्क की भी जांच होगी। डाकघर और बैंक जैसी वित्तीय सेवाएं इसमें शामिल हैं। राशन दुकानों की स्थिति भी दर्ज की जाएगी। आंगनबाड़ी और सरकारी दफ्तरों का डाटा भी लिया जाएगा।
विकास की बनेगी नई रणनीति
यह डाटा केवल कागजी कार्रवाई के लिए नहीं है। इसके आधार पर नई योजनाएं तैयार की जाएंगी। किस इलाके में क्या कमी है, यह पता चलेगा।गांव या शहर में कहां स्कूल की जरूरत है? कहां नया अस्पताल बनना चाहिए? इन सब सवालों के जवाब इस आंकड़े से मिलेंगे। सड़क और पानी की कमी वाले इलाके पहचाने जाएंगे। जहां सुविधाएं हैं, उनकी स्थिति भी सुधारी जाएगी। जिम्मेदार अधिकारी हर एक बिंदु की जांच करेंगे।
ग्राउंड पर तैनात होगी 400 कर्मियों की टीम
गांवों में पंचायत सचिव (Panchayat Secretary) को जिम्मेदारी मिली है। कई जगह पटवारी (Patwari) डाटा जुटाने का काम करेंगे। शहरों में मुख्य नगरपालिका अधिकारी (CMO – Chief Municipal Officer) जिम्मा संभालेंगे। नगर निगम आयुक्त (Municipal Commissioner) भी मॉनिटरिंग करेंगे। हर गांव और शहर से 1-1 व्यक्ति चुना गया है। टीम के सदस्य सीधे अस्पतालों और संस्थानों में जाएंगे। वे मौके पर जाकर सटीक जानकारी दर्ज करेंगे। पूरी प्रक्रिया की सख्त निगरानी की जाएगी।
कर्मचारियों की ट्रेनिंग पूरी
कलेक्ट्रेट में सभी कर्मचारियों को ट्रेनिंग दी गई है। उन्हें फॉर्म भरने की पूरी विधि समझाई गई है। डाटा एंट्री के तरीके भी सिखाए गए हैं। फील्ड में काम करते समय बरतने वाली सावधानियां बताई गईं। आंकड़ों के संकलन और सत्यापन का तरीका भी समझाया गया। हस्तपुस्तिका भी तैयार कराई गई है। गलत जानकारी देने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। अधूरी जानकारी देने वाले कर्मचारियों पर भी एक्शन होगा। प्रशासन किसी तरह की लापरवाही नहीं चाहता।
FAQ
- रायपुर में विशेष जनगणना सर्वे कब से कब तक चलेगा?
उत्तर: रायपुर जिले में यह विशेष सर्वे 1 अगस्त से 31 अगस्त तक चलेगा। इसे एक महीने के भीतर पूरा करने का लक्ष्य है। - जनगणना सर्वे के लिए किस तरह की टीम बनाई गई है?
उत्तर: सर्वे के लिए 400 अधिकारियों और कर्मचारियों की टीम बनाई गई है। इसमें पंचायत सचिव, पटवारी से लेकर सीएमओ और कमिश्नर तक शामिल हैं।
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