17 जुलाई तक ACB की हिरासत में रामगोपाल अग्रवाल, ACB को मिली 8 दिन की रिमांड
छत्तीसगढ़ की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कोषाध्यक्ष और नान के पूर्व अध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल को कोल लेवी मामले में गिरफ्तार करने के बाद ACB-EOW ने विशेष न्यायाधीश सुमित कपूर की अदालत में पेश किया। जांच एजेंसी ने 8 दिन की रिमांड मांगी, जिसे कोर्ट ने मंजूर कर लिया। अब रामगोपाल अग्रवाल 17 जुलाई तक ACB-EOW की हिरासत में रहेंगे। माना जा रहा है कि इस दौरान कई हाई-प्रोफाइल मामलों की परतें खुल सकती हैं।
बेटे की पूछताछ... फिर पिता पहुंचे
रामगोपाल अग्रवाल के सामने आने की कहानी भी बेहद दिलचस्प रही। एक दिन पहले जांच एजेंसी ने उनके बेटे वैभव अग्रवाल से लंबी पूछताछ की थी। वित्तीय लेन-देन और दस्तावेजों को लेकर कई सवाल किए गए। इसके अगले ही दिन रामगोपाल खुद EOW कार्यालय पहुंचे। वहां पहुंचते ही एजेंसी ने उन्हें हिरासत में ले लिया। करीब तीन साल से वे जांच एजेंसियों की पहुंच से बाहर बताए जा रहे थे।
रिमांड में खुलेंगे पुराने राज
ACB-EOW अब आमने-सामने बैठाकर रामगोपाल अग्रवाल से पूछताछ करेगी। जांच एजेंसी की कोशिश कोल लेवी नेटवर्क, कथित वित्तीय लेन-देन और फैसलों की पूरी कड़ी जोड़ने की है। माना जा रहा है कि रिमांड के दौरान कई ऐसे सवाल पूछे जाएंगे, जिनके जवाब जांच एजेंसियां लंबे समय से तलाश रही थीं। यही वजह है कि इस रिमांड को जांच का सबसे अहम चरण माना जा रहा है।
127 करोड़ के कस्टम मिलिंग केस पर भी नजर
रामगोपाल अग्रवाल का नाम कथित 127 करोड़ रुपए के कस्टम मिलिंग प्रोत्साहन घोटाले में भी सामने आया है। EOW के मुताबिक वर्ष 2015 से 2023 के बीच नियमों के विपरीत प्रोत्साहन राशि बढ़ाकर चुनिंदा राइस मिलर्स को फायदा पहुंचाया गया। जांच एजेंसी इस मामले में भी उनसे पूछताछ कर सकती है। हालांकि इन आरोपों की न्यायिक पुष्टि अभी नहीं हुई है और जांच जारी है।
शराब घोटाले की भी जुड़ेंगी कड़ियां?
रामगोपाल अग्रवाल का नाम कथित शराब घोटाले की जांच में भी सामने आता रहा है। जांच एजेंसियों का मानना है कि अलग-अलग मामलों के बीच वित्तीय और प्रशासनिक कड़ियां हो सकती हैं। यही वजह है कि अब पूछताछ सिर्फ एक केस तक सीमित नहीं रहने वाली। कई मामलों के दस्तावेज और रिकॉर्ड सामने रखकर सवाल किए जाने की तैयारी है।
अब पूरे प्रदेश की नजर ACB पर
रामगोपाल अग्रवाल की गिरफ्तारी और 8 दिन की रिमांड ने प्रदेश की राजनीति में हलचल बढ़ा दी है। अब 17 जुलाई तक होने वाली पूछताछ पर सबकी नजर टिकी है। क्या कोल लेवी, शराब घोटाला और कस्टम मिलिंग मामले में नए नाम सामने आएंगे? क्या जांच को नए सबूत मिलेंगे? इन सवालों के जवाब आने वाले दिनों में ACB-EOW की जांच से सामने आ सकते हैं। वहीं, सभी आरोप फिलहाल जांच के अधीन हैं और अंतिम निष्कर्ष न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही तय होंगे।
FAQ
- रामगोपाल अग्रवाल को कब तक हिरासत में रखा जाएगा?
उत्तर: कोर्ट ने उन्हें 8 दिन की रिमांड पर भेजा है। वे अब 17 जुलाई तक ACB-EOW की हिरासत में रहेंगे। - रामगोपाल अग्रवाल पर और कौन से घोटालों का आरोप है?
उत्तर: कोल लेवी के अलावा उनका नाम शराब घोटाले और 127 करोड़ के कस्टम मिलिंग प्रोत्साहन घोटाले में भी सामने आया है। ये सभी मामले फिलहाल जांच के अधीन हैं। - रामगोपाल अग्रवाल खुद एजेंसी के सामने कैसे पहुंचे?
उत्तर: उनके बेटे वैभव से पूछताछ के अगले दिन रामगोपाल खुद EOW कार्यालय पहुंचे। वहां उन्हें तुरंत हिरासत में ले लिया गया।
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